Share Market Today: महीने के अंतिम दिन शेयर बाजार की सुस्त शुरुआत, सेंसेक्स-निफ्टी में आई गिरावट
खबर सार :-
Share Market Today: भारतीय शेयर बाजार में 30 सितंबर यानी आज मिला-जुला रुख देखने को मिल रहा है और सेंसेक्स व निफ्टी में उतार-चढ़ाव हो रहा है। सेंसेक्स 87 अंक गिरकर 72,441 पर कारोबार कर रहा है, जबकि निफ्टी 22,665 पर ट्रेड कर रहा है। लार्ज-कैप शेयरों पर दबाव है, वहीं स्मॉल-कैप शेयरों में बढ़त देखी जा रही है।
खबर विस्तार : -
Share Market Today: भारतीय शेयर बाजार में गिरावट का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। सितंबर 2026 के आखिरी कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव और कमजोरी का रुख बना हुआ है। महीने के आखिरी ट्रेडिंग दिन, यानी 30 सितंबर को, ग्लोबल संकेतों के मिले-जुले असर के बीच भारतीय शेयर बाजार में हल्की गिरावट के साथ शुरुआत हुई। BSE सेंसेक्स 87.92 अंक गिरकर 72,441.15 पर आ गया, जबकि NSE निफ्टी 51.20 अंक नीचे 22,665 के स्तर पर खुला। हालांकि, मुख्य इंडेक्स में कमजोरी के बावजूद, स्मॉल-कैप और मिड-कैप शेयरों में जबरदस्त खरीदारी देखी गई। निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में क्रमशः 0.37% और 0.52% की बढ़त दर्ज की गई।
बाजार में भारी गिरावट क्यों ?
शेयर मार्केट के जानकारों की माने तो, सितंबर में निफ्टी में लगभग 5.67% की गिरावट के मुख्य कारणों में कच्चे तेल की ऊंची कीमतें, US बॉन्ड यील्ड में उछाल और विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) द्वारा भारी बिकवाली शामिल हैं। पिछले चार ट्रेडिंग सेशन में, FIIs ने भारतीय बाजार में ₹24,054 करोड़ के शेयर बेचे हैं। फिर भी, एनालिस्ट्स का मानना है कि लार्ज-कैप कंपनियों के वैल्यूएशन अब बहुत आकर्षक स्तर पर पहुंच गए हैं, जिससे यह गिरावट घरेलू निवेशकों के लिए खरीदारी का एक बेहतरीन मौका बन सकती है।
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स्मॉल-कैप और मिड-कैप सेगमेंट में ज्यादा खरीदारी
लार्ज-कैप की तुलना में स्मॉल-कैप और मिड-कैप सेगमेंट में खरीदारी ज्यादा देखी गई। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 219 अंक (0.37%) बढ़कर 59,585 पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 99 अंक (0.52%) की बढ़त के साथ 19,300 पर रहा। इंडेक्स में निफ्टी मीडिया, निफ्टी PSU बैंक, निफ्टी इंडिया डिफेंस, निफ्टी ऑयल एंड गैस, निफ्टी IT, निफ्टी एनर्जी, निफ्टी PSE, निफ्टी ऑटो, निफ्टी रियल्टी और निफ्टी FMCG बढ़त के साथ बंद हुए। निफ्टी मेटल, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज, निफ्टी हेल्थकेयर, निफ्टी सर्विसेज और निफ्टी फार्मा में गिरावट रही।
IT और टाटा स्टील सबसे ज्यादा बढ़त वाले शेयर
सेंसेक्स में TCS, इंडिगो, HCL टेक, टेक महिंद्रा, ICICI बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक, ट्रेंट, HUL, मारुति सुजुकी, अल्ट्राटेक सीमेंट, L&T, M&M, SBI, ITC और टाटा स्टील में बढ़त रही। HDFC बैंक, सन फार्मा, NTPC, टाइटन, बजाज फाइनेंस, एक्सिस बैंक, भारती एयरटेल और बजाज फिनसर्व में गिरावट रही।
ग्लोबल मार्केट में मिला-जुला कारोबार देखने को मिला। टोक्यो, शंघाई, बैंकॉक और ताइपेई हरे निशान में रहे, जबकि सियोल, बैंकॉक और हांगकांग लाल निशान में रहे। मंगलवार को अमेरिकी शेयर बाजार लाल निशान में बंद हुए; मुख्य डॉव जोन्स इंडेक्स 0.26 प्रतिशत गिरा और टेक्नोलॉजी-हैवी नैस्डैक इंडेक्स में 0.09 प्रतिशत की मामूली गिरावट देखने को मिली।
क्या कहते हैं जानकार
जानकारों का कहना है कि सितंबर में अब तक निफ्टी में 5.67 प्रतिशत की भारी गिरावट की मुख्य वजहें कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी हैं। पिछले कुछ दिनों में यह गिरावट और तेज हो गई क्योंकि FIIs ने बड़े पैमाने पर बिकवाली शुरू कर दी। FIIs ने पिछले चार कारोबारी दिनों में ₹24,054 करोड़ के शेयर बेचे, जो एक बड़ी बिकवाली है। 10-साल के अमेरिकी बॉन्ड यील्ड के 5.2 प्रतिशत के आसपास रहने को देखते हुए, FIIs की यह बिकवाली एक समझदारी भरा कदम है। उन्होंने आगे कहा कि भारतीय निवेशकों के नजरिए से, बाजार में आई यह भारी गिरावट एक मौका है। मजबूत ग्रोथ की संभावनाओं वाली लार्ज-कैप कंपनियों के वैल्यूएशन अब आकर्षक स्तर पर आ गए हैं।
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