बीजेपी सांसद रवि किशन का बड़ा दावा, यूपी में 2027 में 2017 से बड़ी जीत दर्ज करेगी भाजपा

खबर सार :-

गोरखपुर से बीजेपी सांसद रवि किशन ने यूपी विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर बड़ा दावा किया है। रवि किशन ने कहा कि 2027 में भाजपा यूपी में 2017 से बड़ी जीत दर्ज कर सत्ता पर काबिज होगी। जनता का पूरा समर्थन बीजेपी के साथ है।
बीजेपी को जनता का पूरा समर्थन, 2017 से बड़ी जीत दर्ज करेगी भाजपा

खबर विस्तार : -

गोरखपुर: यूपी में विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर राजनीतिक दलों में जुबानी जंग तेज हो गई है। सभी राजनीतिक दल अपनी—अपनी जीत के दावे कर रहे हैं। यूपी में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले परिणामों को लेकर बयानबाजी तेज हो गई है। गोरखपुर से भाजपा सांसद रवि किशन ने वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव परिणाम को लेकर बड़ा दावा किया है। उनका दावा है कि 2027 विधानसभा चुनाव में बीजेपी 2017 से भी बड़ी जीत हासिल करेगी। भगवान भोलेनाथ की कृपा से और जनता के समर्थन से भारतीय जनता पार्टी को प्रचंड जीत मिलेगी। गोरखपुर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान बीजेपी सांसद ने कहा कि वह जनता के बीच रहते हैं इसलिए जनता की आवाज बखूबी समझते हैं। यूपी में डबल इंजन की सरकार बहन-बेटियों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए काम कर रही है। जनता का भरोसा बीजेपी के साथ है और वह अखिलेश यादव के बहकावे में नहीं आने वाली है। 

बीजेपी को पहली पसंद मानते हैं शिक्षक

23 अक्टूबर को होने वाले विधान परिषद चुनाव को लेकर रवि किशन ने दावा किया कि सभी 11 सीटों पर पार्टी उम्मीदवार विजय हासिल करेंगे। शिक्षकों की पहली पसंद होने के नाते बीजेपी प्रत्याशियों को जीत मिलेगी। सांसद ने सपा पर निशाना साधा और कहा कि समाजवादी पार्टी का संबंध हथियारों से रहा है। मुझे कभी नहीं सुनने को मिला कि सपा का शिक्षा से कोई संबंध रहा है। सपा विधान परिषद चुनाव में हिस्सेदारी कर रही है। मगर, मुझे पूरा भरोसा है कि 23 अक्टूबर के मतदान में शिक्षक बीजेपी को ही समर्थन देंगे। कांग्रेस और सपा की चुनावी रणनीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि इन दोनों दलों को सभी विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े करना चाहिए। हालांकि, मेरा दावा है कि इन दोनों पार्टियों के प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो जाएगी। 

सपा—कांग्रेस बताएं, क्या है उनका चुनावी रोडमैप

रवि किशन ने कांग्रेस और सपा से सवाल किया कि दोनों दल बताएं कि उनका चुनावी रोडमैप क्या है। दोनों दलों ने यूपी के विकास के लिए क्या कदम उठाए हैं। इन दोनों दलों को यह बताना चाहिए कि वर्ष 2017 से पहले यूपी में जब इनकी सत्ता थी, तब उत्तर प्रदेश की स्थिति खस्ताहाल क्यों थी। उस दौरान यूपी देश के पिछड़े राज्यों में क्यों गिना जाता था। वर्ष 2017 से पहले यूपी के खजाने की जमकर लूटपाट की गई। अब 2027 का चुनाव जैसे—जैसे करीब आ रहा है तो कांग्रेस और सपा को जनता को अपने कार्यकाल का हिसाब देना चाहिए। साथ ही जनता को यह भी बताना चाहिए कि वह किन कामों की बदौलत वोट मांग रहे हैं। 

2017 से पहले यूपी में माफिया राज और बदहाली

बीजेनी सांसद ने सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी के शासनकाल में यूपी में माफिया गतिविधियां, प्रदेश की बदहाली और आर्थिक संकट रहा। सपा सांसद ने यूपी से लोगों के पलायन और फैक्ट्रियों के बंद होने का मामला उठाते हुए सवाल किया कि समाजवादी पार्टी अब किस आधार पर जनता से वोट मांगेगी। रवि किशन ने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक राजनीतिक दल को चुनाव लड़ने का अधिकार है, लेकिन राजनीतिक दल जनता के समक्ष खुद के काम और उपलब्धियों के आधार पर ही वोट मांगने जा सकते हैं।

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