B Sudarshan Reddy Vice Presidential Candidate : विपक्ष ने आगामी उप-राष्ट्रपति चुनाव के लिए सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस बी. सुदर्शन रेड्डी को अपना संयुक्त उम्मीदवार बनाया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के नेतृत्व में विपक्ष के वरिष्ठ नेताओं ने नई दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी घोषणा की। विपक्ष ने अपने उम्मीदवार की घोषणा बीजेपी के नेतृत्व वाले एनडीए द्वारा उप-राष्ट्रपति पद के लिए सी.पी. राधाकृष्णन के नाम की घोषणा के बाद की।
सीपी राधाकृष्णन महाराष्ट्र के राज्यपाल हैं और तमिलनाडु बीजेपी के अध्यक्ष रह चुके हैं। उप-राष्ट्रपति का पद पिछले महीने जगदीप धनखड़ के स्वास्थ्य कारणों का हवाला देकर इस्तीफा दे दिया था। उप-राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव 9 सितंबर को होना तय है, और नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 21 अगस्त है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में खड़गे ने कहा कि हम सभी पार्टियां आगामी उप-राष्ट्रपति चुनाव में एक कॉमन कैंडिडेट को खड़ा करने का निर्णय पर पहुंची। सभी विपक्षी पार्टियां एक होकर लड़ने को तैयार हैं। सभी विपक्षी पार्टियां बी. सुदर्शन रेड्डी के नाम पर सहमत दिखाई दे रहीं हैैं। खड़गे ने कहा कि बी. सुदर्शन रेड्डी भारत के कुछ सबसे प्रगतिशील न्यायविदों में से एक हैं।
संविधान तथा गरीबों के प्रति उनके समर्पण पर भी उन्होंने जोर दिया। खड़गे ने आगे कहा कि यह लोकतंत्र और संविधान के लिए बहुत बड़ी उपलब्धि है। जब भी संविधान खतरे में होता है, हम सब मिलकर उसे बचाने के लिए लड़ते हैं। हमने तय किया है कि इस चुनाव में एक ऐसा उम्मीदवार हो, जो देश के लिए अच्छा काम करे।
उन्होंने बताया कि यह एक वैचारिक लड़ाई है और सभी विपक्षी दलों की सहमति के बाद ही यह निर्णय लिया गया है। खड़गे ने मीडिया को बताया कि बी. सुदर्शन रेड्डी 21 अगस्त को अपना नामांकन दाखिल करेंगे। इससे पहले, सभी विपक्षी दलों के सांसद 20 अगस्त को दोपहर 1 बजे संसद के सेंट्रल हॉल में मुलाकात करेंगे।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में तृणमूल कांग्रेस के सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने पुष्टि की कि आम आदमी पार्टी सहित सभी विपक्षी दल एकजुट हैं। डीएमके सांसद तिरुचि शिवा ने बताया कि पूरे विपक्ष ने सभी पहलुओं पर चर्चा करने के बाद ही बी. सुदर्शन रेड्डी के नाम का चयन किया है।
कांग्रेस सांसद के.सी. वेणुगोपाल ने इस लड़ाई को वैचारिक बताते हुए पूर्व उप-राष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के अचानक इस्तीफे पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा, ष्यह एक वैचारिक लड़ाई है, देश को पता ही नहीं कि जगदीप धनखड़ ने उप-राष्ट्रपति पद से इस्तीफा क्यों दिया?
8 जुलाई 1946 को जन्मे बी. सुदर्शन रेड्डी ने बी.ए. और एल.एल.बी. की डिग्री हासिल की है। उनका कानूनी करियर कई दशकों तक फैला हुआ है।
1971ः आंध्र प्रदेश बार काउंसिल से वकील के तौर पर जुड़े और आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट में वकालत शुरू की।
1988-1990ः हाई कोर्ट में सरकारी वकील के रूप में काम किया।
1990ः केंद्र सरकार के लिए छह महीनों तक एडिशनल स्टैंडिंग काउंसल के तौर पर भी काम किया।
1995ः आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट के जज नियुक्त हुए।
2005ः गुवाहाटी हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश बने।
2007ः सुप्रीम कोर्ट के जज बनाए गए और 2011 में सेवानिवृत्त हुए।
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