धार्मिक पर्यटन के रूप में उभर रहा उत्तर प्रदेश, विजिटर-ट्रिप्स में 15.7 फीसदी हिस्सेदारी के साथ देश में अव्वल

खबर सार :-

हर साल विश्व पर्यटन दिवस 27 सितंबर को मनाया जाता है। पीआईबी की हाल ही में जारी रिपोर्ट के अनुसार, यूपी विजिटर-ट्रिप्स में 15.7 फीसदी हिस्सेदारी के साथ देश में अव्वल है।
UP में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा, काशी-मथुरा-अयोध्या पर्यटकों से गुलजार

खबर विस्तार : -

नई दिल्ली: विश्व पर्यटन दिवस हर साल 27 सितंबर को मनाया जाता है। किसी देश की अर्थव्यवस्था और सांस्कृतिक पहचान में पर्यटन अहम भूमिका निभाता है। यह लोगों को नई जगहों, संस्कृतियों, परंपराओं और विरासत को जानने का मौका देता है, साथ ही रोजगार पैदा करता है और स्थानीय अर्थव्यवस्थाओं को बढ़ावा देता है। 

पर्यटन के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए हर साल 27 सितंबर को विश्व पर्यटन दिवस मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, पर्यटन रोजगार, स्थानीय आर्थिक विकास और सांस्कृतिक व प्राकृतिक विरासत के संरक्षण से जुड़ा है। विश्व पर्यटन दिवस की शुरुआत 1980 में हुई थी; इसे शुरू करने का फैसला सितंबर 1979 में स्पेन में आयोजित UN पर्यटन महासभा के तीसरे सत्र के दौरान लिया गया था। 

1980 को पहली बार मनाया गया विश्व पर्यटन दिवस

विश्व पर्यटन दिवस पहली बार 27 सितंबर 1980 को मनाया गया था। पर्यटन कई देशों और स्थानीय समुदायों के लिए आय का एक महत्वपूर्ण स्रोत है। हॉस्पिटैलिटी, ट्रांसपोर्टेशन, रिटेल और फूड एंड बेवरेज जैसे सेक्टर पर्यटन गतिविधियों से गहराई से जुड़े हैं। सांस्कृतिक आदान-प्रदान पर्यटन का एक और महत्वपूर्ण पहलू है। इस साल, आधिकारिक थीम "पर्यटन की नई कल्पना के लिए डिजिटल एजेंडा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस" है।

सबसे ज्यादा यात्राएं धार्मिक उद्देश्यों के लिए

भारत में कई ऐसी जगहें हैं जहां आसानी से पहुंचा जा सकता है, जिससे पर्यटक स्थानीय संस्कृति, खान-पान और माहौल का आनंद ले सकते हैं। PIB के अनुसार, जुलाई 2025 और जून 2026 के बीच, सबसे ज्यादा यात्राएं (48 प्रतिशत) "तीर्थयात्रा और धार्मिक" उद्देश्यों के लिए की गईं। 

पर्यटन में यूपी देश में नंबर-1

सितंबर 2026 में जारी पीआईपी की ‘भारत में घरेलू पर्यटन’ (जुलाई 2025-जून 2026) रिपोर्ट के अनुसार, उत्तर प्रदेश सबसे ज्यादा देखी जाने वाली जगह के रूप में उभरा है। कुल विजिटर-ट्रिप्स में उत्तर प्रदेश की हिस्सेदारी 15.7 प्रतिशत रही, जिनमें राज्य के भीतर और दूसरे राज्यों के यात्री शामिल थे। कुल विजिटर ट्रिप्स में 15.7% हिस्सेदारी के साथ उत्तर प्रदेश देश में सबसे आगे है। तमिलनाडु ने 13.7 प्रतिशत यात्रियों को आकर्षित किया, जबकि राजस्थान में 8 प्रतिशत यात्री आए। सर्वे से यह भी पता चला कि पिछले 365 दिनों में सबसे ज्यादा खर्च स्वास्थ्य और चिकित्सा से जुड़ी यात्राओं पर हुआ। ग्रामीण परिवारों के लिए औसत खर्च ₹29,454 और शहरी परिवारों के लिए ₹41,649 था।

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राज्य के प्रमुख पर्यटक स्थल

उत्तर प्रदेश के धार्मिक स्थान पर्यटकों को आकर्षित कर रहे हैं। प्रतिदिन हजारों तीर्थयात्री बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने आते हैं। यहां होने वाली भव्य गंगा आरती देखने दूर-दूर से श्रद्धालु काशी आते हैं। खास बात यह है कि वाराणसी में न सिर्फ यूपी के दूसरे जिलों से, बल्कि देश-विदेश से भी श्रद्धालु दर्शन और पूजन करने आते हैं। बाबा काशी विश्वनाथ मंदिर, गंगा आरती, नौकायन पर्यटकों को आकर्षित कर रहे हैं। राम मंदिर के निर्माण के बाद अयोध्या में पर्यटकों की संख्या बढ़ी है। रामलला के दर्शन और सरयू आरती देखने लाखों श्रद्धालु हर साल अयोध्या आते हैं। भगवान कृष्ण की नगरी मथुरा-वृंदावन में मंदिरों के दर्शन करने श्रद्धालु दूर-दूर से आते हैं। श्री कृष्ण जन्मभूमि, बांके बिहारी मंदिर, द्वारिकाधीश मंदिर और प्रेम मंदिर प्रमुख हैं। उत्तर प्रदेश के आगरा में विश्व प्रसिद्ध ताजमहल और आगरा किले को देखने के लिए देश-विदेश से पर्यटक आते हैं।

FAQ

1- विश्व पर्यटन दिवस मनाने की शुरुआत कब हुई?

विश्व पर्यटन दिवस हर साल 27 सितंबर को मनाया जाता है। इसे की शुरुआत 1980 में हुई थी।

2- विश्व पर्यटन दिवस क्यों मनाया जाता है?

पर्यटन के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए हर साल 27 सितंबर को विश्व पर्यटन दिवस मनाया जाता है। 

3- कौन सा राज्य पर्यटन में शीर्ष पर है?

पीआईबी की रिपोर्ट के अनुसार, पर्यटन के मामले में देश में यूपी का स्थान सबसे शीर्ष पर है। यूपी के पर्यटक व धार्मिक स्थलों के दर्शन करने सबसे ज्यादा पर्यटक आते हैं।

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