मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई के बाद भी बरस रहे बदरा, आज 16 जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश के आसार

खबर सार :-

मध्य प्रदेश के ऊपर बने एक सक्रिय मौसम प्रणाली की वजह से बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने आज जबलपुर, सतना समेत 16 जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना जताई है।
मध्य प्रदेश में मौसम सिस्टम सक्रिय, आज 16 जिलों में बारिश की संभावना

खबर विस्तार : -

भोपाल: मध्य प्रदेश से मानसून की विदाई के बाद भी मौसम पूरी तरह साफ नहीं हुआ है। राज्य के ऊपर एक सक्रिय मौसम प्रणाली के कारण, अगले तीन दिनों तक पूर्वी क्षेत्र के कई जिलों में बारिश, आंधी-तूफान और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है। बुधवार को जबलपुर, रीवा, सतना और शहडोल समेत 16 जिलों में बारिश की उम्मीद है; वहीं, भोपाल और इंदौर समेत पश्चिमी क्षेत्र में दिन में तेज धूप खिलेगी और रात में मौसम ठंडा रहेगा।

पिछले दो दिनों में पूर्वी मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज बदला है। मंगलवार को रीवा, शहडोल और सागर संभाग के कई इलाकों में बारिश हुई। भोपाल स्थित मौसम केंद्र के अनुसार, राज्य के ऊपर एक चक्रवाती परिसंचरण (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) सक्रिय है, जिसके कारण ये बारिश हो रही है।

इन जिलों में बारिश का अलर्ट

अगले 24 घंटों में जबलपुर, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, डिंडोरी, अनूपपुर, मंडला और बालाघाट में आंधी-तूफान के साथ बारिश का अनुमान है। कुछ इलाकों में तेज हवाएं और झोंके भी चल सकते हैं। 8 और 9 अक्टूबर को भी पूर्वी मध्य प्रदेश में बारिश का असर बने रहने की संभावना है। 10 अक्टूबर से इस सिस्टम के कमजोर पड़ने की उम्मीद है।

दिन में धूप और रातें होंगी ठंड

फिलहाल राज्य के पश्चिमी हिस्से में बारिश की गतिविधि कम रहेगी। भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम के साथ-साथ ग्वालियर और चंबल संभाग में दिन में तेज धूप रहने की उम्मीद है, हालांकि रातें ठंडी रहेंगी। मौसम विभाग के अनुसार, पिछले दशक के आंकड़ों से पता चलता है कि अक्टूबर में आमतौर पर बारिश, गर्मी और ठंड का मिला-जुला मौसम रहता है। इस साल भी ऐसा ही ट्रेंड रहने की उम्मीद है; अक्टूबर की शुरुआत में मौसम साफ होने और दिन में धूप तेज होने के बावजूद, रात के तापमान में भी गिरावट देखी जा रही है।

कई शहरों में गिरा न्यूनतम तापमान

रात के तापमान में गिरावट का असर कई शहरों में दिख रहा है। मंगलवार रात इंदौर में न्यूनतम तापमान 17.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान पचमढ़ी में 18 डिग्री, छिंदवाड़ा में 18.2 डिग्री, शाजापुर में 18.3 डिग्री और अमरकंटक-करौंदी में 18.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके उलट, दिन में गर्मी बनी हुई है; ग्वालियर में अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस से ऊपर है।

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लगभग 100 दिनों तक सक्रिय रहा मानसून

इस साल मध्य प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून लगभग 100 दिनों तक सक्रिय रहा। यह 24 जून को राज्य में आया और 3 अक्टूबर तक पूरी तरह से वापस चला गया। मानसून के मौसम में कुल 908.4 मिमी (35.8 इंच) बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य बारिश 949.5 मिमी (37.3 इंच) से 1.5 इंच कम है। नतीजतन, राज्य में कुल बारिश सामान्य से लगभग 4 प्रतिशत कम रही। पूर्वी मध्य प्रदेश में सामान्य से 4 प्रतिशत अधिक बारिश हुई, जबकि पश्चिमी क्षेत्र में औसत से 12 प्रतिशत कम बारिश हुई।

इन जिलों में मिला-जुला रहा असर

पूर्वी मध्य प्रदेश के जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल डिवीजनों में कुल बारिश सामान्य से 4 प्रतिशत अधिक रही। हालांकि, इन डिवीजनों के कुछ जिलों में बारिश की कमी दर्ज की गई। बालाघाट, छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, रीवा, सागर और सिवनी में सामान्य से 5 से 21 प्रतिशत कम बारिश हुई। पश्चिमी क्षेत्र के कई जिलों में मानसून कमजोर रहा। अलीराजपुर, अशोकनगर, बड़वानी, बैतूल, देवास, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, खंडवा, मंदसौर, मुरैना, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन और विदिशा में बारिश की कमी 9 से 51 प्रतिशत के बीच दर्ज की गई।

25 जिलों में सामान्य हुई बारिश

राज्य के 25 जिलों ने मानसून के दौरान अपना बारिश का कोटा पूरा किया। इनमें भोपाल, राजगढ़, बुरहानपुर, खरगोन, कटनी, मंडला, डिंडौरी, ग्वालियर, गुना, दतिया, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी और मैहर शामिल हैं। साथ ही आगर-मालवा, भिंड, श्योपुर, सिंगरौली, सीधी, सतना, मऊगंज, शहडोल, उमरिया और अनूपपुर में सामान्य वर्षा दर्ज की गई। 

30 जिलों में कम हुई बरसात

मानसून के आंकड़ों के मुताबिक, राज्य के 30 जिलों में बारिश सामान्य से कम रही। इनमें नरसिंहपुर, दमोह, बालाघाट, अशोकनगर, मुरैना, मंदसौर, खंडवा, बड़वानी, नीमच, जबलपुर, रीवा, सागर, देवास, सिवनी, सीहोर, शिवपुरी और रायसेन शामिल हैं। इनके अलावा छिंदवाड़ा, विदिशा, शाजापुर, पांढुर्णा, इंदौर, उज्जैन, बैतूल, हरदा, नर्मदापुरम, रतलाम, झाबुआ, धार और अलीराजपुर में भी बारिश का आंकड़ा सामान्य से कम रहा।

FAQ

1- मध्य प्रदेश में बारिश क्यों हो रही है?

मध्य प्रदेश के ऊपर एक चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है, जिसके कारण ये बारिश हो रही है।

2- इस मानसून सीजन में मध्य प्रदेश में कितनी बारिश हुई?

 मानसून के मौसम में कुल 908.4 मिमी (35.8 इंच) बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य बारिश 949.5 मिमी (37.3 इंच) से 1.5 इंच कम है।

3- आज किन-किन जिलों में बारिश की संभावना है? 

मौसम विभाग ने आज प्रदेश के 16 जिलों में बारिश की संभावना जताई है, इनमें जबलपुर, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, डिंडोरी, अनूपपुर, मंडला और बालाघाट शामिल हैं।

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