BRICS Summit 2026: नई दिल्ली को संवारने में जुटी NDMC, 17 गोलचक्करों से लेकर 11 होटलों तक होगी खास रोशनी

खबर सार :-

BRICS Summit 2026 से पहले NDMC ने नई दिल्ली में तैयारियां तेज कीं। 17 गोलचक्करों, 11 होटलों और 10 भवनों पर सजावटी रोशनी के साथ सड़क, सफाई और ट्रैफिक व्यवस्था सुधारी जा रही है।
BRICS Summit 2026 से पहले नई दिल्ली में तैयारियां तेज

खबर विस्तार : -

नई दिल्ली: भारत मंडपम में 12 और 13 सितंबर 2026 को होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन से पहले राजधानी नई दिल्ली को अंतरराष्ट्रीय मेहमानों के स्वागत के लिए तैयार किया जा रहा है। नई दिल्ली नगर परिषद (एनडीएमसी) ने प्रमुख सड़कों, बाजारों, होटल क्षेत्रों और वीआईपी मार्गों पर स्वच्छता, सौंदर्यीकरण, रोशनी और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने का काम तेज कर दिया है। सम्मेलन के दौरान राजधानी की सड़कों को साफ-सुथरा, सुरक्षित और आकर्षक बनाए रखने के लिए कई स्तरों पर तैयारियां की जा रही हैं।

 एनडीएमसी के चेयरमैन मनोज द्विवेदी ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर ब्रिक्स इंडिया 2026 का लोगो और तैयारियों से जुड़ी तस्वीरें साझा कीं। एक पोस्ट में उन्होंने बताया कि राजधानी के विभिन्न स्थानों पर ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के स्वागत और स्मरण के लिए विशेष व्यवस्थाएं की जाएंगी। उन्होंने यह भी कहा कि एनडीएमसी के गोलचक्करों पर रोशनी और सौंदर्यीकरण का काम शुरू हो गया है।

सड़कों से फुटपाथ तक बदलेगा नई दिल्ली का रूप

एनडीएमसी की ओर से भी सोशल मीडिया पर तैयारियों की जानकारी साझा की गई। परिषद ने कहा कि ब्रिक्स शिखर सम्मेलन से पहले नई दिल्ली के प्रमुख क्षेत्रों को व्यापक सौंदर्यीकरण और सड़क सुधार कार्यों के जरिए नया और जीवंत रूप दिया जा रहा है। इसके तहत गड्ढामुक्त सड़कें, बेहतर फुटपाथ और स्पष्ट जेब्रा क्रॉसिंग तैयार करने के साथ थीम आधारित पेंटिंग, रोशन फव्वारे और उन्नत फुटपाथ विकसित किए जा रहे हैं। एनडीएमसी का उद्देश्य सार्वजनिक स्थानों को स्वच्छ, सुरक्षित और अंतरराष्ट्रीय मेहमानों के स्वागत के अनुकूल बनाना है।

 24 घंटे सक्रिय रहेगा कंट्रोल सेंटर

सम्मेलन से पहले सुरक्षा और नागरिक सुविधाओं की निगरानी के लिए पालिका केंद्र स्थित एनडीएमसी का इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर 5 से 14 सितंबर तक चौबीसों घंटे काम करेगा। इसके साथ ही यातायात की निगरानी और लोगों की शिकायतों से जुड़ी कॉल अटेंड करने के लिए अलग कंट्रोल रूम भी सक्रिय रहेगा। एनडीएमसी के उपाध्यक्ष कुलजीत चहल के मुताबिक, प्रत्येक तीन शिफ्ट में निदेशक या संयुक्त निदेशक स्तर के दो अधिकारी तैनात रहेंगे। इसके अलावा एनडीएमसी की 11 विंगों को रात्रि ड्यूटी की जिम्मेदारी दी गई है, ताकि सम्मेलन के दौरान किसी भी तरह की समस्या का तत्काल समाधान किया जा सके।

दिल्ली पुलिस और ट्रैफिक पुलिस से समन्वय

एनडीएमसी ने यह भी तय किया है कि संबंधित विभागों के प्रभारी अधिकारी जरूरत पड़ने पर कॉल अटेंड करने के लिए उपलब्ध रहेंगे। मुख्य सुरक्षा अधिकारी दिल्ली पुलिस और ट्रैफिक पुलिस के साथ लगातार समन्वय स्थापित करेंगे। इस व्यवस्था का उद्देश्य वीआईपी आवाजाही के दौरान यातायात को सुचारु बनाए रखना और किसी भी आपात स्थिति में संबंधित विभागों के बीच तेजी से तालमेल सुनिश्चित करना है। सम्मेलन से जुड़े प्रमुख मार्गों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।

पांच प्रमुख सड़कों पर धुंध का छिड़काव

धूल और प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए भी विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। एनडीएमसी की ओर से लोधी रोड, तिलक मार्ग, अफ्रीका एवेन्यू, शांतिपथ और जाकिर हुसैन रोड समेत पांच प्रमुख स्थानों पर विशेष रूप से धुंध यानी मिस्ट का छिड़काव किया जाएगा। इसका उद्देश्य सड़क किनारे उड़ने वाली धूल को नियंत्रित करने के साथ हवा की गुणवत्ता को बेहतर रखने में मदद करना है।

17 गोलचक्करों और 11 होटलों पर सजावटी रोशनी

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की तैयारियों के तहत नई दिल्ली के प्रमुख स्थानों को सजाने की व्यापक योजना बनाई गई है। एनडीएमसी के अनुसार, 17 प्रमुख गोलचक्करों, 11 होटलों और 10 एनडीएमसी भवनों पर सजावटी प्रकाश व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा 15 स्थानों पर फूलों के बोर्ड लगाए जाएंगे, जबकि नौ स्थानों पर फूलों के फव्वारे तैयार किए जाएंगे। प्रमुख सड़कों और महत्वपूर्ण चौराहों के किनारे 15 हजार से अधिक फूलों के गमले लगाए जाएंगे। इन व्यवस्थाओं के जरिए राजधानी के प्रमुख हिस्सों को सम्मेलन की थीम के अनुरूप आकर्षक बनाने की तैयारी है।

 वैश्विक मेहमानों के स्वागत की तैयारी

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में विभिन्न देशों के प्रतिनिधियों और वैश्विक स्तर के नेताओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए एनडीएमसी राजधानी के उस हिस्से को खास तौर पर तैयार कर रही है, जहां विदेशी प्रतिनिधिमंडलों की आवाजाही होगी। स्वच्छता, रोशनी, सड़क सुधार, हरियाली और यातायात प्रबंधन को एक साथ प्राथमिकता दी जा रही है। 12 और 13 सितंबर को होने वाले सम्मेलन से पहले एनडीएमसी की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच रही हैं। अब राजधानी के प्रमुख मार्गों और सार्वजनिक स्थलों को अंतरराष्ट्रीय आयोजन के अनुरूप तैयार करने के साथ-साथ 24 घंटे निगरानी और त्वरित शिकायत निस्तारण की व्यवस्था पर भी जोर दिया जा रहा है।

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