कोलकाता: ऐतिहासिक ईडन गार्डन्स स्टेडियम की घूमती और तेज गेंदबाजों को मदद पहुंचाती पिच पर कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) ने अपनी जुझारू क्षमता का बेजोड़ प्रदर्शन करते हुए मुंबई इंडियंस (MI) को 4 विकेट से शिकस्त दे दी। टाटा आईपीएल 2026 के 65वें मुकाबले में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी मुंबई की टीम निर्धारित 20 ओवरों में 8 विकेट खोकर केवल 147 रन ही बना सकी। जवाब में, एक समय संकट में दिख रही कोलकाता ने 7 गेंदें शेष रहते ही 6 विकेट खोकर इस पेचीदा लक्ष्य को हासिल कर लिया। इस धमाकेदार जीत के साथ ही नाइट राइडर्स ने टूर्नामेंट के प्लेऑफ की रेस में खुद को मजबूती से बनाए रखा है, जबकि मुंबई इंडियंस को एक और दिल तोड़ने वाली हार का सामना करना पड़ा।
इससे पहले, कोलकाता नाइट राइडर्स के कप्तान अजिंक्य रहाणे ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया, जिसे उनके तेज गेंदबाजों ने शुरुआती ओवरों में ही पूरी तरह सही साबित कर दिखाया। केकेआर के घातक ऑलराउंडर कैमरन ग्रीन ने अपने पहले ही स्पेल में मुंबई इंडियंस को दो करारे झटके दिए। ग्रीन ने सबसे पहले खतरनाक सलामी बल्लेबाज रायन रिकलटन (6 रन) को पवेलियन का रास्ता दिखाया, जिनका कैच मनीष पांडे ने हवा में लहराती गेंद के नीचे खुद को बखूबी संभालते हुए लपका। इसके तुरंत बाद अगली कुछ गेंदों के भीतर ग्रीन ने नमन धीर को बिना खाता खोले एलबीडब्लू कर मुंबई के खेमे में खलबली मचा दी।
शुरुआती झटकों से मुंबई अभी उबर भी नहीं पाई थी कि कोलकाता के युवा सनसनीखेज तेज गेंदबाज सौरभ दुबे ने अपनी रफ्तार और सटीक लाइन-लेंथ से मेहमान टीम पर दबाव दोगुना कर दिया। सौरभ ने पावरप्ले के अंदर ही महान बल्लेबाज रोहित शर्मा (15 रन) को आउट कर स्टेडियम में बैठे हजारों प्रशंसकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। रोहित का कैच मिड-ऑफ़ पर पीछे की तरफ दौड़ते हुए कैमरन ग्रीन ने अद्भुत फुर्ती दिखाते हुए पकड़ा। सौरभ दुबे यहीं नहीं रुके, उन्होंने फॉर्म में चल रहे सूर्यकुमार यादव को भी जल्द ही चलता कर दिया, जिससे मुंबई इंडियंस का शीर्ष क्रम पूरी तरह बिखर गया और पावरप्ले के भीतर ही टीम बैकफुट पर आ गई।
चार विकेट जल्दी गिर जाने के बाद तिलक वर्मा और कप्तान हार्दिक पांड्या (26 रन) ने मिलकर पारी को संभालने और स्कोर को आगे बढ़ाने का पुरजोर प्रयास किया। लेकिन मध्य ओवरों में कोलकाता के स्पिन जुड़वां सुनील नरेन और वरुण चक्रवर्ती ने अपनी किफायती गेंदबाजी से मुंबई के बल्लेबाजों के हाथ पूरी तरह बांध दिए। इन दोनों ने रन गति पर ऐसा शिकंजा कसा कि बड़े शॉट्स लगाना नामुमकिन हो गया।
हालांकि, इसी बीच मैदान पर एक अजीबोगरीब वाकया देखने को मिला जब तालमेल की भारी कमी के कारण एक बड़ा कैच टल गया। गेंद हवा में बहुत ऊपर गई थी, लेकिन विकेटकीपर अंगकृष रघुवंशी और स्पिनर वरुण चक्रवर्ती में से किसी ने भी कॉल नहीं की, नतीजा यह हुआ कि गेंद दोनों के बीच सुरक्षित जमीन पर गिर गई। हालांकि, मुंबई इस जीवनदान का पूरा फायदा नहीं उठा सकी। अंतिम ओवरों में बल्लेबाजी के लिए आए कोरबिन बॉश ने कोलकाता के गेंदबाजों पर जवाबी हमला बोलते हुए मैच का पासा पलटने की कोशिश की। बॉश ने महज 18 गेंदों में ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 32 रन कूटे, जिसकी बदौलत मुंबई इंडियंस किसी तरह 147 रनों के सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचने में सफल रही।
चुनौतीपूर्ण पिच पर 148 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी कोलकाता नाइट राइडर्स की शुरुआत भी बेहद खराब रही। मुंबई के अनुभवी तेज गेंदबाज दीपक चाहर ने पहले ही ओवर में केकेआर के विस्फोटक ओपनर फिन एलन (8 रन) को आउट कर कोलकाता को तगड़ा झटका दिया। इसके बाद कप्तान अजिंक्य रहाणे (17 गेंदों में 21 रन) और मनीष पांडे ने मिलकर पारी को स्थिरता देने की कोशिश की, लेकिन मुंबई के गेंदबाजों ने नियमित अंतराल पर विकेट चटकाकर मैच में अपनी पकड़ ढीली नहीं होने दी। एक समय कोलकाता की टीम गहरे संकट में नजर आ रही थी और रन गति भी लगातार ऊपर जा रही थी।
ऐसे नाजुक मौके पर अनुभवी मनीष पांडे और वेस्टइंडीज के धाकड़ बल्लेबाज रोवमैन पॉवेल ने मोर्चा संभाला। दोनों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए न सिर्फ दबाव को सोखा, बल्कि मैदान के चारों तरफ शानदार शॉट्स खेलकर 47 गेंदों में 64 रनों की मैच जिताऊ साझेदारी कर डाली। मनीष पांडे ने अपने अपार अनुभव का इस्तेमाल करते हुए 33 गेंदों में 6 चौकों की मदद से बेहद सधी हुई 45 रनों की पारी खेली। वहीं, दूसरी छोर से रोवमैन पॉवेल ने भी उनका पूरा साथ निभाते हुए 30 गेंदों में 40 रन बनाए, जिसमें दो गगनचुंबी छक्के शामिल थे।
जब मुकाबला पूरी तरह कोलकाता के पक्ष में झुक चुका था, तभी मुंबई के कोरबिन बॉश ने गेंद से दोबारा कमाल करते हुए लगातार विकेट चटकाए और मैच में रोमांच ला दिया। बॉश ने बैकवर्ड पॉइंट पर एक अकल्पनीय कैच लपककर रोवमैन पॉवेल को आउट किया और कुल 30 रन देकर 3 विकेट झटके। हालांकि, बॉश का यह प्रयास मुंबई को जीत दिलाने के लिए नाकाफी साबित हुआ। अंत में अनुकूल रॉय और रिंकू सिंह ने बिना कोई और नुकसान किए बेहद शांति से टीम को लक्ष्य के पार पहुंचा दिया। कोलकाता ने 18.5 ओवरों में 6 विकेट खोकर मैच अपने नाम कर लिया। दबाव की स्थिति में बेहतरीन मैच जिताऊ पारी खेलने के लिए मनीष पांडे को 'प्लेयर ऑफ द मैच' के पुरस्कार से नवाजा गया।