छत्तीसगढ़ के धान क्रय केंद्रों में अब किसानों को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं, 30 से अधिक गांवों में शेड व चबूतरा निर्माण को मंजूरी
खबर सार :-
छत्तीसगढ़ के धान क्रय केंद्रों में अब किसानों को बुनियादी सुविधाएं मिलेंगी। बलौदाबाजार जिले के 30 से अधिक गांवों में शेड और चबूतरा निर्माण को मंजूरी मिल गई है। इससे किसानों की उपज बारिश और धूप में भी सुरक्षित रहेगी।
खबर विस्तार : -
रायपुर: छत्तीसगढ़ सरकार ने बलौदाबाजार जिले के ग्रामीण इलाकों में धान खरीद व्यवस्था को और बेहतर, सुरक्षित और किसान-अनुकूल बनाने के लिए एक अहम कदम उठाया है।
जिला खनिज न्यास निधि (DMF) फंड का इस्तेमाल करके जिले के धान खरीद केंद्रों पर बड़े पैमाने पर शेड और प्लेटफॉर्म बनाने के लिए प्रशासनिक मंजूरी दे दी गई है। इस पहल से बलौदाबाजार, पलारी और सिमगा विकासखंडों के उन हजारों किसानों को बड़ी राहत मिलेगी जो हर खरीफ सीजन में अपनी उपज बेचने के लिए इन केंद्रों पर आते हैं।
हर केंद्र को 10 लाख का बजट
प्रशासनिक आदेश के अनुसार, जिले के 30 से ज्यादा धान खरीद केंद्रों में सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए हर केंद्र को ₹10 लाख का बजट दिया गया है; इसके लिए आधिकारिक मंजूरी 23 जून, 2026 को जारी की गई थी।
शेड और प्लेटफॉर्म का निर्माण
राज्य के राजस्व और उच्च शिक्षा मंत्री टैंक राम वर्मा ने कहा कि राज्य सरकार किसानों की कड़ी मेहनत का सम्मान करने और खरीद प्रक्रिया को पूरी तरह से सुचारू बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। धान खरीद केंद्रों पर शेड और प्लेटफॉर्म का निर्माण केवल बुनियादी ढांचे का प्रोजेक्ट नहीं है, बल्कि किसानों के लिए सुविधाओं में बुनियादी सुधार है।
बुनियादी ढांचे में सुधार से मिलेगी सुविधा
DMF फंड का मुख्य उद्देश्य खनिज-प्रभावित क्षेत्रों में ऐसी स्थायी संपत्ति बनाना है जो स्थानीय जरूरतों को पूरा करे और जनता को सीधा लाभ पहुंचाए। बुनियादी ढांचे में यह सुधार केंद्रों की कामकाज की क्षमता को बढ़ाएगा और किसानों के लिए बेहतर और सुविधाजनक माहौल देगा। यह अहम फैसला साफ तौर पर दिखाता है कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ माने जाने वाले धान खरीद केंद्रों को मजबूत करके सरकार सीधे तौर पर किसानों के हितों की रक्षा कर रही है।
'इन इलाकों के किसानों को सीधा फायदा होगा'
इस योजना के तहत, सिमगा विकासखंड के प्रमुख केंद्रों पर निर्माण कार्य किया जाएगा, जिनमें सकरी, भाटभेरा, गोरदी, जांगड़ा, केसली, हिरमी, सुहेला, सकलोर, शिकारी-केसली, रावन, मोहरा, बिटकुली, नवापारा, फुलवारी, फरहादा, जाराउड और हाथबंद शामिल हैं। इसी तरह, बलौदाबाजार विकासखंड के खरीद केंद्रों—खासकर सकरी, लटुवा, रिसदा, रासेदा, मोहत्रा, कुकुरदी, बलौदाबाजार, धनवाई, सलोनी, देवरी, दशर्मा, खम्हरिया (चंपा), करमाडा और अर्जुनी में भी बदलाव किया जाएगा।
'खुले में धान रखने की मजबूरी से राहत'
अब तक, सही सुविधाओं की कमी के कारण किसानों को अपनी मेहनत की कमाई से उगाई गई फसल खुले आसमान के नीचे रखना पड़ता था, जिससे धान के अचानक बारिश, तेज धूप और जमीन की नमी से खराब होने का खतरा बना रहता था। नए शेड और ऊंचे प्लेटफॉर्म बनने से अब फसल पूरी तरह सुरक्षित रहेगी। साथ ही, केंद्रों पर वजन करने और बोरियों को रखने की प्रक्रिया ज्यादा व्यवस्थित हो जाएगी, जिससे काम तेजी से होगा और किसानों को अपनी बारी के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
ये भी पढ़ें: महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी मामले में ईडी की बड़ी कार्रवाई, 940 करोड़ रुपये की संपत्तियां अटैच
अन्य प्रमुख खबरें
-
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग, सपा का प्रदर्शन
2026-10-08
-
भोपाल के न्यू मार्केट में सिलेंडर ब्लास्ट, धू-धू कर जलीं दुकानें
2026-10-08
-
MP में आयुष्मान योजना का विरोध, संगठनों ने किया बहिष्कार का ऐलान
2026-10-08
-
बारिश और हवा के कारण तापमान में गिरावट, कल तक गोमती का जलस्तर घटने की उम्मीद
2026-10-08
-
UP: दुकान में आग लगने से मां-बेटी की जलकर मौत
2026-10-08
-
MP में चीतों की संख्या 60 पहुंची, CM बोले- वन्यजीव हमारे वनों के आभूषण
2026-10-08
-
हिमाचल में ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान, 9 अक्टूबर तक बारिश का अलर्ट
2026-10-07
-
कुमाऊं में महिलाएं बना रहीं रेशम का धागा, स्वरोजगार के खुले नए रास्ते
2026-10-07
-
यूपी में 20 IPS अफसरों का तबादला, रवीना त्यागी बनी बाराबंकी की नई एसपी
2026-10-07
-
वृंदावन के गुरुकुल में सेप्टिक टैंक साफ कर रहे 4 छात्रों की मौत
2026-10-07
-
इलाइट-शिवपुरी मार्ग बनेगा मॉडल रोड, सौंदर्यीकरण को मिली मंजूरी
2026-10-07
-
मध्य प्रदेश में मौसम सिस्टम सक्रिय, आज 16 जिलों में बारिश की संभावना
2026-10-07
-
MP के दुर्गावती टाइगर रिजर्व में आज दो चीते छोड़ेंगे सीएम मोहन यादव
2026-10-07
-
LUCKNOW नगर निगम देर से जागा, घर हो रहे अब तक खाली, kitchens तक पहुंचा पानी
2026-10-06
-
योगी सरकार की ग्लोबल कनेक्टिविटी और निवेश नीति को मिला नया आयाम
2026-10-06