विद्युत विभाग का दावा, स्मार्ट मीटर में नहीं है कोई खराबी

खबर सार :-
बिजली विभाग ने उपभोक्ताओं के भ्रम को दूर करते हुए दावा किया है कि पुराने मीटर हटाकर घरों में लगाए जा रहे नए स्मार्ट मीटरों की रीडिंग बिल्कुल सही है। साथ ही, यह भी कहा कि जिले में यह काम तेजी से चल रहा है और उपभोक्ताओं को इसका विरोध करने की बजाय विभाग का सहयोग करना चाहिए।

विद्युत विभाग का दावा, स्मार्ट मीटर में नहीं है कोई खराबी
खबर विस्तार : -

झांसीः बिजली विभाग लंबे समय से महानगर में पुराने मीटर हटाकर नए स्मार्ट मीटर लगा रहा है। लेकिन बिजली उपभोक्ताओं में यह भ्रम की स्थिति पैदा हो गई है कि स्मार्ट मीटर बिजली उपयोग की रीडिंग अधिक दे रहा है और यह भ्रम की स्थिति पूरी जनता के मन में बनी हुई है।

इस सब को देखते हुए, बिजली विभाग के अधीक्षण अभियंता शहरी चंद्रजीत प्रसाद ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए बताया कि यूपीपीसीएल के स्पष्ट निर्देश हैं कि हर सरकारी, घरेलू उपभोक्ता के यहां लगे पुराने मीटर हटाकर उनकी जगह स्मार्ट मीटर लगाए जाएं। झांसी जिले में भी यह काम चल रहा है। अधीक्षण अभियंता ने बताया कि अकेले झांसी के शहरी क्षेत्र के दोनों वितरण खंडों में करीब डेढ़ लाख उपभोक्ता हैं। अब तक करीब 33000 उपभोक्ताओं के यहां स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं। रीडिंग में गड़बड़ी की शिकायत पर अब तक 3000 चेक मीटर लगाए जा चुके हैं।

इन चेक मीटर और स्मार्ट मीटर की रीडिंग एक जैसी आ रही है, इससे यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि स्मार्ट मीटर से रीडिंग ज्यादा आना महज एक भ्रम है जो सही नहीं है। हर उपभोक्ता को अपने कनेक्शन परिसर के बाहर स्मार्ट मीटर लगाना अनिवार्य है। फिलहाल कुछ अपवादों को छोड़कर सभी कनेक्शनों के मीटर बदले जा रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि सिर्फ 5% उपभोक्ता ही शिकायत कर रहे हैं कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद उनकी रीडिंग ज्यादा आ रही है। जिन भी जगहों से शिकायतें मिल रही हैं, उन सभी जगहों पर चेक मीटर लगाए जाएंगे। अब तक बिजली विभाग के सभी भवनों और दफ्तरों में स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं। विभागों के सरकारी आवासों में भी स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं। उन्होंने उपभोक्ताओं से अपील की है कि स्मार्ट मीटर लगने के दौरान विरोध करने की बजाय सहयोग करें।

अन्य प्रमुख खबरें