कांग्रेस ने किया क्रांतिवीरों को सजा दिलाने का पापः योगी आदित्यनाथ

खबर सार :-

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज काकोरी ट्रेन एक्शन के 101वें वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में काकोरी शहीद स्मारक पर आयोजित शताब्दी समारोह कार्यक्रम में पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि भारत को आजाद कराने वालों में कई शहीदों के साथ आजादी के बाद की सरकारों ने न्याय नहीं किया।
भारत के खिलाफ अफवाह फैला रहीं देश-विरोधी ताकतें: सीएम योगी

खबर विस्तार : -

लखनऊ : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज काकोरी ट्रेन एक्शन के 101वें वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में काकोरी शहीद स्मारक पर आयोजित शताब्दी समारोह कार्यक्रम में अपने विचार रखे। कहा कि भारत आपसी फूट, षडयंत्र के कारण गुलाम हुआ था। भारत को कमजोर करने वाली ताकतें क्षेत्र, जाति व भाषा के नाम पर आज भी फूट डाल रही हैं। उन्होंने कहा कि इसी स्थान पर 9 अगस्त 1925 को पं. राम प्रसाद बिस्मिल, ठाकुर रोशन सिंह, अशफाक उल्ला खां, चंद्रशेखर आजाद, राजेंद्र नाथ लाहिड़ी जैसे क्रांतिकारियों ने खजाने को अपने कब्जे में लेकर आजादी की लड़ाई को नई ऊंचाइयां प्रदान की थीं। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म षड्यंत्र का माध्यम हो गया है। मुख्यमंत्री ने सचेत करते हुए कहा कि षड्यंत्र के तहत समाज को गुमराह करने करने का प्रयास हो रहा है। 

ब्रिटिश हुकूमत की चूलें हिला दी


मुख्यमंत्री ने राष्ट्रनायकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि भारत माता के महान सपूतों ने ब्रिटिश हुकूमत की चूलें हिलाकर चुनौती दी थी। भारत की धरती गुलामी को हरगिज नहीं बर्दाश्त करेगी। इन क्रांतिकारियों ने 1857 के प्रथम स्वातंत्र्य समर से लेकर 1942 के अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन तक संघर्ष की लंबी श्रृंखला खड़ी की थी। सीएम योगी ने कहा कि महान क्रांतिकारी शचींद्र नाथ बख्शी व मन्मथ नाथ गुप्ता को आजादी के बाद जो सम्मान मिलना चाहिए था, वह नहीं मिला। क्योंकि इन्हें सजा कराने का पाप वकालत करने वाले तत्कालीन कांग्रेसी नेताओं ने किया था।

भारत की युवा पीढ़ी से अन्याय किया

जिन लोगों ने आमजन को अपने नायकों, क्रांतिकारियों से दूर रखा, उन्होंने भारत की युवा पीढ़ी से अन्याय किया। नायकों पर गौरव की अनुभूति का अवसर न देना नौजवान पीढ़ी को आदर्श, गौरव और प्रेरणा से विमुख करने जैसा है। कांग्रेस पर निषाना साधते हुए कहा कि आजादी के बाद जिन लोगों ने सत्ता संभाली, उन लोगों ने क्रांतिकारियों को अपमानित किया। काकोरी के शहीदों के अलावा चंद्रशेखर आजाद, वीर सावरकर, भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव, रानी लक्ष्मीबाई, वीरांगना उदा देवी पासी, अवंती बाई, झलकारी बाई के नाम पर कोई स्मारक न बने, लोग इनका नाम भी न जानने पाएं, इसलिए इन क्रांतिकारियों के नाम पर संस्थाओं का नाम नहीं रखा गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के बाद भी इसके लिए लगातार साजिशें की गईं।  

क्रांतिकारियों को अपमानित किया 

आजादी के बाद जिन लोगों ने सत्ता संभाली, उन लोगों ने क्रांतिकारियों को अपमानित करने का पाप किया। काकोरी ट्रेन एक्शन से जुड़े परिवारों की वर्तमान पीढ़ी और देश की सुरक्षा के लिए बलिदान देने वाले वीर सैनिकों के परिजनों को भी सम्मान दिया गया है। मुख्यमंत्री ने पीएम मोदी का आभार जताते हुए कहा कि 2014 में सत्ता संभालने के बाद उन्होंने आजादी के नायकों को सम्मान दिया। बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर से जुड़े पंच तीर्थ, वीर सावरकर, रामप्रसाद बिस्मिल, ठाकुर रोशन सिंह, अशफाक उल्ला खां के स्मारक को बढ़ाया गया। 

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