पेपर लीक पर सरकार की विपक्ष को खुली चुनौती, समय और तारीख तय करें...रिजिजू के बयान से गरमाई सियासत

खबर सार :-

Kiren Rijiju Speech Parliament: केंद्र सरकार ने कहा है कि वह NEET पेपर लीक पर चर्चा के लिए तैयार है। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि हम चर्चा को तैयार है विपक्ष से समय और तारीख तय करें। जबकि विपक्ष धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहा है।
पेपर लीक पर सरकार की विपक्ष को खुली चुनौती, समय और तारीख तय करें...रिजिजू के बयान से गरमाई सियासत

खबर विस्तार : -

Kiren Rijiju Speech Parliament: संसद के मानसून सत्र में NEET और अन्य परीक्षाओं के पेपर लीक के मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने हैं। मानसून सत्र के चौथे दिन गुरुवार को पेपर लीक (neet paper leak) और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर संसद में जबरदस्त हंगामा देखने को मिला। विपक्ष की मांग मानते हुए सरकार नीट पेपर लीक पर चर्चा के लिए तैयार हो गई। हालांकि, विपक्ष धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की अपनी मांग पर अड़ा रहा। वहीं लगातार हो रहे हंगामे के बीच केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने विपक्ष को खुली चुनौती दी। उन्होंने कहा कि सरकार किसी भी तरह की चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है और विपक्ष से समय और तारीख तय करने को कहा।

सरकार पेपर लीक पर चर्चा को तैयार-रिजिजू

सदन में बोलते हुए संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू (Kiren Rijiju) ने कहा, "पिछले तीन दिनों से हम कह रहे हैं कि सरकार NEET पेपर लीक के मुद्दे पर चर्चा करने के लिए पूरी तरह तैयार है। पहले दिन से ही हमारा यही कहना रहा है कि चर्चा नियमों के मुताबिक होनी चाहिए। चर्चा कब होगी, कितनी देर चलेगी और किस नियम के तहत होगी, इन बातों पर सभी पार्टियों के फ्लोर लीडर्स से सलाह-मशविरा करके फैसला लिया जाना चाहिए। सरकार NEET पेपर लीक के मुद्दे पर चर्चा करने के लिए तैयार है। देश के युवाओं के भविष्य को लेकर सार्थक चर्चा होनी चाहिए सरकार यही चाहती है।

छात्रों के उज्ज्वल भविष्य के लिए चर्चा जरूरी

रिजिजू ने बताया कि गुरुवार सुबह प्रधानमंत्री मोदी ने देश को संदेश दिया कि नीट पेपर लीक मामलों में दोषियों को सजा देने के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट स्थापित किए जाएंगे। पीएम मोदी ने आश्वासन दिया कि छात्रों के भविष्य के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं की जाएगी। छात्रों के उज्ज्वल भविष्य को सुनिश्चित करने के लिए चर्चा आवश्यक है। उन्होंने आगे कहा, "हम विपक्ष से विनम्र अनुरोध करते हैं कि कृपया तय करें कि चर्चा कब शुरू होनी चाहिए; हम तैयार हैं।" किरेन रिजिजू ने आरोप लगाया कि विपक्ष शर्तें रखकर बहाने बना रहा है। उन्होंने टिप्पणी की, "यदि आप (विपक्ष) बहाने बनाते हैं, तो यह स्पष्ट है कि आप चर्चा से बचना चाहते हैं।

भारत के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने कहा, "हम खुली चुनौती देते हैं कि आइए, संसद के पटल पर छात्रों और युवाओं से जुड़े हर विषय, नीट के मुद्दे और अन्य सभी मामलों पर चर्चा करें। भाजपा के सांसद हर विषय पर चर्चा के लिए तैयार हैं और एनडीए सरकार हर सवाल का जवाब देने के लिए तैयार है।"

रिजिजू के बयान पर गरमाई सियासत

इस बीच, किरेन रिजिजू के बयान के बाद राजनीतिक तनाव बढ़ गया है। लोकसभा में समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने सरकार पर तीखा हमला करते हुए छात्रों के साथ हुए बर्ताव को शर्मनाक बताया। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर छात्रों की शिकायतों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो वे सड़कों पर उतरेंगे। सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि विरोध कर रहे छात्रों के कपड़े फाड़े गए। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन के दौरान बेटियों के कपड़े फाड़े गए। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि शिक्षा देश से जुड़ा मुद्दा है, न कि किसी खास राजनीतिक पार्टी का।

वहीं कांग्रेस सांसद के.सी. वेणुगोपाल ने कहा, "हमारी मांग बिल्कुल साफ है: शिक्षा मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए।" उन्होंने बताया कि पिछले तीन दिनों से वे NEET पेपर लीक पर चर्चा और धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर स्थगन प्रस्ताव ला रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी मांगों को मानने से इनकार कर रही है।

वेणुगोपाल ने आगे कहा, "हम अपनी तीन मांगों -NEET पेपर लीक का समाधान, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा और छात्रों के खिलाफ दर्ज FIR को वापस लेना। अगर ये मांगे नहीं मानी गई तो अपना आंदोलन जारी रखेंगे। हमें पुलिस जैसी केंद्रीय एजेंसियों से ऐसे कठोर बर्ताव की उम्मीद रहती है, लेकिन हम इसका सामना करने में सक्षम हैं। हम छात्रों के लिए लड़ेंगे।" उन्होंने आगे कहा, "हमारे नेता डरने वाले नहीं हैं; वे खुद के लिए लड़ सकते हैं। अगर मोदी राहुल गांधी को खत्म करना चाहते हैं, तो कोशिश कर लें। मोदी ने कल पुलिस भेजी थी। क्या विपक्ष के नेता के साथ ऐसा बर्ताव किया जाता है?"

जंतर-मंतर पर प्रदर्शन जारी

गौरतलब है कि 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) और छात्र पिछले एक महीने से जंतर-मंतर पर NEET परीक्षा का पेपर लीक होने के खिलाफ और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर विरोध-प्रदर्शन (CJP Protest) कर रहे हैं। इस प्रदर्शन में अब विपक्षी पार्टियों भी कुद पड़ी है। विपक्षी दल केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर लगातार हंगामा कर रहा है। विपक्ष की मांग को देखते हुए सरकार नीट पेपर लीक पर चर्चा के लिए तैयार हो गई लेकिन विपक्ष धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़ा रहा।

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