पाकिस्तान-अफगानिस्तान तनाव कम करने को तैयार चीन, बोला-टकराव से बचना सबसे जरूरी
खबर सार :-
चीन ने पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सुलह कराने की इच्छा जाहिर की है। चीनी विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने के लिए पाकिस्तान-अफगानिस्तान के बीच संवाद और संयम जरूरी है। मतभेदों को बातचीत और कूटनीतिक माध्यमों से सुलझाने के प्रयासों को आगे बढ़ाया जाएगा। क्षेत्रीय सुरक्षा व आर्थिक सहयोग के लिए पाकिस्तान-अफगानिस्तान संबंधों में स्थिरता अहम है।
खबर विस्तार : -
बीजिंग : चीन ने पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सुलह कराने की इच्छा जताई है। उसने कहा है, "तनाव को कम करने के लिए वो अपने प्रयास जारी रखने को तैयार है" और उसके मुताबिक फिलहाल सबसे जरूरी काम स्थिति को और अधिक बिगड़ने से रोकना है।
पाकिस्तान-अफगानिस्तान के बीच संवाद और संयम आवश्यक
चीनी विदेश मंत्रालय की ओर से कहा गया कि क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने के लिए पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच संवाद और संयम बेहद आवश्यक है। मंत्रालय ने जोर देकर कहा कि मौजूदा हालात में “सबसे तात्कालिक कार्य तनाव के और अधिक बढ़ने से बचना” है।
बीजिंग ने यह भी कहा कि वह दोनों पड़ोसी देशों के साथ संपर्क बनाए हुए है और मतभेदों को बातचीत और कूटनीतिक माध्यमों से सुलझाने के प्रयासों को आगे बढ़ाएगा। बीजिंग का मानना है कि क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक सहयोग के लिए पाकिस्तान-अफगानिस्तान संबंधों में स्थिरता बेहद अहम है।
क्षेत्र के हित में है विवादों को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाना
चीन ने दोनों देशों से संयम बरतने और किसी भी प्रकार के टकराव से बचने की अपील करते हुए कहा कि विवादों को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाना ही क्षेत्र के हित में है। इससे पहले भी चीन मध्यस्थता की बात कर चुका है। चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने शुक्रवार को अफगानिस्तान के विदेश मंत्री अमीर खान मुत्तकी से फोन पर बात की थी। बाद में एक बयान जारी कर बताया गया कि यी ने अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच के विवादों को सैन्य ताकत के बजाय बातचीत और परामर्श के जरिए सुलझाने पर जोर दिया है।
संयम बरतने, तत्काल युद्धविराम करने की अपील
बयान के अनुसार, वांग ने दोनों पक्षों से संयम बरतने, संवाद स्थापित करने, तत्काल युद्धविराम करने और मतभेदों को सुलझाने की अपील की। वांग यी ने कहा कि बल का और अधिक इस्तेमाल करने से स्थिति बहुत ज्यादा जटिल हो जाएगी और क्षेत्र में तनाव बढ़ेगा।
दोनों पक्षों के बीच चरम पर है तनाव
फरवरी 2026 से ही दोनों पड़ोसी देश एक दूसरे पर हवाई हमले कर रहे हैं। पाकिस्तान ने काबुल को आतंकी कैंपों को फलने-फूलने देने के लिए जिम्मेदार बताते हुए 22 फरवरी को एयर स्ट्राइक की। कथित तौर पर उसने आतंकी कैंपों और उनसे जुड़े बुनियादी ढांचों को निशाना बनाने का दावा किया। उनके इस हमले का अफगानिस्तान ने भी जवाब दिया। बॉर्डर पर पाक फौज और उसकी चौकियों को तबाह किया गया। इसके बाद से ही दोनों पक्षों के बीच तनाव चरम पर है।
अन्य प्रमुख खबरें
-
ईरान युद्ध के बीच अमेरिकी सेना सचिव डैन ड्रिस्कॉल ने दिया इस्तीफा
2026-09-01
-
नेपाल त्रासदी: परिजनों को देने से पहले शवों का होगा डीएनए-पोस्टमॉर्टम
2026-09-01
-
ट्रंप ने किया फेडरल रिजर्व के ब्याज में वृद्धि की संभावना का विरोध
2026-09-01
-
Iran US War: ईरान ने जॉर्डन से UAE तक अमेरिकी ठिकानों पर दागी मिसाइलें
2026-08-31
-
भारत-उज्बेकिस्तान यूरेनियम समझौता ऊर्जा सुरक्षा के लिए ऐतिहासिक: भाजपा
2026-08-31
-
उज्बेकिस्तान के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से सम्मानित हुए PM मोदी
2026-08-30
-
नेपाल त्रासदी ! मृतकों की संख्या 734 हुई, मलबे में जिंदगी की तलाश जारी
2026-08-30
-
PM मोदी ने उज्बेकिस्तान में लोगों को सिखाया योग, शेयर किया वीडियो
2026-08-30
-
नेपाल से लौटे नागपुर, 106 में से 4 टूरिस्ट का दर्द छलका, कहा, सरकार ने बचा लिया
2026-08-29
-
नेपाल बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़ी, 616 शव बरामद, सैकड़ों लापता
2026-08-29
-
Nepal Flood: भोटेकोशी में बढ़ा जलस्तर, त्रिशूली तट पर हाई अलर्ट जारी
2026-08-28
-
नेपाल में 21 भारतीयों को सुरक्षित निकाला गया, सभी तमिलनाडु के रहने वाले
2026-08-27
-
धू-धू कर जल रहे अल्जीरिया के जंगल, 12 लोगों की मौत
2026-08-27
-
नेपाल में राहत-बचाव कार्य तेज, 21 भारतीयों समेत 123 लोगों का रेस्क्यू
2026-08-27
-
Trump ने शुल्क घटाकर तीन लाख टन तक बढ़ाया Beef Import Quota
2026-08-27