चक्रवात ‘मुरासु’ से आंध्र प्रदेश को 343.95 करोड़ के नुकसान का अनुमान, सीएम चंद्रबाबू नायडू ने दी जानकारी

खबर सार :-

PM नरेंद्र मोदी ने सीएम चंद्रबाबू नायडू को फोन कर आंध्र प्रदेश में चक्रवात ‘अर्नब’ और ‘मुरासु’ से नुकसान का जायजा लिया। पीएम ने राज्य सरकार के प्रभावी राहत कार्यों की सराहना की।
पीएम मोदी ने सीएम नायडू को किया फोन, चक्रवातों के नुकसान का लिया जायजा

खबर विस्तार : -

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू से फोन पर बात की और चक्रवात 'अर्नब' तथा 'मुरासु' के असर के बारे में जानकारी ली। एक ही हफ्ते में राज्य में दो चक्रवात आने के बाद, प्रधानमंत्री ने प्रभावित इलाकों के हालात का अपडेट लिया। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, मुख्यमंत्री नायडू ने प्रधानमंत्री को दोनों चक्रवातों के असर और प्रभावित क्षेत्रों में हुए नुकसान के बारे में विस्तार से बताया।

मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को बताया कि भारी बारिश और तेज हवाओं के कारण किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। उन्होंने यह भी बताया कि सड़क और बिजली के बुनियादी ढांचे सहित कई क्षेत्रों में व्यापक नुकसान हुआ है और केंद्र सरकार से राज्य को उचित सहायता देने का अनुरोध किया। प्रधानमंत्री मोदी ने राज्य सरकार के प्रभावी राहत कार्यों की सराहना की और मुख्यमंत्री नायडू की सतर्कता तथा चक्रवातों से पैदा हुई चुनौतियों को सफलतापूर्वक संभालने के लिए उनकी तारीफ की।

सीएम ने अमित शाह को दी नुकसान की जानकारी

इससे पहले, मुख्यमंत्री नायडू ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर राज्य को सहायता देने का आग्रह किया था, जो चक्रवातों से हुए भारी नुकसान से जूझ रहा है। मुख्यमंत्री ने कई जिलों में फसलों और संपत्ति के बड़े पैमाने पर विनाश, लोगों को हो रही परेशानियों और राज्य सरकार द्वारा किए जा रहे राहत कार्यों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने तत्काल आवश्यक वित्तीय सहायता जारी करने का अनुरोध किया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी मंगलवार को मुख्यमंत्री नायडू को फोन करके चक्रवात 'मुरासु' के असर, नुकसान के दायरे और चल रहे राहत कार्यों के बारे में जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री को राज्य के मौजूदा हालात के बारे में बताया। उसी दिन अमित शाह के साथ हुई अपनी दो बातचीत के दौरान, मुख्यमंत्री ने लगातार आए चक्रवातों से हुए कुल नुकसान का ब्योरा दिया। उन्होंने बताया कि राज्य अभी चक्रवात 'अर्नब' के असर से पूरी तरह उबर भी नहीं पाया था कि चक्रवात 'मुरासु' के आने से हालात और बिगड़ गए।

ये भी पढ़ेंः- Cyclone Murasu: अर्नब के बाद अब चक्रवात 'मुरासु' मचाएगा तबाही !

343.95 करोड़ रुपये के नुकसान का अनुमान

मुख्यमंत्री ने केंद्रीय गृह मंत्री को बताया कि चक्रवात 'मुरासु' के कारण राज्य के आठ सरकारी विभागों में शुरुआती अनुमान के मुताबिक 343.95 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि इस नुकसान का लगभग 94 प्रतिशत हिस्सा कृषि क्षेत्र में हुआ है। सात जिलों के 465 गांवों में 50,473 हेक्टेयर क्षेत्र में लगी फसलें बर्बाद हो गई हैं, जिससे 69,828 किसान प्रभावित हुए हैं। इसमें से 45,900 हेक्टेयर क्षेत्र में धान की फसल थी। कृषि क्षेत्र को हुए शुरुआती नुकसान का कुल अनुमान 324.22 करोड़ रुपये है। मुख्यमंत्री ने कहा कि फसलों और बागवानी उपजों को सबसे ज्यादा नुकसान बापटला, कृष्णा और गुंटूर जिलों में हुआ है।

सीएम ने दी राहत कार्यों की जानकारी

उन्होंने बताया कि चक्रवात के असर को देखते हुए, राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (State Disaster Management Authority), रियल-टाइम गवर्नेंस सोसाइटी और आपातकालीन संचालन केंद्रों को हाई अलर्ट पर रखा गया था। प्रभावित क्षेत्रों में राहत और पुनर्वास कार्यों के लिए SDRF (राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल) की 11 टीमों और NDRF (राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल) की 13 टीमों को स्टैंडबाय पर रखा गया था। इसके अलावा, प्रभावित जिलों के 480 स्कूलों को राहत केंद्रों में बदल दिया गया है और 12,230 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया है।

ये भी पढ़ेंः- चक्रवात ‘अर्नब’ से प्रभावित किसानों की मदद करेगी सरकारः सीएम नायडू

अन्य प्रमुख खबरें