नमो घाट पर PM मोदी ने देखा वायुसेना का पराक्रम, तेजस-राफेल ने आसमान में दिखाए हैरतअंगेज करतब

खबर सार :-

PM Modi Varanasi Visit: भारतीय वायु सेना की 94वीं वर्षगांठ के मौके पर, वाराणसी के नमो घाट पर तीन दिवसीय भव्य 'विंग्स ओवर गंगा' एयर शो की शुरुआत हुई। इस ऐतिहासिक आयोजन के दौरान, राफेल और तेजस जैसे आधुनिक लड़ाकू विमानों ने अपनी ताकत का प्रदर्शन किया।
नमो घाट पर PM मोदी ने देखा वायुसेना का पराक्रम, तेजस-राफेल ने दिखाए करतब

खबर विस्तार : -

PM Modi Varanasi Visit: वाराणसी में रविवार को गंगा के ऊपर भारतीय वायु सेना के लड़ाकू विमानों की गूंज और उनके हैरतअंगेज करतबों ने लोगों को रोमांचित कर दिया। तेजस-राफेल और सुखोई की गर्जना वाराणसी के पड़ोसी जिले चंदौली और मिर्जापुर तक सुनाई दी। इस भव्य कार्यक्रम में तेजस, रफेल, सुखोई, सूर्य किरण और चिनूक जैसे करीब 100 लड़ाकू विमानों, परिवहन विमानों तथा हेलीकॉप्टरों ने हिस्सा लिया।

काशी में वायुसेना का शक्ति प्रदर्शन

भारतीय वायु सेना की 94वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में काशी के नमो घाट पर आयोजित 'विंग्स ओवर गंगा' एयर शो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राफेल-तेजस, सुखोई और अन्य विमानों का प्रदर्शन देखा। इस कार्यक्रम में पीएम मोदी के साथ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ भी मौजूद थे।  विमानों की गर्जना से गूंजते आसमान में जब सूर्यकिरण टीम ने रंगीन धुएं से तिरंगे की आकृति उकेरी, तो घाटों पर मौजूद दर्शकों का उत्साह देखते ही बन रहा था। लड़ाकू विमानों की गर्जना और आसमान में तिरंगे के रंगों की छटा ने सबका ध्यान खींचा। 

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नमो घाट पर एयर शो का मुख्य उद्देश्य देश की सैन्य ताकत का प्रदर्शन करना है, साथ ही युवाओं को विमानन, विज्ञान और देश सेवा के क्षेत्रों में प्रेरित करना भी है। कड़ी सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्थाओं के बीच, इस रोमांचक नजारे को देखने के लिए लाखों दर्शक मौजूद थे। घाट की सीढ़ियों से लेकर नदी के दूसरे किनारे तक दर्शकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। लड़ाकू विमानों के हैरतअंगेज करतब देखकर लोगों ने दांतों तले उंगलियां दबाने मजबूर हो गए। एयर शो के गवाह बने युवाओं और बच्चों ने इसकी जमकर तारीफ की।

इन विमानों ने आसमान में दिखाए करतब

इस भव्य कार्यक्रम में कुल 100 विमान और हेलीकॉप्टर हिस्सा लिया, जिनमें 52 लड़ाकू विमान, 32 हेलीकॉप्टर, 15 परिवहन विमान और एक विंटेज (पुराना) विमान शामिल हैं। जबकि राफेल, सुखोई-30 MKI, मिग-29 और स्वदेशी तकनीक से बने तेजस विमान अपनी क्षमताओं का जोरदार प्रदर्शन किया। खास बात यह है कि विमानों के अलग-अलग फॉर्मेशन को काशी की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जुड़े नाम दिए गए हैं जो काशी, विश्वनाथ, केदार और गंगा जैसे नामों से प्रेरित हैं।

पीएम मोदी ने की वायुसेना के शौर्य की तारीफ

प्रधानमंत्री मोदी ने बहुत दिलचस्पी के साथ इन हवाई करतबों को देखा और भारतीय सशस्त्र बलों तथा वायु सेना के शौर्य की सराहना की। प्रधानमंत्री के साथ मौजूद अन्य लोगों ने भी इस हवाई प्रदर्शन की तारीफ की। इन प्रदर्शनों ने भारतीय वायु सेना की परिचालन क्षमताओं, पायलटों के असाधारण कौशल और विमानों के बीच बेहतरीन तालमेल को दर्शाया। गंगा नदी के ऊपर किए गए तेज करतब, अत्यधिक गति और सटीक नियंत्रण वाली उड़ानों ने इस एयर शो को सचमुच एक यादगार कार्यक्रम बना दिया। 

पीएम मोदी ने काशी को दी बड़ी सौगात

एयर शो में शामिल होने से पहले, प्रधानमंत्री मोदी ने मिर्जामुराद इलाके के खोचवां में अरविंद लिमिटेड की एक नई टेक्सटाइल यूनिट का उद्घाटन किया। इसके बाद, वे पुलिस लाइंस से नमो घाट तक सड़क मार्ग से पहुंचे। लगभग सात किलोमीटर लंबे रास्ते में, कई जगहों पर लोगों ने उनका स्वागत किया। ढोल-नगाड़ों की आवाज, देशभक्ति के गीतों और 'हर हर महादेव' के उद्घोष के बीच, प्रधानमंत्री के काफिले पर फूलों की बारिश की गई। कई जगहों पर, प्रधानमंत्री अपनी गाड़ी से बाहर निकले और वहां मौजूद भीड़ का हाथ हिलाकर अभिवादन किया।

काशी में सुरक्षा के कड़े इंतजाम

इस कार्यक्रम को देखते हुए, पुलिस और प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। मुख्य रास्तों पर ट्रैफिक पाबंदियां लगाई गईं और रूट डायवर्ट किए गए। राजघाट पुल के बंद होने से गंगा के दूसरी ओर आने-जाने वाले लोगों को कुछ परेशानी का सामना करना पड़ा। काशी में आयोजित एयर शो ने गंगा घाटों पर देशभक्ति का माहौल भर दिया।

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