1500 रुपये के विवाद में यात्री की पीट-पीटकर हत्या, पकड़े गए ईको चालक ने खोला राज

खबर सार :-

एक ईको चालक ने किराए के लेनदेन में हुई कहासुनी पर युवक पर हमला बोल दिया और उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने उसको दो अन्य लोगों के साथ गिरफ्तार कर लिया है।
1500 रुपये के लिए विवाद, ईको चालक ने यात्री की पीट-पीटकर हत्या की

खबर विस्तार : -

नई दिल्ली: पश्चिमी जिले के नारायणा विहार में सड़क किनारे नग्न अवस्था में एक युवक की लाश मिली। जानकारी मिलने पर पहुंची पुलिस ने हत्या की गुत्थी सुलझाने की मशक्कत की ओर 500 सीसीटीवी खंगालने के बाद आरोपी को ढूंढ़ लाई। इस हत्या के मामले में ईको चालक समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। 

बता दें कि हत्या मामले की पुलिस ने जांच की तो सामने आया कि गुरुग्राम के इफको चौक से इको चालक एक यात्री को लेकर आ रहा था। यात्री की चालक से करीब 1000 से 1500 रुपये किराये को लेकर विवाद हो गया था। अभी तक जांच में जो तथय सामने आए हैं, उनके अनुसार विवाद बढने पर चालक ने ईंट और मिट्टी के घड़े जैसी वस्तु से यात्री के सिर पर हमला कर दिया। इससे वह घायल होकर गिर गया और उसकी मौत हो गई।

बाएं हाथ पर ‘आनंद’ और ‘रेनू’ लिखा था

सके बाद पकड़े जाने के डर से चालक ने शव की पहचान छिपाने के लिए उसके कपड़े और जूते हटा दिए। यह मामला 17 अगस्त का है। इस वारदात के संबंध में नारायणा थाना पुलिस को सी-52, सी ब्लॉक, नारायणा विहार में सेवा भारती एनजीओ की दीवार के पास फुटपाथ पर एक युवक का शव पड़े होने की सूचना मिली थी। यह जानकारी पाते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस का कहना है कि करीब 30-35 वर्षीय युवक नग्न हालत में वहां पड़ा था। उसके शरीर से बहे खून से वह लथपथ था। युवक के सिर के दाहिने हिस्से एवं शरीर पर कई गहरे चोट के निशान थे।

करीब 500 सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए

सके बाएं हाथ पर तीर का निशान था। उस निशान के पास दिल जैसा टैटू बना था। इस टैटू पर ‘आनंद’ और ‘रेनू’ लिखा हुआ था। जिस स्थान पर वह मिला था, वहां पर खून, ईंटें और मिट्टी के घड़े जैसी वस्तु के टुकड़े मिले थे। इस वारदात की गुत्थी सुलझाने के लिए क्राइम टीम और एफएसएल ने घटनास्थल का मुआयना किया। घायल को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन वह मर चुका था। बाद में नारायणा थाने में पुलिस ने हत्या के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया। एक पुलिस अधिकारी ने इस मामले पर बताया कि यह मामला पूरी तरह से ब्लाइंड हो गया था। इसमें मृतक की पहचान नहीं होने के कारण पुलिस को ज्यादा दिक्कत उठानी पड़ी।

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लिस के सामने भी चुनौती थी। उसने आसपास के रास्तों और घटनास्थल तक लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। इस जगह से कुछ दूर के क्षेत्रफल में करीब 500 सीसीटीवी फुटेज का खंगाले गए। इनमें एक संदिग्ध मारुति ईको घटनास्थल के आसपास हुई दिखाई पड़ी। यह पहले तो साफ नंबरों पर नहीं दिखी, लेकिन पुलिस ने लगातार अलग-अलग कैमरों की फुटेज जोड़ी, जिसमें ईको के आने और जाने का रूट तैयार किया।

यात्री किराया देने से इनकार करने लगा था

इस प्रक्रिया के बाद उस वाहन की पहचान हुई, जो घटनास्थल के पास दिखी। बाद में पुलिस ने वाहन मालिक राजिंदर कुमार उर्फ अन्नू (59) निवासी नारायणा को पकड़ा और इनसे पूछताछ की। इन्होंने बताया कि वह चालक का काम करता है। घटना से पर्दा उठाते हुए उसने बताया कि गुरुग्राम के इफको चौक से यात्री को ईको में बैठाया था। कुछ दूर चलकर रास्ते में किराये को लेकर उससे विवाद हुआ। चालक ने बताया कि यात्री किराया देने से इनकार करने लगा था। इस पर चालक की यात्री से मारपीट हो गई। इस पर उसने ईंट के साथ घड़े जैसी वस्तु से हमला कर दिया।

तीनों गिरफ्तार, मृतक के कपड़े बरामद 

इस मामले पर पुलिस का कहना है कि वारदात के बाद राजिंदर ने अपनी पत्नी कामिनी मखीजा (50) और बेटे लक्ष मखीजा (28) को घटनास्थल पर बुला लिया। जब वह आए तो तीनों ने मिलकर मृतक के कपड़े और जूते छिपा दिया। उसे लगा था कि यह हटाकर उसकी पहचान छिपा देगा और पुलिस की पकड़ से बच जाएगा। तीनों को गिरफ्तार कर पुलिस ने निशानदेही पर मृतक के कपड़े और जूते बरामद किए गए।

कामिनी की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल ईको बरामद की गई। पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपित को एफआईआर दर्ज होने के करीब चार घंटे में ही पकड़ लिया गया। अब तक मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस उसके टैटू और अन्य विवरण के आधार पर पहचान कराने की कोशिश कर रही हैै। वारदात के संबंध में तीनों आरोपितों से पूछताछ भी की गई।

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