परवल के पौधों को मचान पर दें जगह
खबर सार :-
वैसे तो यह जानकारी किसानों के लिए है, लेकिन यदि आपने भी परवल के पौधे लगा रखे हैं तो थोड़ी सावधानी बरतने की जरूरत है।
खबर विस्तार : -
लखनऊ, इसलिए किसान वैज्ञानिकों की सलाह है कि इनको लकड़ी या रस्सी के सहारे मचान पर चढ़ा कर रखें। यदि आपने परवल के पौधे नहीं लगाए हैं और खाने के शौकीन हैं तो इनकी रोपाई अभी कर सकते है। उत्तर प्रदेश में जहां पर समतल भूभाग है, वहां जुलाई से अक्टूबर तक तथा सितंबर से अक्टूबर तक परवल की रोपाई का समय माना जाता है।
परवल है अच्छा दाम देने वाली फसल
परवल की पौध के लिए तीन तरीके होते हैं। इनके माध्यम से यह लगाए जाते हैं। इनको लताओं के जरिए जड़ों की कलम के द्वारा एवं परवल के बीज भी उगाए जाते हैं। यह बाजारों में पूरे साल दिखाई पड़ता है, लेकिन इससे किसान के उत्पादन या उनकी कमाई पर फर्क नहीं पड़ता है। परवल अच्छा दाम देने वाली फसल है, इसलिए इसे किसानों को उगाना चाहिए। यह जानकारी रखना जरूरी है कि इनमें मादा पौधे ही फल देते हैं, नर पौधे की जरूरत बहुत कम होती है। इसलिए पौधे की उपज रखने वाले किसानों से ही इनकी खरीद करना चाहिए। यदि पहले से परवल की लताएं हैं तो उनको जमीन पर गिरने से बचाएं। बारिश के दिनों में खेतों में पानी होने से इनको नुकसान पहुंच सकता है।
दूसरा तरीका है मचान बनाने का
कुछ किसान पौधों के पास पुआल बिछा देते हैं, यह परवल के पौधे इन पर ही फैलने लगते हैं। इससे नमी उचित स्तर में रहती है। पौधे भी बने रहते हैं। दूसरा तरीका मचान बनाने का है। 6 से 7 फीट की लताएं बांधकर उनमें इनको फैला दिया जाता है। बक्शि का ताल स्थित कृषि वैज्ञानिक डॉक्टर सत्येंद्र सिंह कहते हैं कि मई.जून महीने में परवल के लिए तैयारी शुरू की जाती है। इसके लिए खेत को कम से कम तीन बार जोतना चाहिए। किसानों को गोबर की खाद ज्यादा मात्रा में डालना चाहिए। देसी तरीके से ही इसकी खेती हो तो ज्यादा उत्पादन होता है।
10 मादा पौधों में एक नर पौधा होना चाहिए
सबसे ज्यादा जरूरी है की फसल के विकास के लिए नर और मादा पौधे को पहचानना आवश्यक होता है। क्योंकि 10 मादा पौधों में एक नर पौधा होना चाहिए। पोषक तत्वों से भरपूर होने के कारण इसकी बिक्री भी आसान है। यद्यपि यह दूर तक बिकने वाली फसल है, लेकिन स्थानीय बाजारों में भी इसकी अच्छी खपत है। यह घर की सब्जी में, इसके अलावा शादी समारोह में भी ज्यादा पसंद किया जाता है। परवल पाचन तंत्र में भी अच्छा होता है। शुगर के मरीजों के लिए भी यह फायदेमंद होता है। परवल की कई किस्में होती हैं। जानकारी के आधार पर ही इनके बीज या पौधों की खरीद करना चाहिए। सही जलवायु मिट्टी की देखभाल सफल कृषि व्यवसाय बना सकती है।
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