Share Market में दमदार शुरुआत: Sensex 400 अंक से ज्यादा चढ़ा, Banking और Realty शेयरों में जोरदार खरीदारी
खबर सार :-
भारतीय शेयर बाजार ने मंगलवार को मजबूत शुरुआत कर निवेशकों का भरोसा बढ़ाया। बैंकिंग, रियल्टी और वित्तीय शेयरों में खरीदारी ने बाजार को सहारा दिया, जबकि मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। हालांकि एफआईआई की बिकवाली और पश्चिम एशिया की भू-राजनीतिक स्थिति अभी भी प्रमुख जोखिम बने हुए हैं। आने वाले दिनों में वैश्विक संकेत और विदेशी निवेशकों की गतिविधियां बाजार की दिशा तय करेंगी।
खबर विस्तार : -
Stock Market Updates: वैश्विक बाजारों से मिले मिश्रित संकेतों और पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव में अस्थायी राहत के बीच मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार ने मजबूत शुरुआत की। सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन घरेलू इक्विटी बाजार हरे निशान में खुला और शुरुआती कारोबार में निवेशकों की खरीदारी देखने को मिली। प्रमुख सूचकांक बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी 50 दोनों में आधे प्रतिशत तक की बढ़त दर्ज की गई, जिससे बाजार का माहौल सकारात्मक बना रहा।
बीएसई सेंसेक्स अपने पिछले बंद 73,524.26 अंक के मुकाबले 511.15 अंकों की छलांग लगाकर 74,035.41 अंक पर खुला। वहीं एनएसई निफ्टी 50 भी 136.05 अंक की मजबूती के साथ 23,259.05 अंक पर कारोबार की शुरुआत करने में सफल रहा। शुरुआती सत्र में निवेशकों की मजबूत भागीदारी के चलते दोनों प्रमुख सूचकांक बढ़त बनाए रखने में सफल रहे।
शुरुआती कारोबार में Sensex 73,900 के पार, Nifty 23,245 के ऊपर
सुबह करीब 9:33 बजे सेंसेक्स 409.79 अंक यानी 0.56 प्रतिशत की तेजी के साथ 73,934.05 अंक पर कारोबार करता दिखाई दिया। वहीं निफ्टी 122.15 अंक यानी 0.53 प्रतिशत की बढ़त के साथ 23,245.15 अंक पर ट्रेड कर रहा था। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद भारतीय बाजार की बुनियादी स्थिति मजबूत बनी हुई है, जिसका असर सूचकांकों पर दिखाई दे रहा है।
Midcap और Smallcap शेयरों में भी शानदार तेजी
भारतीय शेयर बाजार में तेजी केवल बड़े शेयरों तक ही तेजी सीमित नहीं रही, बल्कि व्यापक बाजार में भी उत्साह देखने को मिला। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स में 1.09 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स में 1.01 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई। इससे संकेत मिलता है कि निवेशकों का भरोसा केवल बड़ी कंपनियों पर नहीं बल्कि मध्यम और छोटी कंपनियों पर भी बना हुआ है। विशेषज्ञों के अनुसार, चौथी तिमाही के मजबूत वित्तीय नतीजों और बेहतर विकास संभावनाओं के कारण मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियों में निवेशकों की रुचि लगातार बढ़ रही है। यही वजह है कि इन शेयरों में खरीदारी का रुझान मजबूत बना हुआ है।
बैंकिंग, फाइनेंशियल और रियल्टी सेक्टर बने बाजार के स्टार
सेक्टरवार प्रदर्शन पर नजर डालें तो निफ्टी रियल्टी, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज और निफ्टी बैंक इंडेक्स में 1 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई। इसके अलावा फार्मा, मीडिया, हेल्थकेयर, कंज्यूमर ड्यूरेबल और ऑयल एंड गैस सेक्टरों में भी अच्छी खरीदारी देखने को मिली। हालांकि सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) सेक्टर दबाव में रहा और दिन का सबसे कमजोर प्रदर्शन करने वाला सेक्टर साबित हुआ। आईटी शेयरों में गिरावट के पीछे वैश्विक मांग को लेकर बनी अनिश्चितता को प्रमुख कारण माना जा रहा है।
