मुंबईः वैश्विक घटनाओं का असर शेयर बाजार पर पड़ना लाजमी है। इजराइल और ईरान के बीच तनाव बढ़ने का असर शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार पर भी देखने को मिला। यहां सूचकांकों में गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि, शुरुआती कारोबार में ऑटो, आईटी, फाइनेंशियल सर्विस और पीएसयू बैंक सेक्टर में बिकवाली देखी गई है। बाजार लाल निशान में खुले हैं।
भारतीय शेयर बाजार आज सुबह करीब 9.33 बजे, सेंसेक्स 896.5 अंकों की गिरावट के साथ 80,795.44 पर कारोबार कर रहा था, जबकि निफ्टी 278.5 अंक की गिरावट के साथ 24,609.70 पर कारोबार कर रहा था। निफ्टी बैंक 1.13 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 55,448.75 पर कारोबार कर रहा था। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 1.03 प्रतिशत की गिरावट के बाद 57,836.95 पर कारोबार कर रहा था। निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 1.04 प्रतिशत की कमजोरी के बाद 18,272.30 पर था।
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि इजराइल और ईरान के बीच बढ़ता तनाव बाजार के लिए उचित नहीं है। यदि ईरान की ओर से जवाबी हमला किया गया और तनाव लंबे समय तक चलता है, तो इजराइल के इस हमले के आर्थिक परिणाम गहरे हो सकते हैं। इजराइल ने घोषणा की है कि यह ऑपरेशन आगे कई दिनों तक जारी रहेगा। इस संबंध में जियोजित इन्वेस्टमेंट लिमिटेड के मुख्य निवेश रणनीतिकार डॉ. वीके विजयकुमार ने कहा कि बाजार पर प्रभाव इस बात पर निर्भर करेगा कि यह मौजूदा संघर्ष कितने समय तक जारी रहता है। निकट भविष्य में बाजार रिस्क-ऑफ मोड में रहेगा। एविएशन, पेंट, एडहेसिव और टायर जैसे ऑयल डेरिवेटिव का इस्तेमाल करने वाले सेक्टर को भारी नुकसान होगा। ओएनजीसी और ऑयल इंडिया जैसे ऑयल प्रोड्यूसर मजबूत बने रहेंगे।
बाजार विश्लेषकों के अनुसार, मध्य पूर्व में भू-राजनीतिक तनाव बढ़ने के संकेत मिलने की वजह से निफ्टी में गुरुवार को एक प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई थी। आज सुबह इजराइल ने ईरान पर हमले शुरू कर दिए हैं और इससे बाजारों में व्यापक आधार पर जोखिम से बचने की प्रवृत्ति देखी जा रही है। एक्सिस सिक्योरिटीज के शोध प्रमुख अक्षय चिंचलकर ने कहा कि तकनीकी रूप से, निफ्टी पर काफी असर दिख रहा है। हमने बुधवार को ही चेतावनी दी थी कि 'बायर रिजेक्शन' कैंडल का आना सावधानी बरतने का संकेत था। इस बीच, सेंसेक्स पैक में टाटा मोटर्स, एलएंडटी, पावरग्रिड, कोटक महिंद्रा बैंक, एसबीआई, टाइटन और इंफोसिस टॉप लूजर्स रहे।
एशियाई बाजारों में, हांगकांग, बैंकॉक, जकार्ता, जापान, सोल और चीन लाल निशान में कारोबार कर रहे थे। अमेरिकी बाजारों में पिछले कारोबारी सत्र में, डॉउ जोन्स फ्यूचर्स 101.85 अंक या 0.24 प्रतिशत की बढ़त के साथ 42,967.62 पर बंद हुआ। एसएंडपी 500 इंडेक्स 23.02 अंक या 0.38 प्रतिशत की बढ़त के साथ 6,045.26 पर बंद हुआ और नैस्डैक 46.61 अंक या 0.24 प्रतिशत की बढ़त के साथ 19,662.49 पर बंद हुआ। विदेशी संस्थागत निवेशकों यानी एफआईआई ने दूसरे दिन भी अपनी बिकवाली जारी रखी और 12 जून को 3,831.42 करोड़ रुपए के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों यानी डीआईआई ने उसी दिन 9,393.85 करोड़ रुपए के शेयर खरीदे।
अन्य प्रमुख खबरें
ज्वैलरी खरीदने का बेहतरीन मौका, सोने की कीमतों में लगातार तीसरे दिन गिरावट, 1310 रुपये तक टूटा भाव
भारत–मालदीव के बीच तीन गुना बढ़ा भरोसा, व्यापारिक रिश्तों को मिली नई ऊँचाई
LPG Price Hike: नए साल के पहले दिन महंगाई का तड़का, गैस सिलेंडर 111 रुपये हुआ महंगा
नए साल 2026 की सकारात्मक शुरुआत, सेंसेक्स-निफ्टी में तेजी, निवेशकों को मिला भरोसा
भारतीय सेंसेक्स में 545 अंकों की बढ़ोत्तरी, आंकड़ा 85,220 अंकों के पार
वर्ष 2025 के आखिरी दिन ग्लोबल मार्केट पर मिला-जुला असर
साल के आखिरी दिन हरे निशान में खुला भारतीय शेयर बाजार, मेटल स्टॉक्स में शानदार उछाल
भारतीय शेयर बाजार धड़ाम, निवेशकों को 22 हजार करोड़ का नुकसान
2026 में मजबूत रहेगा भारतीय शेयर बाजार, कंपनियों की आय में सुधार की उम्मीद : रिपोर्ट
शेयर बाजार में बिकवाली का दबाव, सेंसेक्स और निफ्टी में मामूली गिरावट
चांदी की कीमतों में 12,000 रुपए का उछाल, सोना पहुंचा 1,36,403 रुपये
कुमार मंगलम बिड़ला के लिए आसान नहीं था पिता की कंपनी ज्वाइन करना, एक CA की संघर्ष और सफलता की कहानी
Gold Silver Rate Today: चांदी ने बनाया नया रिकॉर्ड, पहली बार 2.5 लाख रुपये के पार, सोना भी हुआ महंगा
सोने-चांदी की कीमतों में आई तूफानी तेजी, प्लैटिनम के भी बढ़े भाव