Delhi Lal Kila Blast: नई दिल्ली में लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास सोमवार शाम हुए कार धमाके ने पूरे देश को झकझोर दिया है। हरियाणा नंबर की हुंडई आई20 कार में हुए विस्फोट में कम से कम 10 लोगों की मौत और कई घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद जांच एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं और सोशल मीडिया, मोबाइल कम्युनिकेशन समेत हर डिजिटल गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है।
सूत्रों के अनुसार, जांच एजेंसियां अब मोबाइल फोन के डंप डेटा को खंगालने में जुटी हैं। लाल किले के आसपास ऑपरेट हुए सभी मोबाइल नंबरों का डेटा लिया जा रहा है, ताकि धमाके से पहले और बाद के कॉल डिटेल्स तथा लोकेशन की जानकारी मिल सके। पार्किंग में मौजूद गाड़ियों से जुड़े मोबाइल नंबरों की पहचान की जा रही है। जांचकर्ताओं का मानना है कि धमाके से जुड़ा नेटवर्क इसी डेटा से उजागर हो सकता है।
सूत्रों ने बताया कि केवल दिल्ली ही नहीं, बल्कि फरीदाबाद क्षेत्र से भी मोबाइल डंप डेटा लिया जा रहा है। इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि धमाके के वक्त किन लोगों के बीच संपर्क था और क्या उनका किसी संदिग्ध नेटवर्क से संबंध है। इस डेटा विश्लेषण से उन नंबरों की पहचान की जा सकती है जो विस्फोट से सीधे या अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े हों।
दिल्ली के कोतवाली थाने में धमाके को लेकर एफआईआर दर्ज की गई है। यह एफआईआर लालकिले पुलिस चौकी के सब इंस्पेक्टर विनोद नयन के बयान पर आधारित है। उन्होंने बताया कि धमाके की आवाज सुनते ही वे चौकी से बाहर निकले तो पार्किंग में आग लगी हुई थी। उन्होंने तुरंत वरिष्ठ अधिकारियों और कंट्रोल रूम को सूचना दी और घायलों को अस्पताल पहुंचाने में मदद की। पुलिस अब आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों और डंप डेटा की मदद से धमाके के पीछे की साजिश का पता लगाने में जुटी है।
घटना के बाद दिल्ली पुलिस, एनआईए और इंटेलिजेंस ब्यूरो सहित कई एजेंसियां अलर्ट पर हैं। लाल किला और आसपास के इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। दिल्ली मेट्रो, रेलवे स्टेशन और प्रमुख बाजारों में भी सुरक्षा जांच कड़ी कर दी गई है।
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