LSG vs MI IPL 2025 : इंडियन प्रीमियर लीग (IPL 2025) में सीजन का 16वां मुकाबला शुक्रवार को लखनऊ के अटल बिहारी वाजपेयी एकाना क्रिकेट स्टेडियम में लखनऊ सुपरजाइंट्स (LSG) और मुंबई इंडियंस (MI) के बीच खेला जाएगा। यह मैच शाम 7.30 बजे से खेला जाएगा।
पॉइंट टेबल की लिस्ट में मुंबई इंडियंस एलएसजी से ऊपर है। एमआई छठे स्थान पर है, जबकि लखनऊ फ्रेंचाइजी सातवें स्थान पर है। दोनों टीमों के पास दो-दो अंक हैं। हालांकि, अगर दोनों टीमों के बीच पहले खेले गए मैचों की बात करें तो पांच बार की आईपीएल विजेता टीम मुंबई इंडियंस सुपरजाइंट्स के सामने खराब स्थिति में है।
आंकड़ों पर नजर डालें तो दोनों टीमों के बीच अब तक कुल 6 मैच खेले गए हैं। एलएसजी ने पांच और मुंबई इंडियंस ने सिर्फ एक मैच जीता है। पिछले तीन मैचों में भी एलएसजी ने एमआई के खिलाफ जीत दर्ज की है। जीत की इस लय को बरकरार रखने के इरादे से आज एलएसजी की टीम लखनऊ में मुंबई इंडियंस से भिड़ेगी। वहीं, मुंबई इंडियंस ने भी लगातार दो हार के बाद कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) के खिलाफ तीसरे मैच में जीत के साथ अपना खाता खोला है। टीम लखनऊ सुपरजाइंट्स के खिलाफ भी जीत की इस लय को बरकरार रखना चाहेगी।
लखनऊ सुपरजाइंट्स के पास मिशेल मार्श, एडेन मार्करम और निकोलस पूरन की शानदार तिकड़ी है। इन तीन विदेशी बल्लेबाजों में निकोलस पूरन ने अब तक एलएसजी के लिए सबसे ज्यादा चौके और छक्के लगाए हैं। पूरन टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा रन बनाकर ऑरेंज कैप की रेस में सबसे ऊपर हैं। मुंबई के खिलाफ भी एलएसजी को उनसे अच्छी पारी की उम्मीद है।
दूसरी ओर मुंबई इंडियंस के लिए हार्दिक पांड्या की वापसी हुई है। टीम ने कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ घरेलू मैदान पर जीत दर्ज की थी। टीम में रोहित शर्मा, रेयान रिकल्टन, सूर्यकुमार यादव जैसे बल्लेबाज हैं जो अपने दम पर मैच का रुख बदल सकते हैं।
अगर दोनों टीमों की गेंदबाजी की बात करें तो लखनऊ के पास मुंबई के सामने कम अनुभवी गेंदबाज हैं जो विरोधी टीमों के बल्लेबाजों पर ज्यादा दबाव नहीं डाल पाते हैं। वहीं, मुंबई को अश्विनी कुमार के रूप में उभरता सितारा मिला है, जिनकी गेंदबाजी ने वानखेड़े में कोलकाता के बल्लेबाजों को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया था।
अटल बिहारी वाजपेयी इकाना क्रिकेट स्टेडियम में अब तक कई रोमांचक मैच खेले गए हैं। इस पिच पर शुरुआती ओवरों में तेज गेंदबाजों को स्विंग और उछाल मिल सकता है, जिसके चलते बल्लेबाजों को संभलकर शुरुआत करनी होगी। हालांकि, सेट होने के बाद बल्लेबाज बड़े शॉट खेलने में सक्षम हो सकते हैं। बीच के ओवरों में स्पिनरों को मदद मिलनी शुरू हो जाती है, जिससे स्ट्राइक रोटेट करना जरूरी हो जाता है। अपेक्षाकृत धीमी पिच और बड़ी बाउंड्री के चलते यहां औसत स्कोर 150-170 के आसपास रहता है। अगर बल्लेबाज अच्छी लय में रहे तो हाई स्कोरिंग मैच भी देखने को मिल सकता है।