महोबा में तीन बच्चों की पानी से भरे गड्ढे में डूबने से मौत, बस्ती में कोहराम

खबर सार :-

महोबा जिले के चरखारी में पानी से भरे गड्ढे में तीन बच्चों के डूबकर मरने की घटना दुखद है। यह बच्चे खेलते-खेलते गहरे पानी में चले गए थी। देर रात इनके शव मिले हैं।
महोबा घर में बच्चों से बेफिक्र रहे परिजन, गड्ढे में उतरा रहे थे शव

खबर विस्तार : -

महोबा: उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के चरखारी क्षेत्र में रविवार दोपहर पानी से भरे गड्ढे में बच्चे खेल रहे थे। इसी दौरान खेलते-खेलते वह गहरे पानी में चले गए, लेकिन रात तक इससे निकल नहीं पाए। तीनों पानी से भरे गहरे गड्ढे में समा गए। डूबने से इन तीनों की मौत हो गई। देर रात तीनों बच्चों के शव पानी से बाहर निकाले गए, तो चारों ओर कोहराम मच गया। पहले तो बच्चों के डूबने की जानकारी भी नहीें हुई। रात को जब जानकारी हुई तो पुलिस की सूचना दीी गई। पुलिस संबंधित मामले की जांच में जुट गई।

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 तीनों बच्चों को पानी से बाहर निकाला गया

चरखारी क्षेत्राधिकारी दीपक दुबे से इस संबंध में रविवार की देर रात जानकारी मिली कि थाना चरखारी क्षेत्र के रिवई गांव में एक बड़ी घटना हुई। इसमें तीन बच्चे प्रिंस (15) पुत्र मनोज अहिरवार, रोशनी (11) पुत्री जियालाल और अंशुल (10) पुत्र खलक अहिरवार की मौत हो गई। उनका  कहना था कि यह बच्चे नहाने के दौरान गहरे पानी में चले गए थे। इनकी डूबने के कारण मौत हो गई। इसकी जानकारी पाकर थाना पुलिस पहुंची और स्थानीय गोताखोरों को पानी में उतारा गया। उनकी मदद से तीनों बच्चों को पानी से बाहर निकाला गया।

सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में हुई मौत की पुष्टि

उन्हें उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र चरखारी भी ले जाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने उन्हे वहां मृत घोषित कर दिया गया। यह जानकारी परिजनों को हुई तो चीखें निकलने लगीं। परिवार वालों का कहना है कि तीनों बच्चे रविवार दोपहर खेल रहे थे। गांव के ही पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय मॉडल इंटर कॉलेज के पीछे एक गड्ढा है। इसमें भरे पानी में तीनों नहाने गए थे। वह अक्सर उसमें मछली पकड़ने भी जाया करते थे। रविवार को छुट्टी का दिन था, इसलिए ज्यादा किसी का ध्यान नहीं गया। लेकिन जब देर शाम तक वह तीनों घर नहीं लौटे तो परिजनों को डर सताने लगा। बच्चों के बारें में इधर उधर पूछा गया, लेकिन पता नहीं चला। बाद में किसी ने गड़्ढे की ओर ध्यान दौड़ाया तो वहां जाकर देखा गया। देर रात गांव गड्ढे में एक शव उतराता देखा, जिसकी सूचना पुलिस को दी गई।

 पुलिस ने ली स्थानीय गोताखोरों की मदद 

इसकी सूचना पर चरखारी थाना प्रभारी राहुल मिश्रा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थानीय गोताखोरों की मदद ली। सबसे पहले प्रिंस को बाहर निकाला गया। उसे लेकर लोग उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चरखारी गए। पिं्रस के बाद अन्य दोनों बच्चों की तलाश की गई तो वह भी उसी पानी में दिखाई पड़ें। काफी देर की मेहनत के बाद रोशनी और अंशुल को बाहर निकाला जा सका। इन बच्चों को भी अस्पताल पहुंचाया गया। लेकिन दुखद घटना यह रही कि डॉक्टरों ने प्रयास किया, लेकिन तब तक तीनों की मौत हो चुकी थी। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। उधर परिजनों का रो रोकर हाल बेहाल है। 

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