Bithumb bitcoin error : दक्षिण कोरिया में क्रिप्टो बाजार में हड़कंप, एक गलती से अरबों गलत खाते में ट्रांसफर, बिथंब पर नियामकों की सख्त नजर
खबर सार :-
बिथंब का यह मामला क्रिप्टो एक्सचेंजों की तकनीकी कमजोरियों को उजागर करता है। नियामकों की सख्ती से संकेत मिलता है कि निवेशकों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। आने वाले समय में आईटी सिस्टम, आंतरिक नियंत्रण और पारदर्शिता पर कड़े नियम लागू हो सकते हैं, जिससे क्रिप्टो बाजार में भरोसा बहाल करने की कोशिश की जाएगी।
खबर विस्तार : -
Bithumb bitcoin error : दक्षिण कोरिया के प्रमुख क्रिप्टो एक्सचेंज बिथंब (Bithumb) की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। गलती से अरबों डॉलर मूल्य के बिटकॉइन बांटने के मामले में देश के वित्तीय नियामकों ने एक्सचेंज के खिलाफ औपचारिक जांच शुरू कर दी है। यह मामला सामने आने के बाद न सिर्फ निवेशकों में चिंता बढ़ी है, बल्कि क्रिप्टो बाजार की पारदर्शिता और सुरक्षा पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
60 ट्रिलियन वॉन के बिटकॉइन ट्रांसफर
उद्योग से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, बिथंब ने गलती से करीब 60 ट्रिलियन वॉन यानी लगभग 41.2 अरब डॉलर मूल्य के बिटकॉइन ग्राहकों के खातों में दिखा दिए, जबकि उसके पास वास्तविक रूप से इतने बिटकॉइन मौजूद ही नहीं थे। यह घटना शुक्रवार को एक प्रमोशनल इवेंट के दौरान हुई, जब एक्सचेंज को 620,000 वॉन भेजने थे, लेकिन तकनीकी चूक के चलते 620,000 बिटकॉइन 249 ग्राहकों के खातों में ट्रांसफर हो गए।
वित्तीय नियामकों ने शुरू की औपचारिक जांच
योनहाप न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, दक्षिण कोरिया (South Korea) के वित्तीय नियामकों ने सोमवार को बिथंब को औपचारिक रूप से जांच की जानकारी दी। इससे तीन दिन पहले ही अधिकारी एक्सचेंज के दफ्तर का दौरा कर प्राथमिक जांच कर चुके थे। वित्तीय पर्यवेक्षण सेवा (FSS) के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया जा रहा है और बाजार की व्यवस्था को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी कृत्य पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
भारी बिकवाली से बाजार में उथल-पुथल
इस गलती के बाद बिथंब प्लेटफॉर्म पर बिटकॉइन की भारी बिकवाली शुरू हो गई। जिन ग्राहकों के खातों में अचानक बड़ी मात्रा में बिटकॉइन दिखाई दिए, उनमें से कुछ ने तुरंत बिक्री कर दी। बिथंब ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि गलती का पता चलते ही अधिकांश गलत तरीके से भेजे गए बिटकॉइन वापस ले लिए गए। हालांकि, तब तक 1,788 बिटकॉइन बिक चुके थे, जिन्हें वापस पाना संभव नहीं हो सका।
बुक-एंट्री सिस्टम बना बड़ी वजह
एक्सपर्ट्स के अनुसार, बिथंब जैसे केंद्रीकृत क्रिप्टो एक्सचेंज बुक-एंट्री ट्रेडिंग सिस्टम (Book Entry Trading System ) का इस्तेमाल करते हैं। इस सिस्टम में लेन-देन की जानकारी एक्सचेंज के आंतरिक रिकॉर्ड में दर्ज होती है, न कि हर ट्रांजैक्शन (Transaction) को सार्वजनिक ब्लॉकचेन पर तुरंत अपडेट किया जाता है। अगर इस सिस्टम में गड़बड़ी हो जाए, तो असली बिटकॉइन और खातों में दिख रहे बिटकॉइन के बीच अंतर पैदा हो सकता है, जिसे ‘फैंटम बैलेंस’ कहा जाता है।
नए क्रिप्टो कानूनों के बीच बढ़ी सख्ती
रिपोर्ट के मुताबिक, सितंबर के अंत तक बिथंब के पास करीब 42,000 बिटकॉइन थे, जिनमें से सिर्फ 175 बिटकॉइन एक्सचेंज के अपने थे। बाकी सभी बिटकॉइन ग्राहकों के थे। ऐसे में इतनी बड़ी मात्रा में बिटकॉइन का अचानक खातों में दिखना सिस्टम की गंभीर खामी की ओर इशारा करता है। यह जांच ऐसे समय में शुरू हुई है, जब दक्षिण कोरिया की संसद में वर्चुअल एसेट्स से जुड़े नए कानूनों पर चर्चा चल रही है। देश की वित्तीय निगरानी संस्था ने साफ कहा है कि आईटी सिस्टम से जुड़ी किसी भी तरह की लापरवाही पर भविष्य में भारी जुर्माना और सख्त नियम लागू किए जाएंगे।
अन्य प्रमुख खबरें
-
Windfall Tax: सरकार ने पेट्रोल निर्यात पर 5 गुना विंडफॉल टैक्स बढ़ाया
2026-10-16
-
Jio IPO: 21 अक्टूबर को खुलेगा इश्यू, RIL शेयरधारकों को बड़ा मौका
2026-10-15
-
वैश्विक गिरावट बेअसर! सेंसेक्स 570 अंक उछला, निफ्टी भी झूमा
2026-10-15
-
इंडिगो फ्लाइट में आग के बाद DGCA का बड़ा फैसला, पावरबैंक बैन
2026-10-14
-
महंगाई का डबल अटैक! थोक दर 11.39% पर, बाजार से रसोई तक मार
2026-10-14
-
त्योहारी सीजन में धनवर्षा जारी, 7 लाख करोड़ पार होगा कारोबार
2026-10-14
-
सेबी की राहत: मार्च 2027 तक IPO साइज में 50% बदलाव की छूट
2026-10-14
-
मोदी की कनाडा यात्रा से पहले भारत-कनाडा CEPA पर तेज हुई वार्ता
2026-10-14
-
आईटी शेयरों के दम पर सेंसेक्स चढ़ा, निफ्टी में मामूली गिरावट
2026-10-14
-
आईबीएम-एमईआईटीवाई की डील, डीप-टेक स्टार्टअप्स को मिलेगी उड़ान
2026-10-13
-
रुपये में गिरावट पर RBI की नजर, उतार-चढ़ाव थामने की तैयारी
2026-10-13
-
IMF का 7% ग्रोथ अनुमान: भारत की ताकत पर दुनिया का भरोसा
2026-10-13
-
दिवाली के बाद लागू होगा UPI MDR, 10 हजार के पेमेंट पर ₹40 शुल्क
2026-10-13
-
सेमीकंडक्टर में लंबी सोच जरूरी, चिप्स ही भविष्य की बुनियाद
2026-10-13
-
होर्मुज संकट से खाड़ी देशों की अर्थव्यवस्था पर खतरा, तेल 95 डॉलर पार
2026-10-13