कुएं में मिला था बुजुर्ग का शव, खून से सने कपड़ों ने खोला हत्या का राज

खबर सार :-

झांसी के चिरगांव में हत्या के बाद शव कुएं में फेंकने का मामला; आरोपी विशाल कुशवाहा गिरफ्तार, नाबालिग नातिन भी हिरासत में। पुलिस ने खून से सने कपड़े बरामद कर लिए हैं।
कुएं में मिला था बुजुर्ग का शव, कपड़ों ने खोला हत्या का राज

खबर विस्तार : -

झांसीः झांसी जिले के चिरगांव थाना क्षेत्र के ग्राम छिरौना में एक बुजुर्ग की मौत को शुरू में हादसा मान लिया गया, लेकिन घर की सफाई के दौरान मिले खून से सने कपड़ों ने पूरे मामले की दिशा बदल दी। पुलिस जांच में सामने आया कि बुजुर्ग रामदीन (उम्र करीब 60-70 वर्ष) की हत्या के बाद शव को कुएं में फेंककर घटना को दुर्घटना का रूप देने का प्रयास किया गया था। मामले में पुलिस ने नामजद आरोपी विशाल कुशवाहा (21) को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक बाल अपचारी (मृतक की नातिन) को भी पुलिस हिरासत में लिया गया है।

सिर कूचकर कुएं में फेंका शव

पुलिस के मुताबिक, 12 सितंबर को शाम करीब चार बजे रामदीन ने अपने घर में अपनी नातिन को गांव के विशाल कुशवाहा के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद और मारपीट हुई। आरोप है कि मारपीट के दौरान विशाल कुशवाहा ने रामदीन का गला दबाया, जबकि नाबालिग नातिन ने सिलबट्टे के पत्थर से उसके सिर पर वार कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद दोनों ने साक्ष्य मिटाने की योजना बनाई। शव को गांव के कुएं में फेंक दिया गया और घर में पड़े खून से सने कपड़ों को छिपा दिया गया।

आरोपी ने स्वीकारा जुर्म

13 सितंबर को स्थानीय लोगों ने कुएं में शव देखा और पुलिस को सूचना दी। शव बरामद होने के बाद परिजनों ने इसे दुर्घटना मान लिया और अंतिम संस्कार कर दिया। इस दौरान किसी को हत्या का संदेह नहीं हुआ। मामले में उस समय नया मोड़ आया जब 15 सितंबर को घर की सफाई के दौरान खून से सने कपड़े बरामद हुए। परिजनों को शक हुआ और उन्होंने पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने तुरंत मामले की जांच शुरू की। पूछताछ में नाबालिग ने हत्या की बात स्वीकार कर ली। उसने बताया कि विशाल के साथ मिलकर उसने घटना को अंजाम दिया था।

मृतक के परिजन अशोक कुमार कुशवाहा ने चिरगांव थाने में प्रार्थना पत्र दिया, जिसके आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया। थाने में धारा 103(1)/238 बीएनएस के तहत केस दर्ज हुआ। पुलिस ने 16 सितंबर को नामजद आरोपी विशाल कुशवाहा (पुत्र मनोहर कुशवाहा, निवासी ग्राम छिरौना) को हेड (गांव के मुख्य चौराहे) के पास से गिरफ्तार किया। वहीं बाल अपचारी को वादी के मकान से हिरासत में लिया गया। दोनों से पूछताछ की गई और घटना में प्रयुक्त सिलबट्टे का पत्थर तथा अन्य साक्ष्य बरामद किए गए।

मौके पर पहुंची फॉरेंसिक टीम

फॉरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया और वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस ने कुएं से नमूने लिए तथा खून के धब्बों की जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा। गिरफ्तार आरोपी और बाल अपचारी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय ने विशाल को न्यायिक हिरासत में भेज दिया, जबकि बाल अपचारी को बाल सुधार गृह भेजा गया। मामले की विवेचना जारी है।

कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में चिरगांव पुलिस टीम द्वारा की गई। टीम में प्रभारी निरीक्षक बलराज शाही, वरिष्ठ उपनिरीक्षक आनंद कुमार सिंह, उपनिरीक्षक उदयवीर सिंह, बाल कल्याण अधिकारी उपनिरीक्षक सिद्धनाथ सिंह समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दोनों आरोपियों के विरुद्ध पर्याप्त सबूत हैं। ग्रामीणों में इस घटना को लेकर आक्रोश है, लेकिन पुलिस की त्वरित कार्रवाई से स्थिति नियंत्रण में है। इस तरह से एक हादसे के रूप में दबाई गई हत्या का राज खून से सने कपड़ों की वजह से खुल गया।

यह भी पढ़ेंः-पंजाब में ड्रग्स और हथियार तस्करी के 3 बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश, 8 आरोपी गिरफ्तार, करोड़ों की हेरोइन-अफीम बरामद

अन्य प्रमुख खबरें