लखनऊ : यूपी में दो बिजली कम्पनियों के निजीकरण और बिजली दरों पर सुनवाई की तारीख जारी होने के बाद यूपीपीसीएल प्रबंधन ने विद्युत दरों में 30 प्रतिशत वृद्धि का प्रस्ताव राज्य विद्युत नियामक आयोग में दाखिल किया है। बिजली दरों में सबसे अधिक वृद्धि शहरी और ग्रामीण घरेलू उपभोक्ताओं की दरों में प्रस्तावित की गई है। साथ ही यूपीपीसीएल ने दो बिजली कम्पनियों के निजीकरण पर नियामक आयोग का अभिमत हासिल करने के लिए भी प्रस्ताव दाखिल किया है।
राज्य में पहली बार विद्युत दरों में इतनी अधिक वृद्धि प्रस्तावित की गई है। सबसे अधिक 40 से 45 प्रतिशत की वृद्धि ग्रामीण घरेलू उपभोक्ताओं की बिजली दरों में प्रस्तावित की गई है। घरेलू शहरी उपभोक्ताओं की दरों में 35 से 40 प्रतिशत की वृद्धि प्रस्तावित की गई है। यूपीपीसीएल प्रबंधन ने वर्ष 2025-26 के लिए राजस्व संग्रह क्षमता के आधार पर करीब 19,644 करोड़ रुपये का घाटा प्रस्तावित किया है।
यूपीपीसीएल के प्रस्ताव को नियामक आयोग ने स्वीकार किया तो उपभोक्ताओं पर बोझ बढ़ना तय है। इसके पूर्व यूपीपीसीएल ने बिजली कम्पनियों की ओर से मई महीने के प्रथम सप्ताह में वार्षिक राजस्व आवश्यकता (एआरआर) दाखिल किया था। 19 मई को बिजली कम्पनियों का घाटा 9200 से बढ़ाकर 19,600 करोड़ दिखाते हुए बिजली दरों में 30 प्रतिशत वृद्धि का प्रस्ताव दाखिल किया था।
वहीं, उपभोक्ता परिषद का कहना है कि यूपीपीसीएल वार्षिक राजस्व आवश्यकता (एआरआर) दाखिल कर चुका है। इसके सभी आंकड़े समाचार पत्रों में प्रकाशित भी हो चुके हैं। उपभोक्ताओं से आपत्तियां मांगने के साथ सात जुलाई से बिजली दरों पर सुनवाई भी शुरू हो रही है। ऐसे में गुपचुप बिजली दरों में वृद्धि का प्रस्ताव स्वीकार करना अंसवैधानिक है।
यूपीपीसीएल ने उपभोक्ताओं की कनेक्शन दरों में वृद्धि का भी प्रस्ताव आयोग में दाखिल किया है। नए कनेक्शन की दरों के लिए कॉस्ट डाटा बुक को भी आयोग में दाखिल किया गया है। नए कनेक्शन की दर में 25 से 30 प्रतिशत की वृद्धि प्रस्तावित की गई है। इसी प्रकार नए कनेक्शन लेने पर विभिन्न प्रकार की सामग्री पर भी अतिरिक्त चार्ज लगाया गया है। वर्तमान में नया कनेक्शन लेने पर खंभे से 40 मीटर के दायरे में औसतन 10 हजार रुपये तक खर्च होते हैं।
शहरी घरेलू 35 से 40 प्रतिशत
ग्रामीण घरेलू 40 से 45 प्रतिशत
कॉमर्शियल 20 से 25 प्रतिशत
उद्योग 15 से 18 प्रतिशत
कुल औसत वृद्धि 29 से 30 प्रतिशत
अन्य प्रमुख खबरें
गंगा तट पर आस्था का संगम: माघ मेला ढाईघाट 2025–26 को सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने में जुटा प्रशासन
बांग्लादेश के खिलाफ हिंदू संगठनों में आक्रोश, प्रधानमंत्री यूनुस का किया पुतला दहन
शीतलहर से बचाव के लिए जिलाधिकारी ने जरूरतमंदों को बांटे कंबल
नए साल में अवैध घुसपैठियों पर कार्रवाई और तेज करेगी असम सरकार: सीएम हिमंत बिस्वा सरमा
सोनभद्र में जितेन्द्र निषाद द्वारा सैकड़ों ग्रामीणों को कंबल वितरण
अरोडवंश मंदिर में राम मंदिर स्थापना की दूसरी वर्षगांठ पर भव्य धार्मिक कार्यक्रम
राम गिरी बिल लिपिक को सेवा निवृत्त होने पर दी गयी भावभीनी विदाई
समाज की समरसता और राष्ट्रीय एकता का संकल्प : हिन्दू सम्मेलन संपन्न
एक करोड़ लोगों को सरकारी नौकरी और रोजगार देगी बिहार सरकार : सम्राट चौधरी
कम्युनिटी पोलिसिंग के तहत पुलिस और आमजन के बीच संवाद