लगातार होती है खांसी तो हो जाएं सावधान! दिल की बीमारी की भी हो सकती है चेतावनी

खबर सार :-

अक्सर खांसी को लोग सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन, अगर लगातार खांसी हो रही हो तो यह दिल की बीमारी की चेतावनी हो सकती है। ऐसे में डाॅक्टर से परामर्श करना जरूरी है।
लगातार खांसी हो सकती है दिल की बीमारी की चेतावनी, जानें लक्षण

खबर विस्तार : -

नई दिल्ली: शरीर में होने वाले छोटे-मोटे बदलाव कभी-कभी किसी बड़ी स्वास्थ्य समस्या की ओर इशारा कर सकते हैं। लोग अक्सर खांसी, थकान या सांस लेने में हल्की परेशानी जैसे लक्षणों को मौसम में बदलाव का नतीजा मान लेते हैं। यहां तक ​​कि जब ये समस्याएं कुछ दिनों तक बनी रहती हैं, तब भी कई लोग घरेलू नुस्खों से इनका इलाज करने की कोशिश करते हैं। हालांकि, स्वास्थ्य से जुड़े हर लक्षण को सिर्फ एक मामूली या आम बीमारी मानकर नजरअंदाज करना सही नहीं है।

जब दिल की बीमारी की बात आती है, तो अक्सर सीने में दर्द और सांस फूलने जैसे लक्षण ध्यान में आते हैं; लेकिन, लगातार रहने वाली खांसी भी दिल की खराब सेहत का संकेत हो सकती है। असल में, शरीर के अंदर दिल और फेफड़े एक साथ मिलकर काम करते हैं। दिल का मुख्य काम पूरे शरीर में रक्त का संचार करना है, जबकि फेफड़े उस रक्त में ऑक्सीजन मिलाने का काम करते हैं। जब दिल की कार्यक्षमता प्रभावित होती है, तो इसका असर फेफड़ों पर भी पड़ सकता है। यही कारण है कि दिल से जुड़ी कुछ स्थितियों में लगातार खांसी हो सकती है।

प्रभावित हो सकती हैं फेफड़ों की रक्त वाहिकाएं 

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, लगातार रहने वाली खांसी कभी-कभी 'हार्ट फेलियर' (दिल की विफलता) का संकेत हो सकती है। इस स्थिति में, दिल शरीर की जरूरतों को पूरा करने के लिए रक्त को प्रभावी ढंग से पंप नहीं कर पाता है। इससे शरीर में रक्तचाप (ब्लड प्रेशर) बढ़ सकता है और फेफड़ों की रक्त वाहिकाएं प्रभावित हो सकती हैं। कुछ मामलों में, फेफड़ों के अंदर और आसपास तरल पदार्थ (fluid) जमा होने लगता है, इस स्थिति को चिकित्सकीय भाषा में "पल्मोनरी कंजेशन" (pulmonary congestion) कहा जाता है। यह अतिरिक्त तरल पदार्थ सांस लेने की सामान्य प्रक्रिया में बाधा डालता है और शरीर इस परेशानी के प्रति खांसी के जरिए प्रतिक्रिया दे सकता है। नतीजतन, मरीज को लगातार खांसी, सांस लेने में कठिनाई, जल्दी थकान होना और सीने में भारीपन महसूस हो सकता है।

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रात में खांसी आने पर हो जाएं सावधान

अगर किसी व्यक्ति को दिन के मुकाबले रात में ज्यादा खांसी आती है, तो इसके कई कारण हो सकते हैं। कुछ मामलों में, यह दिल से जुड़ी किसी समस्या से जुड़ा हो सकता है। जब कोई व्यक्ति लेटता है, तो शरीर के भीतर तरल पदार्थों का वितरण बदल जाता है। हार्ट फेलियर से जूझ रहे लोगों में इससे फेफड़ों पर दबाव बढ़ सकता है और सांस लेने में दिक्कत हो सकती है। ऐसे मरीजों को रात में बार-बार खांसी आ सकती है। अक्सर, वे अचानक नींद से जाग सकते हैं और उन्हें सांस लेने के लिए उठकर बैठना पड़ सकता है। अगर किसी व्यक्ति को लेटने पर सांस लेने में तकलीफ होती है और बैठने या खड़े होने पर कुछ राहत मिलती है, तो इसे कोई मामूली या सामान्य समस्या मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। यह हार्ट फेलियर (दिल की विफलता) का एक गंभीर संकेत हो सकता है।

बलगम के रंग से हो सकती है पहचान

खांसते समय निकलने वाले बलगम का रंग और उसकी बनावट भी कुछ स्वास्थ्य समस्याओं की पहचान करने में मदद कर सकते हैं। अगर किसी व्यक्ति को सांस लेने में बहुत ज्यादा कठिनाई हो रही हो और साथ ही सफेद या गुलाबी रंग का झागदार बलगम निकल रहा हो, तो यह फेफड़ों में तेजी से तरल पदार्थ जमा होने का संकेत हो सकता है। इस स्थिति को 'पल्मोनरी एडिमा' कहा जाता है। यह एक गंभीर मेडिकल इमरजेंसी है। ऐसी स्थिति में मरीज को तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। इस स्थिति को 'पल्मोनरी एडिमा' कहा जाता है। यह एक गंभीर मेडिकल इमरजेंसी है। ऐसी स्थिति में, मरीज को तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

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