Ayodhya Nagar Nigam Meeting : अयोध्या नगर निगम का सख्त फैसला, 15% से सस्ते टेंडर भरने वालों की होगी खास जांच, काम की क्वालिटी से समझौता नहीं

खबर सार :-
Ayodhya Nagar Nigam Meeting : अयोध्या नगर निगम की बोर्ड बैठक में बड़ा फैसला लिया गया है। अब 15% से कम रेट पर टेंडर डालने वालों की जांच होगी। साथ ही अयोध्या में बढ़ते रोजगार और विकास पर भी चर्चा हुई।

Ayodhya Nagar Nigam Meeting : अयोध्या नगर निगम का सख्त फैसला, 15% से सस्ते टेंडर भरने वालों की होगी खास जांच, काम की क्वालिटी से समझौता नहीं
खबर विस्तार : -

अयोध्या: राम नगरी अयोध्या में चल रहे विकास कार्यों की गुणवत्ता को लेकर नगर निगम ने अब अपना रुख कड़ा कर लिया है। नगर निगम बोर्ड की 11वीं आम बैठक (Ayodhya Nagar Nigam Meeting) में एक बड़ा फैसला लिया गया है कि अगर कोई ठेकेदार काम पाने के लिए सरकारी रेट से 15 फीसदी से ज्यादा कम (डाउन) की निविदा (टेंडर) भरता है, तो उस काम की विशेष जांच कराई जाएगी। निगम का मानना है कि बहुत कम रेट पर टेंडर लेने से अक्सर काम की क्वालिटी खराब हो जाती है, इसलिए अब तकनीकी और आर्थिक दोनों पहलुओं की बारीकी से जांच होगी।

Ayodhya Nagar Nigam Meeting :  सिर्फ आस्था ही नहीं, अब रोजगार का गढ़ भी बन रही है अयोध्या

बोर्ड की बैठक में मौजूद महापौर महंत गिरीशपति त्रिपाठी ने कहा कि अयोध्या अब केवल भक्ति का केंद्र ही नहीं रही, बल्कि यह आर्थिक बदलाव की भी एक बड़ी मिसाल बन गई है। उन्होंने बताया कि जिस तरह से लोग वापस आकर यहाँ काम शुरू कर रहे हैं, उससे 'रिवर्स माइग्रेशन' (वापसी प्रवास) को बढ़ावा मिल रहा है।

आईआईएम (IIM) लखनऊ के एक सर्वे का हवाला देते हुए महापौर ने कहा कि अयोध्या में हर रोज लगभग दो लाख श्रद्धालु आ रहे हैं। इस वजह से स्थानीय दुकानदारों की कमाई में पांच गुना तक की बढ़ोतरी हुई है। शहर में होटल, गाड़ियों का काम और छोटे उद्योगों का जाल बिछा है, जिससे आने वाले समय में करीब 1 लाख 20 हजार नए रोजगार मिलने की उम्मीद है। महापौर ने इसका श्रेय प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी के 'टेंपल इकोनॉमी' मॉडल को दिया।

Ayodhya Nagar Nigam Meeting : साकेतपुरी कॉलोनी अब निगम के पास, जलभराव से मिलेगी राहत

शहर के विकास को लेकर एक और बड़ा फैसला हुआ कि अब साकेतपुरी कॉलोनी की देखरेख का जिम्मा पूरी तरह नगर निगम के पास होगा। इसके साथ ही जनौरा, जलवानपुरा और मधवा गद्दोपुर जैसे इलाकों में होने वाले जलभराव की समस्या पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने बताया कि ड्रेनेज सिस्टम को बेहतर बनाने से इन इलाकों में पानी भरने की समस्या काफी हद तक कम हो गई है।

Ayodhya Nagar Nigam Meeting :  सफाई में टॉप-10 का सपना: लापरवाह कंपनियों पर गिरी गाज

अयोध्या को देश के सबसे साफ शहरों की लिस्ट में टॉप-10 में लाने के लिए महापौर ने पार्षदों और अधिकारियों को जनता के साथ जुड़ने के लिए कहा। उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि सफाई के काम में ढिलाई बर्दाश्त नहीं होगी। इसी कड़ी में नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया कि लापरवाही करने वाली दो सफाई कंपनियों का 15 दिन का पेमेंट काट दिया गया है।

Ayodhya Nagar Nigam Meeting : स्मार्ट सिटी और शहर की खूबसूरती पर विशेष जोर

नगर निगम की इस अहम बैठक में अयोध्या को और भी ज्यादा सुंदर और सुरक्षित बनाने के लिए कई बड़े प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। शहर की सुंदरता में चार चांद लगाने के लिए तय किया गया है कि 150 मुख्य जगहों पर आकर्षक और सजावटी (डेकोरेटेड) बिजली के खंभे लगाए जाएंगे। स्ट्रीट लाइट की समस्या को दूर करने के लिए यह भी निर्णय लिया गया कि जहां भी लाइटें खराब हैं, उन्हें तुरंत ठीक कराने के लिए पार्षदों और वेंडर्स की एक साझा मीटिंग बुलाई जाए। इसके साथ ही, शहर के 19 प्रमुख चौराहों पर लगे स्मार्ट ट्रैफिक सिस्टम की कामयाबी पर भी चर्चा हुई; सदन में इस बात की तारीफ की गई कि इमरजेंसी के समय इस सिस्टम ने लोगों की काफी मदद की है।

धार्मिक और ऐतिहासिक धरोहरों को सहेजने की दिशा में एक बड़ा फैसला लेते हुए अब विद्याकुंड, सीताकुंड और दशरथकुंड जैसे पवित्र स्थानों की साफ-सफाई का जिम्मा सीधे नगर निगम के कर्मचारियों को सौंप दिया गया है, ताकि इन कुंडों की मर्यादा और स्वच्छता बनी रहे। इसके अलावा, महापुरुषों के सम्मान और सामाजिक सद्भाव को बढ़ावा देने के लिए ऊदा देवी के नाम पर चौराहे का नामकरण करने, बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा स्थापित करने और महान क्रांतिकारी शहीद अशफाक उल्ला खान की आदमकद मूर्ति लगवाने का प्रस्ताव भी सदन के सामने रखा गया। इन सभी प्रयासों का मुख्य मकसद अयोध्या को एक आधुनिक और सुविधायुक्त शहर के रूप में निखारना है।

Ayodhya Nagar Nigam Meeting : रमजान के लिए पानी की खास व्यवस्था और शहीदों को नमन

त्योहारों और रमजान को देखते हुए बोर्ड ने तय किया कि सुबह 3:00 बजे से 5:30 बजे तक पानी की सप्लाई हर हाल में चालू रखी जाएगी। साथ ही मस्जिदों और अन्य धार्मिक स्थलों के पास सफाई के खास इंतजाम होंगे। बैठक की शुरुआत में संत गाडगे की जयंती पर उन्हें याद किया गया और शहीद देवेश सिंह को श्रद्धांजलि देने के लिए दो मिनट का मौन रखा गया। बैठक में नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार, उपसभापति राजेश गौड़, अपर नगर आयुक्त सुमित कुमार और बड़ी संख्या में पार्षदों ने हिस्सा लिया। इस बैठक से साफ संदेश गया है कि अयोध्या में अब विकास के साथ-साथ पारदर्शिता और जवाबदेही पर पूरा जोर दिया जाएगा।                                

                                                                                                                                                                                                                                                         - विशाल श्रीवास्तव की रिपोर्ट

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