सोनम वांगचुक अब भी ग्लूकोज लेने से कर रहे हैं इनकार
खबर सार :-
सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय गंभीर है। उसने सोमवार सुबह 9 बजे आठवां हेल्थ बुलेटिन जारी कर स्पष्ट कर दिया था कि सोनम वांगचुक का इलाज वर्धमान महावीर मेडिकल कॉलेज एवं सफदरजंग अस्पताल में किया जा रहा है। विशेषज्ञ डॉक्टरों के द्वारा निगरानी निरंतर चल रही है।
खबर विस्तार : -
नई दिल्ली। सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय गंभीर है। उसने सोमवार सुबह 9 बजे आठवां हेल्थ बुलेटिन जारी कर स्पष्ट कर दिया था कि सोनम वांगचुक का इलाज वर्धमान महावीर मेडिकल कॉलेज एवं सफदरजंग अस्पताल में किया जा रहा है। विशेषज्ञ डॉक्टरों के द्वारा निगरानी निरंतर चल रही है। उनके उपचार में वीएमएमसी, सफदरजंग अस्पताल और एम्स के विशेषज्ञ लगाए गए हैं।
इलाज कर रही विशेषज्ञों की टीम
डॉक्टरों की बार-बार सलाह के बावजूद सोनम वांगचुक अब भी इंट्रावेनसए आईवी फ्लूइड और ग्लूकोज लेने से इनकार कर रहे हैं। यह बहु-विषयक टीम हेल्थ की जानकारी भी दे रही है। रविवार रात रक्त के नमूने लिए गए थे। उनकी जांच में उनका सीरम पोटैशियम स्तर 3.2 मिलीमोल प्रति लीटर पाया गया है। इसके अलावा रिपोर्ट में डॉक्टरों को ब्लड शुगर स्तर सामान्य से कम मिला। जबकि सोनम वांगचुक के सभी महत्वपूर्ण शारीरिक मानक स्थिर हैं। कुछ दिक्कतें अलग हैंै। डॉक्टरों ने बताया कि लंबे समय से जारी उपवास के कारण शरीर पर प्रभाव पडा है। यह किसी भी व्यक्ति के साथ होना स्वाभाविक है, लेकिन तब जब डायट में एकदम रोक हो। हल्के से मध्यम स्तर के डिहाइड्रेशन और लगातार सामने आ रही लैब संबंधी असामान्यताओं को देखते हुए उनकी लगातार चिकित्सकीय निगरानी बहुत जरूरी है।
सामने लाई जाएंगी लैब रिपोर्ट
तमाम आरोपों का सामना कर रहे प्रषासन ने अस्पताल की बुलेटिन के जरिए कहा है कि उन्हें सभी जरूरी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैंै और उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। आगे का उपचार उनकी चिकित्सकीय प्रगति और लगातार होने वाली लैब जांच की रिपोर्ट के आधार पर तय किया जाएगा। अस्पताल की ओर से कहा गया है कि सोनम वांगचुक को अब भी लगातार पैनसाइटोपीनिया की समस्या बनी हुई है। इस स्थिति में शरीर में एनीमिया के साथ-साथ श्वेत रक्त कोशिकाओं की संख्या भी कम रहती है। डॉक्टरों का कहना है कि इन सभी चिकित्सीय और लैब संबंधी संकेतकों की लगातार जांच बहुत जरूरी है। रक्त में पोटैशियम का सामान्य स्तर मानक वयस्कों के लिए 3.5 से 5.0 मिलीइक्विवेलेंट प्रति लीटर या 3.5 से 5.0 मिलीमोल प्रति लीटर होता है। अस्पताल प्रशासन ने बताया कि फिलहाल उन्हें ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन और पोटैशियम सप्लीमेंट अभी मिलते रहेंगे। हालांकि, डॉक्टरों की बार-बार सलाह के बावजूद सोनम वांगचुक अब भी इंट्रावेनसए आईवी फ्लूइड और ग्लूकोज लेने से इनकार कर रहे हैं।
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