रलायता की रात्रि चैपाल में गूंजे विकास और राजनीति के मुद्दे, ग्रामीणों ने खुलकर रखीं समस्याएं

खबर सार :-
'रात की चौपाल' के दौरान, ग्रामीणों ने खुलकर अपनी चिंताएँ ज़ाहिर कीं। रलायता में हुई इस सभा में बोलते हुए, विधायक डॉ. लालाराम बैरवा ने कहा पहली बार सरकार अपने कामकाज की रिपोर्ट पेश करने के लिए गाँव के स्तर तक पहुँची है।

रलायता की रात्रि चैपाल में गूंजे विकास और राजनीति के मुद्दे, ग्रामीणों ने खुलकर रखीं समस्याएं
खबर विस्तार : -

भीलवाड़ाः शाहपुरा पंचायत समिति के रलायता गांव में आयोजित रात्रि चैपाल विकास, राजनीति और जनसमस्याओं का ऐसा मंच बन गई, जहां ग्रामीणों ने अपनी परेशानियों को खुलकर प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के सामने रखा। ग्राम रथ के माध्यम से सरकार की योजनाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने के अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में विधायक डॉ. लालाराम बैरवा मुख्य रूप से मौजूद रहे। उनके संबोधन ने जहां ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी दी, वहीं कांग्रेस सरकार पर तीखे राजनीतिक हमले भी चर्चा का केंद्र बने रहे।

ग्रामीणों ने सामने रखी समस्याएं

ग्राम रथ के गांव पहुंचते ही माहौल पूरी तरह राजनीतिक रंग में रंग गया। विधायक बैरवा ने कहा कि प्रदेश में पहली बार ऐसी सरकार काम कर रही है, जो सीधे गांवों में पहुंचकर जनता को अपना रिपोर्ट कार्ड दे रही है। उन्होंने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकार जनता से कट चुकी थी और होटल राजनीति में उलझकर केवल अपनी सत्ता बचाने में लगी रही। उनके अनुसार युवाओं, किसानों, महिलाओं और बेरोजगारों के हितों की अनदेखी की गई, जबकि वर्तमान सरकार हर वर्ग को योजनाओं से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने का काम कर रही है।

रात्रि चैपाल में ग्रामीणों ने भी अपनी समस्याएं खुलकर रखीं। गांव में पेयजल संकट, टूटी हुई सड़कें, बिजली व्यवस्था में सुधार, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, खेती की जमीनों तक रास्तों की समस्या, आवास योजनाओं में पात्र लोगों को लाभ नहीं मिलने जैसे मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए। ग्रामीणों ने बताया कि कई समस्याएं लंबे समय से लंबित हैं, लेकिन समाधान नहीं हो पा रहा है।

अधिकारियों को दिए निर्देश

ग्रामीणों की शिकायतों को सुनने के बाद विधायक बैरवा ने अधिकारियों को मौके पर ही निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि समस्याओं का समाधान केवल फाइलों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि उसका असर जमीन पर दिखाई देना चाहिए। कई मामलों में तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए तथा संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी भी तय की गई।

विधायक ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य अंतिम पंक्ति में बैठे व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे सरकारी योजनाओं की जानकारी लें और पात्र लोगों को भी लाभ दिलाने के लिए आगे आएं।

कार्यक्रम के दौरान प्रशासनिक अमला भी पूरी तरह सक्रिय नजर आया। रात्रि चैपाल में फुलियाकलां एसडीएम ओम प्रकाश, तहसीलदार रामदेव धाकड़, बीडीओ प्रकाशचंद स्वर्णकार, एसीबीईओ डॉ. सत्यनारायण कुमावत, भाजपा जिला मंत्री राजेंद्र बोहरा, महामंत्री रामजस गुर्जर, कमला देवी सरपंच प्रशासक, शिवबहादुर सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
 

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