कलेसर से निकला हाथी हाईवे पर पहुंचा, गांव में दिखा तेंदुआ
खबर सार :-
यमुनानगर जिले में कलेसर राष्ट्रीय उद्यान से निकलकर एक जंगली हाथी के राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहुंचने और अलग.अलग गांवों में तेंदुए की मौजूदगी से लोगों में दहशत का माहौल है। बुधवार शाम हाथी करीब 20 मिनट तक जगाधरी पांवटा राष्ट्रीय राजमार्ग पर खड़ा रहा, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
खबर विस्तार : -
यमुनानगर। यमुनानगर जिले में कलेसर राष्ट्रीय उद्यान से निकलकर एक जंगली हाथी के राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहुंचने और अलग.अलग गांवों में तेंदुए की मौजूदगी से लोगों में दहशत का माहौल है। बुधवार शाम हाथी करीब 20 मिनट तक जगाधरी पांवटा राष्ट्रीय राजमार्ग पर खड़ा रहा, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। वहीं रामपुर खादर और खदरी क्षेत्र में तेंदुए की गतिविधियों ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है।
वन विभाग के अनुसार, हाथी लालढांग ढलान के आगे सूकरो नदी क्षेत्र के समीप हाईवे पर आ गया था। उसके सड़क पर आने से यातायात कुछ समय के लिए प्रभावित रहा। कई लोगों ने उसका वीडियो बनाया, जबकि कुछ वाहन चालकों ने हॉर्न और हेडलाइट के जरिए उसे हटाने का प्रयास किया। हाथी कुछ देर बाद स्वयं जंगल की ओर लौट गया। इधर रामपुर खादर में एक तेंदुआ खेत में बने ट्यूबवेल के कमरे की छत पर दिखाई दिया, जिसका ग्रामीणों ने वीडियो बनाया। इसके बाद खदरी गांव में पशुपालक महक सिंह के बाड़े में घुसकर तेंदुए ने एक बछड़े का शिकार कर दिया।
लंबे समय से तेंदुओं की आवाजाही देखी जा रही
अगले दिन खेतों से उसके अवशेष बरामद हुए। ग्रामीणों का कहना है कि ताजेवाला, मांडेवाला, देवधर, नत्थनपुर, बेलगढ़ए रामपुर खादर, जयरामपुर खदरी और आसपास के क्षेत्रों में लंबे समय से तेंदुओं की आवाजाही देखी जा रही है, जिससे खेतों में काम करने वाले किसानों और पशुपालकों में भय का वातावरण है। उन्होंने वन विभाग से प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने और तेंदुओं को सुरक्षित रूप से जंगल में स्थानांतरित करने की मांग की है। वन्य प्राणी विभाग के निरीक्षक राजवीर ने बताया कि कलेसर क्षेत्र में इन दिनों करीब छह जंगली हाथियों की गतिविधियां दर्ज की गई हैं। विभाग हाथियों और तेंदुए की लगातार निगरानी कर रहा है
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