ब्रिक्स बैठक में डिजिटल ताकत पर मंथन, भारत की मेजबानी में टेक सहयोग को धार

खबर सार :-

भारत की मेजबानी में होने वाली 12वीं ब्रिक्स संचार मंत्रियों की बैठक डिजिटल सहयोग के नए रास्ते खोल सकती है। बैठक में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, साइबर सुरक्षा, उभरती तकनीक, डीपीआई और क्षमता निर्माण पर जोर रहेगा। भारत वैश्विक दक्षिण तक तकनीकी सहयोग पहुंचाने की दिशा में भी प्रयास करेगा। पिछले फैसलों को आगे बढ़ाते हुए ब्रिक्स देश सुरक्षित, समावेशी और टिकाऊ डिजिटल भविष्य की साझा रूपरेखा मजबूत कर सकते हैं।
ब्रिक्स बैठक में डिजिटल ताकत, टेक सहयोग को नई रफ्तार

खबर विस्तार : -

BRICS Communication Ministers Meeting: भारत शुक्रवार को 12वीं ब्रिक्स संचार मंत्रियों की बैठक की मेजबानी करेगा। भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता के तहत होने वाली इस बैठक में सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी), डिजिटल परिवर्तन, नवाचार और मजबूत डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में सदस्य देशों के बीच सहयोग बढ़ाने पर चर्चा होगी। बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया करेंगे। भारत ने अपनी ब्रिक्स अध्यक्षता के लिए ‘लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सतत विकास के निर्माण’ को थीम बनाया है। वहीं आईसीटी क्षेत्र के लिए ‘लचीले भविष्य के लिए नवाचार, सहयोग और परिवर्तन’ की थीम तय की गई है। सरकार के मुताबिक, इन प्राथमिकताओं का उद्देश्य समावेशी, सुरक्षित और टिकाऊ डिजिटल विकास को बढ़ावा देना है।

डिजिटल भविष्य की चुनौतियों पर होगी चर्चा

बैठक में ब्रिक्स देश उभरती प्रौद्योगिकियों, डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (डीपीआई), भविष्य की संचार प्रणालियों, साइबर सुरक्षा, क्षमता निर्माण और समावेशी डिजिटल कनेक्टिविटी जैसे अहम मुद्दों पर विचार-विमर्श करेंगे। इसके साथ ही डिजिटल परिवर्तन को तेज करने के लिए व्यावहारिक सहयोग बढ़ाने और सदस्य देशों के सफल अनुभव साझा करने पर भी जोर दिया जाएगा। भारत का मानना है कि डिजिटल तकनीक के क्षेत्र में ब्रिक्स देशों के बीच सहयोग का लाभ केवल सदस्य देशों तक सीमित नहीं रहना चाहिए। इसका विस्तार व्यापक वैश्विक दक्षिण तक किया जा सकता है। इसके जरिए विकासशील देशों को डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत करने, तकनीकी क्षमताएं बढ़ाने और डिजिटल सेवाओं की पहुंच बेहतर करने में मदद मिल सकती है।

मजबूत डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारत का जोर

भारत ने अपनी ब्रिक्स अध्यक्षता के दौरान आईसीटी सहयोग को प्रमुख प्राथमिकताओं में रखा है। इसके तहत मजबूत डिजिटल, भविष्य की नेटवर्क प्रौद्योगिकियों, साइबर सुरक्षा, डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना, नवाचार और क्षमता निर्माण जैसे क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। दूरसंचार विभाग ब्रिक्स सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी सहयोग कार्य समूह के तहत होने वाली चर्चाओं का नेतृत्व कर रहा है। इनमें प्रस्तावित ब्रिक्स क्षमता निर्माण केंद्रों की स्थापना और उभरती प्रौद्योगिकियों में सहयोग बढ़ाने जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे शामिल हैं। इन पहलों के जरिए सदस्य देशों के बीच तकनीकी ज्ञान और विशेषज्ञता के आदान-प्रदान को संस्थागत रूप देने की कोशिश की जा रही है।

पिछले फैसलों को आगे बढ़ाएगा भारत

यह बैठक वर्ष 2025 में ब्राजील की अध्यक्षता में आयोजित 11वीं ब्रिक्स संचार मंत्रियों की बैठक के फैसलों और सहयोग के क्षेत्रों को आगे बढ़ाएगी। पिछली बैठक में सदस्य देशों ने आईसीटी, डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना और वैश्विक डिजिटल प्रशासन के क्षेत्र में सहयोग जारी रखने की जरूरत पर सहमति जताई थी। भारत की मौजूदा पहल का फोकस इन चर्चाओं को आगे बढ़ाते हुए ज्यादा व्यावहारिक सहयोग विकसित करने पर है। तेजी से बदलती तकनीकी दुनिया में 5G, 6G, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, क्लाउड कंप्यूटिंग और साइबर सुरक्षा जैसी तकनीकों की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे में ब्रिक्स देशों के बीच साझा मानकों, क्षमता निर्माण और तकनीकी सहयोग पर जोर आने वाले समय में महत्वपूर्ण हो सकता है।

‘डिजिटल ब्रिक्स फोरम एक्सपो’ में दिखेगा तकनीकी दम

बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ‘डिजिटल ब्रिक्स फोरम एक्सपो’ का भी दौरा करेंगे। इस एक्सपो में ब्रिक्स देशों के लिए उपयोगी डिजिटल तकनीकों, नवाचारों और समाधानों का प्रदर्शन किया जाएगा। यह एक्सपो सदस्य देशों और अन्य हितधारकों को अपने डिजिटल समाधान और तकनीकी क्षमताएं प्रदर्शित करने का मंच देगा। साथ ही यहां ज्ञान साझा करने, संभावित साझेदारी तलाशने और भविष्य की तकनीकों में सहयोग के नए अवसर विकसित करने पर भी जोर रहेगा।  सरकार के अनुसार, 12वीं ब्रिक्स संचार मंत्रियों की बैठक भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। आईसीटी क्षेत्र में मजबूत सहयोग से सदस्य देश अधिक लचीला, समावेशी, सुरक्षित और टिकाऊ डिजिटल भविष्य तैयार कर सकते हैं। इसके साथ ही तेजी से बदलते वैश्विक डिजिटल परिदृश्य में विकासशील देशों की आवाज और भूमिका को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

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FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)...

1. 12वीं ब्रिक्स संचार मंत्रियों की बैठक की मेजबानी कौन कर रहा है?

भारत 12वीं ब्रिक्स संचार मंत्रियों की बैठक की मेजबानी कर रहा है।

2. बैठक में किन मुद्दों पर चर्चा होगी?

बैठक में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, साइबर सुरक्षा, डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर, उभरती तकनीकों और डिजिटल कनेक्टिविटी पर चर्चा होगी।

3. बैठक की अध्यक्षता कौन करेंगे?

केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया बैठक की अध्यक्षता करेंगे।

4. ‘डिजिटल ब्रिक्स फोरम एक्सपो’ क्या है?

यह एक प्रदर्शनी मंच है, जहां ब्रिक्स देशों के लिए उपयोगी डिजिटल तकनीकों, नवाचारों और तकनीकी समाधानों का प्रदर्शन किया जाएगा।

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