असम में फिर शुरू हुई खाद्य सब्सिडी योजना, 100 रुपए में मिलेगी सस्ती दाल और चीनी, 70 लाख लोग होंगे लाभान्वित
खबर सार :-
असम की हिमंत बिस्वा सरमा सरकार ने खाद्य सब्सिडी योजना फिर से शुरू की है। योजना में असम सरकार पात्र लाभार्थियों को 100 रुपए में दाल और चीनी उपलब्ध कराती है। योजना से 70 लाख लोग लाभान्वित होंगे। यह योजना विधानसभा चुनावों से पहले शुरू की गई थी।
खबर विस्तार : -
गुवाहाटी: असम सरकार सब्सिडी वाली खाद्य योजना फिर से शुरू करने जा रही है। असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने सोमवार को सब्सिडी वाली खाद्य योजना को फिर से शुरू करने की घोषणा की। खाद्य सब्सिडी योजना के तहत राज्य सरकार पात्र लाभार्थियों को दाल और चीनी 100 रुपए में उपलब्ध कराएगी। इस योजना का लाभ राज्य के करीब 70 लाख लोगों को मिलेगा। सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने नगांव जिले के राहा से इस योजना को दोबारा शुरू किया। राज्य के बजट से जुड़ी प्रक्रिया में देरी के चलते यह योजना बीते तीन महीने से बंद थी।
विधानसभा चुनावों से पहले शुरू की गई थी खाद्य सब्सिडी योजना
यह योजना विधानसभा चुनावों से पहले शुरू की गई थी। इसके तहत लोगों को चीनी, दाल और नमक रियायती दरों पर देने का प्रावधान था। हालांकि, मुख्यमंत्री ने बताया कि कुछ तकनीकी कारणों से फिलहाल नमक का वितरण शुरू नहीं हो पाया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि नमक की आपूर्ति भी जल्द शुरू कर दी जाएगी। सरमा ने कहा, "हम कुछ ही दिनों में नमक देना भी शुरू कर देंगे। सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि सरकार अपनी प्रतिबद्धता के तहत पात्र लोगों को आवश्यक खाद्य सामग्री सस्ती दरों पर उपलब्ध कराने के लिए दाल और चीनी की आपूर्ति फिर से शुरू कर रही है।
ये भी पढ़ें-लखनऊ में 11 जनवरी से 28 जनवरी तक होंगी अग्निवीर भर्तियां, पांच और जिलों में हो रही हैं व्यापक तैयारियां
असम-अरुणाचल प्रदेश के बीच सीमा विवाद सुलझाने की कोशिश
सरकार की यह पहल ऐसे समय में राहत देने वाली मानी जा रही है, जब जरूरी खाद्य वस्तुओं की बढ़ती कीमतें आम लोगों के लिए चिंता का विषय बनी हुई हैं। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच चल रहे सीमा विवाद पर भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि दोनों राज्यों के वरिष्ठ अधिकारी बातचीत के जरिए इस मुद्दे को सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि दोनों राज्यों के मुख्य सचिव सीमा संबंधी मामलों पर चर्चा कर रहे हैं। इसके अलावा, दोनों राज्यों के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) भी स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं।
किसी भी परिस्थिति में नहीं सौंपी जाएगी असम की भूमि
सरमा ने साफ कहा कि असम अपने क्षेत्रीय हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और राज्य की जमीन से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा, "असम की भूमि किसी भी परिस्थिति में नहीं सौंपी जाएगी। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा बलों की अतिरिक्त तैनाती की गई है, ताकि शांति बनाए रखी जा सके और किसी भी तरह के तनाव को रोका जा सके। गौरतलब है कि असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच सीमा विवाद लंबे समय से एक संवेदनशील मुद्दा रहा है, जिसे सुलझाने के लिए दोनों राज्य लगातार बातचीत का सहारा ले रहे हैं।
अन्य प्रमुख खबरें
-
बिहार के समस्तीपुर में छेड़छाड़, बेटियों की सुरक्षा को लेकर घिरी सरकार
2026-09-24
-
मुख्य चुनाव आयुक्त पर विपक्ष के शब्दबाण, निशाने पर गृहमंत्री भी
2026-09-24
-
राहुल गांधी का चुनाव आयोग पर हमला, बोले- मेरे पास पर्याप्त सबूत
2026-09-24
-
सीएम भूपेंद्र पटेल ने किया 584 करोड़ रुपए की परियोजनाओं का लोकार्पण
2026-09-24
-
BJP में बढ़ी महिला नेताओं की जिम्मेदारी, अब आरक्षण की जरूरत पूरी
2026-09-23
-
बोलीं ममता बनर्जी, BJP हमेशा सत्ता में नहीं रहेगी, CEC के काले कारनामे उजागर
2026-09-23
-
बिहार कैबिनेट ने 24 महत्वपूर्ण एजेंडों पर लगाई मुहर
2026-09-23
-
BJP ने स्मृति ईरानी को सौंपी छत्तीसगढ़-हरियाणा की जिम्मेदारी
2026-09-23
-
धारापुरम विधानसभा उपचुनाव टीवीके के लिए बनीं बड़ी चुनावी परीक्षा
2026-09-23
-
New Delhi : देश के लिए बड़ी चुनौती है नशा: Amit Shah
2026-09-22
-
विजयवर्गीय ने अपने बयान पर दी सफाई, कहा-कांग्रेस के नेताओं ने अलग तरीके से पेश किया
2026-09-22
-
यूपी, उत्तराखंड और पश्चिम बंगाल में राज्यसभा चुनाव का ऐलान
2026-09-22
-
Meerut : अब भारत के पास अपनी पहचान है : CM Yogi
2026-09-21
-
Jammu & Kashmir: पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी ने उठाया ओपन मेरिट का मुद्दा
2026-09-21
-
महाराष्ट्र में सूखे मेवे पर सियासत तेज, उद्धव गुट ने सरकार को घेरा
2026-09-21