30 जिंदगियों पर भारी पड़ा कचरा, बारिश में ढहा ढेर, बचाव में लगीं हाईटेक मशीनें
खबर सार :-
किसी की जिंदगी पर कब कौन सी आफत आ जाए? यह कोई नहीं जानता है। गिनी की राजधानी कोनाक्री में 30 लोगों की मौतें कुछ ऐसा ही सवाल कर रही हैं।
खबर विस्तार : -
नई दल्लिी : दरअसल, यहां देश की केंद्रीय सरकार ने मीडिया को जानकारी दी है की कोनाक्री में कचरा डंपिंग पॉइंट है। यह बहुत बड़े क्षेत्रफल में फैला हुआ है। रविवार की रात यहां पर भारी बारिश हुई और कचरा का ढेर अचानक खिसकने लगा। यहीं पास में ही कई परिवारों के लोग झोपड़ियों में रह रहे थे। इस घटना के संबंध में बांग्लादेश की एक समाचार एजेंसी ने रिपोर्ट प्रकाशित की है।
इसमें लिखा गया है कि गिनी की राजधानी में कचरा का बहुत बड़ा पहाड़ था। रविवार की तड़के यह अचानक ढह गया। समाचार एजेंसी के अनुसार, अधिकारियों ने बताया है कि रात करीब 2ः00 बजे यहां हादसा हुआ। इस दौरान जोर से बारिश हो रही थी और एक बहुत बड़ा लैंड फिल दार एस सलाम में जमा कचरे का ढेर भूस्खलन होने से ढह गया।
यह है सबसे बड़ा कचरा निस्तारण केंद्र
भूस्खलन जैसी स्थिति में बारिश के बीच लोगों की आवाज भी दूर तक नहीं जा सकी। इससे बचाव अभियान को वहां तक पहुंचने में कुछ समय भी लगा। इसके नीचे कई झोपड़ियां दब चुकी थी। लगातार बारिश होने के कारण यह समस्या और बढ़ती चली गई। जानकारी मिलने के बाद राहत और बचाव अभियान के प्रयास शुरू किए गए। कई लोगों के दबे होने की जानकारी पर वहां पर मशीनों को भेजा गया।
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मौके से रात में ही कई लोगों को घायल हालत में निकाला गया। स्वास्थय विभाग की टीम ने इलाज का प्रयास भी वहीं से शुरू कर दिया था। यह खुला कचरा डंप शहर का सबसे बड़ा कचरा निस्तारण स्थल है। सैन्य इंजीनियर बटालियन के स्वच्छता अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल वाल्डे मामादौ बाइलो के अनुसार, इस डंपिंग स्थल को रविवार को ही बंद किए जाने की योजना बनाई गई थी। अधिकारियों के अनुसार, इस स्थल पर रह रहे कई परिवारों को पहले से ही नोटिस मिल चुकी थी कि वह जगह को खाली कर दें।
नोटिस के बाद भी रह रहे थे कई परिवार
नोटिस मिलने के बाद कई परिवारों के लोग वहां से चले भी गए थे। हादसा होने के दौरान भी काफी लोग यहां रह रहे थे। समाचार एजेंसी के अनुसार, घटनास्थल पर कई विभागों की टीम पहुंची हुई है। यहां पर स्थानीय सरकार में एक मंत्री ने एजेंसी को बताया कि वह तय करेंगे कि जो परिवार वहां रह रहे थे, उनको दूसरी स्थान पर सुरक्षित पहुंचा दिया जाए।
सोना, हीरा, लोहा और बाक्साइड है भरपूर
बता दें कि गिनी खनिज पदार्थों के लिए एक बहुत सशक्त साली देश है । यहां पर दुनिया के कई दुर्लभ भंडार पाए जाते हैं। बॉक्साइट दुनिया का महत्वपूर्ण खनिज है और यह गिनी में ही ज्यादा मात्रा में मिलता है। लौह अयस्क, सोना, हीरा आदि भी यहां के प्रमुख खनिजों में हैं।
43.7 प्रतिशत आबादी गरीबी रेखा के नीचे
कुछ समय पहले विश्व बैंक ने एक रिपोर्ट जारी की थी, इसमें कहा था कि देश की 43.7 प्रतिशत आबादी राष्ट्रीय गरीबी रेखा के नीचे जीवन बिता रही है। यह समस्या गंभीर है, क्योंकि इतनी महत्वपूर्ण और कीमती खनिज होने के बाद भी यहां के लोग ज्यादा मात्रा में गरीबी की रेखा के नीचे हैं। सवाल यह है कि जिस जगह पर कचरा डंपिंग के लिए लगाया जा रहा था, वहां बड़ी संख्या में लोगों के रहने की इजाजत क्यों दी गई? यदि उनके पास आर्थिक क्षमता नहीं थी तो सरकार ने उनकी पहले से व्यवस्था क्यों नहीं की?
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