अविनाश शुक्ला पहले बेचता था पानी, फिर मिली राम मंदिर में पैसे गिनने की नौकरी
खबर सार :-
अयोध्या में राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच तेज हो गई है। इस मामले में पुलिस ने अविनाश शुक्ला नामक युवक को गिरफ्तार किया है, जिस पर मंदिर ट्रस्ट से जुड़े धन के दुरुपयोग और गबन के गंभीर आरोप लगे हैं।
खबर विस्तार : -
अयोध्या। अयोध्या में राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच तेज हो गई है। इस मामले में पुलिस ने अविनाश शुक्ला नामक युवक को गिरफ्तार किया है, जिस पर मंदिर ट्रस्ट से जुड़े धन के दुरुपयोग और गबन के गंभीर आरोप लगे हैं। जानकारी के अनुसार, अविनाश शुक्ला अयोध्या के कौशलपुरी फेज 2 इलाके में एक योग केंद्र से जुड़ा हुआ था, जहां वह कुछ समय से रह रहा था। यह योग केंद्र पिछले दो दशकों से अधिक समय से चल रहा है और यहां योगाचार्य सीमा तिवारी के अनुसार कई छात्र और जरूरतमंद लोग रहते और सीखते रहे हैं। इसी केंद्र से अविनाश का संपर्क उसके भाई अभिषेक शुक्ला के माध्यम से हुआ था।
योगाचार्य सीमा तिवारी ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि अभिषेक लगभग दस साल पहले आर्थिक रूप से कमजोर स्थिति में इस केंद्र में आया था। उसे गुरुजी ने न केवल शिक्षा दी बल्कि रहने और खाने की भी व्यवस्था की। इसके बाद में अभिषेक को नौकरी मिली और वह स्थिर हो गया। इसी दौरान उसने अपने छोटे भाई अविनाश को भी यहां बुला लिया था। करीब डेढ़ साल पहले अविनाश को राम मंदिर में नौकरी मिलने की जानकारी सामने आई है।
5 जून को पुलिस ने योग केंद्र पर छापेमारी की थी
घटना के संबंध में यह भी बताया गया कि 5 जून को पुलिस ने योग केंद्र और संबंधित स्थानों पर छापेमारी की थी। इस दौरान परिसर की तलाशी ली गई और अविनाश शुक्ला को हिरासत में लेकर पूछताछ के लिए ले जाया गया। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी के किराए के घर से 20 लाख रुपए से अधिक नकद बरामद किए जाने की बात कही जा रही है। हालांकि, इस पर आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।सीमा तिवारी ने बताया कि उन्हें इस पूरे मामले की जानकारी सोशल मीडिया और समाचार माध्यमों से मिली। उन्हें अविनाश के कथित गबन में शामिल होने की कोई पूर्व जानकारी नहीं थी। परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग में 5 जून की घटना कैद हुई थी, जिससे बाद में स्थिति स्पष्ट हुई है।
इसी बीच सेवादार सुंदरलाल ने भी बताया कि अभिषेक पहले पढ़ाई और प्रशिक्षण के उद्देश्य से इस केंद्र से जुड़ा था और बाद में उसे प्राथमिक शिक्षक की नौकरी मिली थी। इसके बाद उसने अपने भाई को भी यहां लाया, जो पहले मंदिर के पास पानी की बोतल बेचने की दुकान चलाता था और छोटे काम करता था। बाद में अविनाश को एक मंदिर ट्रस्ट में पैसे गिनने का काम मिलने की बात कही जा रही है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, मामले की जांच जारी है और वित्तीय लेन.देन नौकरी से जुड़े रिकॉर्ड तथा सीसीटीवी फुटेज की गहन जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अन्य प्रमुख खबरें
-
गोमती नदी में गिर रहे 45 नाले, नगर निगम को सिर्फ 33 की जानकारी
2026-08-13
-
बद्रीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री तक भूस्खलन और मालवा, खतरे के निशान पर हैं कई नदियां
2026-08-06
-
पेड़-पौधों से बना दिया बस शेल्टर, फीलगुड महसूस करते हैं यात्री
2026-08-03
-
77 स्थानों पर एक लाख पौधे लगाए, दिल्ली के उपराज्यपाल टीएस संधू रहे मौजूद, कमला नेहरू रिज में चला अभियान
2026-07-31
-
सोलर पंप और टैंकरों से भरा जा रहा पानी, फिर भी नहीं बच रही जान
2026-07-30
-
बाघ के संरक्षण की सबसे बड़ी जिम्मेदारी भारत पर ; डॉ. खैरा
2026-07-29
-
विश्व बाघ दिवस पर बोले पीएम, दुनिया की लगभग 70 प्रतिशत बाघ आबादी भारत में
2026-07-29
-
विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस पर मिली प्रेरणा, करें स्वस्थ भारत का निर्माण, देश के नेताओं ने दिया संदेश
2026-07-28
-
सिंचाई की जिम्मेदारी भी दे दो साहब! हर साल सूख जाते हैं सैकड़ों पौधे
2026-07-28
-
पीढ़ियां मीठे पानी के लिए तरस जाएंगी, सांस लेने में होगी दिक्कत
2026-07-28
-
साहब हैं सड़क पर तो शायद सुधार दें नागरिक सुविधाएं, दूसरी गलती नहीं होगी माफ
2026-07-25
-
विक्रमशिला अभ्यारण्य में डॉल्फिनों की संख्या बढ़ी, 171 से बढ़कर अब 210 हो गईं
2026-07-24
-
‘Net Zero’ Vision की दिशा में गुजरात की ऐतिहासिक उपलब्धि, साल भर में की 49.79 मिलियन टन कार्बन उत्सर्जन में रिकॉर्ड कमी, Green Energy का बना देश में प्रभावशाली Model
2026-07-21
-
वनों से ही नदियां रहेंगी सदानीरा: मुख्यमंत्री योगी
2026-07-12
-
वन्यजीव संरक्षण में कारगर बना AI, हाथियों को बचाने में मिल रही मदद, कोयंबटूर रेलवे ट्रैक पर ढाई साल में एक भी हाथी नहीं हुआ हादसे का शिकार
2026-07-09