IndiGo और बैंकिंग शेयरों में तेजी, इंफोसिस और टाइटन पर दबाव
निफ्टी 50 के टॉप गेनर्स में इंडिगो, आईसीआईसीआई बैंक, ग्रासिम इंडस्ट्रीज, ट्रेंट और एक्सिस बैंक शामिल रहे। इन शेयरों में निवेशकों की मजबूत खरीदारी देखने को मिली। दूसरी ओर टाइटन, इंफोसिस, एनटीपीसी, कोल इंडिया और मैक्स हेल्थ केयर के शेयरों में कमजोरी दर्ज की गई, जिसके चलते ये टॉप लूजर्स की सूची में शामिल रहे।
ईरान-इजरायल तनाव और Crude Oil की कीमतों पर नजर
बाजार की दिशा तय करने में पश्चिम एशिया की घटनाएं अहम भूमिका निभा रही हैं। ईरान ने फिलहाल इजरायल पर हमले रोक दिए हैं, लेकिन साथ ही यह चेतावनी भी दी है कि यदि इजरायल लेबनान में अपना सैन्य अभियान जारी रखता है तो तेहरान फिर से कार्रवाई कर सकता है। इस बीच ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत 94 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आना भारतीय बाजार के लिए राहत की खबर माना जा रहा है। कम तेल कीमतें भारत जैसे आयातक देश के लिए सकारात्मक संकेत हैं क्योंकि इससे महंगाई और आयात बिल पर दबाव कम हो सकता है।
FII की बिकवाली बनी चुनौती, बैंकिंग शेयरों में अवसर
विश्लेषकों का कहना है कि विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) की बिकवाली अभी भी चिंता का विषय बनी हुई है। बाजार में उनकी शॉर्ट पोजीशन काफी बड़ी है, जिससे आने वाले कारोबारी सत्रों में उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है। हालांकि बैंकिंग सेक्टर में लगातार बिकवाली के कारण कई मजबूत कंपनियों के शेयर आकर्षक मूल्यांकन पर उपलब्ध हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि दो से तीन वर्ष के निवेश दृष्टिकोण रखने वाले निवेशकों के लिए बैंकिंग सेक्टर में अच्छे अवसर मौजूद हैं। जोखिम और संभावित रिटर्न का संतुलन फिलहाल निवेशकों के पक्ष में दिखाई दे रहा है।
अन्य प्रमुख खबरें
-
सोना-चांदी में जोरदार उछाल, कीमतें आसमान पर
2026-08-22
-
जापान और यूपी एक साथ करेंगे काम, इंफ्रास्ट्रक्चर देखेगा प्रतिनिधि मंडल
2026-08-21
-
सेफ हेवन डिमांड से सोना-चांदी चमकेः गोल्ड 0.75 प्रतिशत और सिल्वर उछली
2026-08-21
-
पीयूष गोयल का भारत-सिंगापुर आर्थिक रिश्तों को और मजबूत करने पर जोर
2026-08-21
-
तेल की कीमतें बढ़ने के बाद भी शेयर बाजार गुलजार
2026-08-21
-
बैंक फ्रॉड मामले में पूर्व DGM समेत 6 को 10 साल की सजा
2026-08-20
-
ब्रिक्स बैठक में डिजिटल ताकत, टेक सहयोग को नई रफ्तार
2026-08-20
-
HDFC सिक्योरिटीज में NAV का झटका, 70% तक गिरा पोर्टफोलियो
2026-08-20
-
RBI का रेट ब्रेक जारी, ग्रोथ-महंगाई ने बदला समीकरण
2026-08-20
-
LIC को RBI की मंजूरी, HDFC Bank में बढ़ेगा दांव
2026-08-20
-
दीया मिर्जा का परफॉर्मेंस अमृता बागची को भाया, इंडस्ट्री में बताया एक अच्छा इंसान
2026-08-20
-
बाजार में लौटी रौनक, सेंसेक्स 558 अंक उछला, निफ्टी 24,200 के पार
2026-08-20
-
यूपी में जापानी निवेश की बड़ी छलांग, 3,195 करोड़ की परियोजनाएं
2026-08-19
-
टैरिफ पर ट्रंप का यू-टर्न, कीस्टोन XL को भी हरी झंडी!
2026-08-19
-
मखाना बाजार 12 हजार करोड़ के करीब, किसानों की कमाई को बूस्ट
2026-08-19