छात्रों को सड़कों पर प्रदर्शन करने के लिए उकसाया जा रहा ; संजय निषाद

खबर सार :-

उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री संजय निषाद ने अनंतनाग में हुए आतंकी हमले की निंदा की है। लखनऊ में संजय निषाद ने कई और मामलों पर अपनी राय दी है। उन्होंने पेपर लीक, प्रदर्शन, आंदोलन आदि पर सवाल किया है। उन्होंने कहा कि छात्र सरकार पर भरोसा रखें। मंत्री ने कहा कि देशभर के लोगों को एकजुट हो जाना चाहिए। देश की एकता से ही आतंकवाद को जड़ से समाप्त किया जा सकता है।
छात्रों को सड़कों पर प्रदर्शन करने के लिए उकसाया जा रहा ; संजय निषाद

खबर विस्तार : -

लखनऊ ; प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की प्रषंसा करते हुए कहा कि आतंकवाद के खात्मे के लिए तीनों प्रतिबद्ध हैं। आगे उन्होंने कहा कि आतंकवाद की जड़ें अभी भी फैली हुई हैं। यह उन स्थानों तक हैं, जहां लोगों के मन में नफरत भरती हैं। कट्टरपंथ और हिंसा की ओर प्रेरित करने में भी इसकी भूमिका रहती है। ऐसी विचारधारा फैलाने वाले सभी केंद्रों पर प्रतिबंध लगना चाहिए। यह तय किया जाना चाहिए कि केवल संविधान और वैज्ञानिक सोच के अनुरूप ही शिक्षा मिल सके।

भारत का संविधान उच्चकोटि का 

भारत के संविधान को उच्चकोटि का बताते हुए कहा कि संविधान सर्वोपरि होना चाहिए। किसी भी प्रकार की कट्टरपंथी शिक्षा या हिंसा का समर्थन या सहयोग देने वाली गतिविधियों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। इसके लिए कडे कानून बनाए जाने चाहिए। विपक्ष से सहयोग की अपील करते हुए उन्होंने कहा कि आतंकवाद किसी एक वर्ग का नहीं बल्कि पूरे देश की गंभीर समस्या है। छात्रों के विरोध-प्रदर्शन और पेपर लीक के मुद्दे को एक ही प्रकरण बताते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने स्पष्ट कर दिया है कि मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट-ट्रैक व्यवस्था की जाएगी। सरकार की कोषिष है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। 

युवाओं को कर रहे गुमराह 

परीक्षाओं का समय निर्धारित होना चाहिए, ताकि छात्रों का समय बर्बाद न हो। उन्होंने छात्रों के आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि कुछ संगठनों का रवैया आपत्तिजनक है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग युवाओं को मोहरा बना कर उनको गुमराह कर रहे हैं। आरोप लगाते हुए कहा कि पढ़ाई छोड़कर सड़कों पर उतरने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। उन्होंने सुझाव दिया कि छात्रों का मुख्य उद्देश्य शिक्षा प्राप्त करना और अपना भविष्य बनाना है। बाकी सारी जिम्मेदारी सरकार पर छोड दें। विपक्ष पर निषाना साधते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी की ओर से नेपाल जैसे आंदोलन की संभावना जताई जा रही है। 

भारत को कमजोर करने की कोशिश 

भाजपा नेताओं को देश छोड़कर भागने की इच्छा रखने वाली सपा को संजय निषाद ने घेरते हुए कहा कि ऐसे लोगों के संबंध विदेशी ताकतों से हैं। भरोसा दिलाते हुए कहा कि समय आने पर यह सामने आएगा कि किन लोगों को विदेशों से समर्थन और आर्थिक सहायता मिलती रही है। विदेशी शक्तियां भारत को कमजोर करने की कोशिशें पहले भी करती रही हैं और आज भी उनका प्रयास जारी है।

सड़कों पर हंगामा लोकतांत्रिक नहीं

दिल्ली में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले छात्रों के खिलाफ कोई एफआईआर दर्ज नहीं होगी, केंद्र सरकार पहले ही ऐसा कह चुकी है। संजय निषाद ने कहा कि जेपी नड्डा इस संबंध में छात्रों से मिलकर आश्वासन दे चुके हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वीडियो संदेश का भी उन्होंने समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि विपक्ष को संसद के भीतर सरकार का साथ देते हुए कड़े कानून बनाने के लिए सहयोग करना चाहिए। सड़कों पर हंगामा लोकतांत्रिक तरीका नहीं है। उन्होंने कहा कि सोनम वांगचुक द्वारा भूख हड़ताल समाप्त करने का निर्णय उचित है। 

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