तीन माह में सीबीएसई स्कूलों में दो हज़ार शिक्षकों की नियुक्ति होगीः सुक्खू

खबर सार :-

शिमला में मुख्यमंत्री ने सरकार की कई योजनाएं गिनाईं। इनमें कहा कि अस्पतालों में चिकित्सक और स्कूलों में शिक्षकों की कमी नहीं होने दी जाएगी। नई भर्तियां की जा रही हैं। यह प्रक्रिया जल्द ही पूरी कर ली जाएंगी।
अस्पतालों में एम्स जैसी व्यवस्था दे रही सरकार: सुक्खू

खबर विस्तार : -

शिमला, हिमाचल प्रदेश की सरकार ने सभी सरकारी सीबीएसई स्कूलों में अगले तीन माह के भीतर दो हज़ार और शिक्षकों की नियुक्ति करने का फैसला किया है। यह निर्णय मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की ओर से लिया गया है। इस संबंध में शनिवार को सोलन जिले के अर्की में एक घोषणा की गई है। इसके अंतर्गत राज्य स्तरीय सायर मेले के समापन समारोह में जानकारी दी गई कि 150 स्कूलों में शिक्षकों की कमी दूर कर दी जाएगी। 

प्रदेश में 150 सीबीएसई स्कूल शुरू किए गए हैं। इनमें शिक्षकों का चयन योग्यता के आधार पर किया जा रहा है। सरकार का दावा है कि चयन प्रक्रिया पारदर्शी होेगी। इनमें किसी तरह की सिफारिश नहीं चलने वाली है। जो स्कूल चलाए जा रहे हैं, इनमें 5 शिक्षक पहले से हैं। अब सरकार इनमें और शिक्षक देने जा रही है। खुद मुख्यमंत्री ने कहा है कि प्रत्येक सीबीएसई स्कूल में पहले ही पांच से आठ शिक्षकों की नियुक्ति की जा चुकी है। कुछ पद खाली पड़े रह गए, इनको जल्द भरने की दिशा में काम चल रहा है।  

मेडिकल कॉलेजों में 15 से 19 वर्ष पुराने हैं उपकरण

निजी स्कूलों में फीस काफी ज्यादा है। इसलिए सरकार ने सरकारी स्कूलों में भी इसी स्तर की सुविधाएं देने का निर्णय किया है। यह कम खर्च में उपलब्ध करवाने के लिए सरकारी स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। सीएम ने कहा कि सरकार शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में व्यापक सुधार कर रही है।

अस्पतालों का जिक्र करते हुए कहा कि मेडिकल कॉलेजों में 15 से 19 वर्ष पुराने उपकरण हैं। इनको हटाकर एम्स नई दिल्ली की तर्ज पर आधुनिक मशीनरी से अस्पताल सुविधाजनक बनाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अच्छी सुविधाएं यहां के अस्पतालों को उपलब्ध करवाई गई हैं। कमजोर और लाचार जांच सुविधाओं को भी मजबूत किया जा रहा है। 

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228 और चिकित्सकों की भर्ती प्रक्रिया बढ़ाई जाएगी

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में चिकित्सकों की कमी दूर कर ली जाएगी। नई भर्ती की जा रही है। उन्होंने बताया कि अर्की में विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं नहीं है, लेकिन यह जल्द ही उपलब्ध करवाई जाएंगी। बता दें कि राज्य सरकार ने हाल ही में 200 चिकित्सकों की भर्ती की है। जरूरत के अनुसार जल्द ही 228 और चिकित्सकों की भर्ती प्रक्रिया बढ़ाई जाएगी। सुक्खू ने कहा कि सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत कर रही है। किसानों से दूध के खरीद मूल्य में वृद्धि की गई है।

अदरक का न्यूनतम समर्थन मूल्य तय किया

 फसल और सब्जियों में अदरक को न्यूनतम समर्थन मूल्य व्यवस्था के अंतर्गत लाया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर शिक्षा मुहैया कराना है। स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ किसानों को सीधे आर्थिक लाभ देना सरकार की जिम्मेदारी है। 

उन्होंने बताया कि किशाऊ बहुद्देश्यीय परियोजना का समझौता पूर्व सरकार ने किया था। उनका दावा है कि यदि भाजपा की सरकार होती तो हिमाचल पर कई कारोड़ का अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ता। मुख्यमंत्री ने पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल में भ्रष्टाचार के आरोप भी लगाए। दावा किया कि बद्दी, बरोटीवाला में सैकड़ों बीघा भूमि कुछ पसंदीदा उद्योगपतियों को बिना पंजीकरण शुल्क के आवंटित की गई।

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