BRICS Summit 2026 और यूपी की कानून-व्यवस्था पर अखिलेश का योगी सरकार पर हमला

खबर सार :-

अखिलेश यादव ने BRICS Summit 2026, गुंडा एक्ट, किसानों की समस्याओं और यूपी की कानून-व्यवस्था को लेकर योगी सरकार पर तीखा हमला बोला और लोकतंत्र में सवाल पूछने की आजादी पर जोर दिया।
BRICS Summit 2026: अखिलेश ने लोकतंत्र से लेकर किसानों तक उठाए सवाल

खबर विस्तार : -

लखनऊः समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने BRICS Summit 2026, उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था, गुंडा एक्ट के कथित दुरुपयोग और किसानों के मुद्दे को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार पर तीखा हमला बोला है। लखनऊ में पत्रकारों से बातचीत के दौरान अखिलेश ने कहा कि केवल बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजनों से देश या प्रदेश की तस्वीर नहीं बदलती। विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए लोकतांत्रिक मूल्यों, राज्य सरकारों के सहयोग और जनता को सवाल पूछने की आजादी जरूरी है।

BRICS समिट को लेकर अखिलेश ने उठाए सवाल

BRICS Summit 2026 पर प्रतिक्रिया देते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजन भारत को दूसरे देशों के साथ विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग का अवसर देते हैं। हालांकि, उनके मुताबिक देश के विकास में राज्य सरकारों की भूमिका भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। अखिलेश ने लोकतंत्र में सवाल पूछने के अधिकार को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर कोई व्यक्ति राज्य सरकार से सवाल पूछता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर देश 'विकसित भारत' का सपना देख रहा है तो लोकतंत्र में कम से कम सवाल पूछने की स्वतंत्रता बनी रहनी चाहिए। सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि केवल आयोजन करने या असहज सवालों को दबाने से देश की वास्तविक तस्वीर सामने नहीं आती। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सरकारों की जवाबदेही और पारदर्शिता भी विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

किसानों और खेती पर भी सरकार को घेरा

अखिलेश यादव ने BRICS के संदर्भ में खेती-किसानी की स्थिति को लेकर भी सरकार से सवाल किया। उन्होंने पूछा कि भारत कृषि क्षेत्र में कितनी प्रगति कर रहा है और किसानों को उनकी फसलों का उचित मूल्य क्यों नहीं मिल रहा है।

उन्होंने 'रीजेनरेटिव एग्रीकल्चर' का मुद्दा उठाते हुए सरकार से पूछा कि किसानों को किस फसल का सही दाम मिल रहा है। कन्नौज का उदाहरण देते हुए अखिलेश ने कहा कि वहां के किसानों को आलू का भी उचित मूल्य नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने खाद की उपलब्धता को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाया। अखिलेश के मुताबिक जब किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य और जरूरी कृषि सामग्री तक उपलब्ध नहीं हो रही है, तो कृषि क्षेत्र की प्रगति के दावों पर सवाल उठना स्वाभाविकउत्तर प्रदेश में गुंडा एक्ट के कथित दुरुपयोग को लेकर इलाहाबाद हाई कोर्ट की टिप्पणी का हवाला देते हुए अखिलेश यादव ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि जब तक मौजूदा मुख्यमंत्री और सरकार सत्ता में हैं, तब है।

गुंडा एक्ट को लेकर योगी सरकार पर निशाना

उत्तर प्रदेश में गुंडा एक्ट के कथित दुरुपयोग को लेकर इलाहाबाद हाई कोर्ट की टिप्पणी का हवाला देते हुए अखिलेश यादव ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि जब तक मौजूदा मुख्यमंत्री और सरकार सत्ता में हैं, तब तक प्रदेश में कानून का राज स्थापित नहीं हो सकता।

अखिलेश ने आरोप लगाया कि सरकार मनमानी कर रही है और पुलिस को खुली छूट मिली हुई है। उन्होंने कहा कि यदि हाई कोर्ट को भी गुंडा एक्ट के इस्तेमाल में खामियां नजर आ रही हैं, तो यह सरकार के कामकाज पर गंभीर सवाल खड़े करता है। सपा अध्यक्ष ने कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि पुलिस और प्रशासन का इस्तेमाल राजनीतिक या मनमाने तरीके से नहीं होना चाहिए। उनके मुताबिक लोकतंत्र में कानून का समान रूप से पालन और संस्थाओं की स्वतंत्रता बेहद जरूरी है।

विकास के साथ लोकतांत्रिक जवाबदेही पर जोर

अखिलेश यादव के बयान में अंतरराष्ट्रीय कूटनीति से लेकर स्थानीय प्रशासन और किसान समस्याओं तक कई मुद्दे शामिल रहे। उन्होंने BRICS जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय मंचों को भारत के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए यह सवाल भी उठाया कि ऐसे आयोजनों का वास्तविक लाभ राज्यों और आम जनता तक किस तरह पहुंचेगा। उनका जोर इस बात पर रहा कि विकसित भारत का लक्ष्य केवल आर्थिक या अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियों से पूरा नहीं होगा। इसके लिए किसानों को उचित दाम, जरूरी कृषि संसाधनों की उपलब्धता, कानून का निष्पक्ष शासन और नागरिकों को सरकार से सवाल पूछने की स्वतंत्रता भी सुनिश्चित करनी होगी।

यह भी पढ़ेंः-BRICS Summit को कांग्रेस बता रही तमाशा, BJP ने कहा गौरव के पल

अन्य प्रमुख खबरें