Assam Floods: सीएम हिमंत ने बाढ़ प्रभावित इलाकों का किया दौरा, राहत कार्यों का लिया जायजा
खबर सार :-
Assam Flood: असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि शिवसागर और चराइदेव ज़िलों में बाढ़ से हुई तबाही, टीवी पर दिखाए जा रहे दृश्यों की तुलना में कहीं ज़्यादा गंभीर है।
खबर विस्तार : -
Assam Floods: असम में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश से आई विनाशकारी बाढ़ ने जमकर तबाही मचाई है। बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 100 के करीब पहुंच गई है। वहीं सोमवार को असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा (Himanta Biswa Sarma ) ने बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया । साथ ही राज्य में आई बाढ़ से प्रभावित परिवारों के लिए एक बड़े राहत पैकेज की घोषणा की। उन्होंने बताया कि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के ज़रिए लाभार्थियों के बैंक खातों में लगभग 160 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर की गई है।
सीएम सरमा ने 75,000 से अधिक परिवारों को दी अंतरिम सहायता
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री सरमा ने बताया कि चार ज़िलों में सबसे ज़्यादा प्रभावित लगभग 75,000 परिवारों के बैंक खातों में 15,000 रुपये प्रति परिवार की अंतरिम सहायता राशि ट्रांसफर की गई है। इसके अलावा, पात्र लाभार्थियों को 'PM सूर्य घर योजना' के तहत राज्य सरकार की सब्सिडी भी दी गई। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार का मकसद प्रभावित परिवारों तक तुरंत आर्थिक मदद पहुँचाना है ताकि वे बिना किसी देरी के अपनी ज़िंदगी को पटरी पर ला सकें। अंतिम मुआवज़े की राशि का निर्धारण एक व्यापक सर्वे और आकलन के बाद किया जाएगा।
प्रभावित परिवारों को 10,000 की अतिरिक्त सहायता मिलेगी
Himanta Biswa Sarma ने यह भी घोषणा की कि आने वाले दिनों में शिवसागर और चराइदेव में बुरी तरह प्रभावित परिवारों को ₹10,000 की अतिरिक्त सहायता राशि जारी की जाएगी। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया, लोगों से मुलाकात की और उनकी शिकायतें सुनीं। उन्होंने प्रभावित परिवारों को भरोसा दिलाया कि इस मुश्किल समय में राज्य सरकार मजबूती से उनके साथ खड़ी है और हर संभव मदद दी जाएगी। इस प्राकृतिक आपदा ने हमारे लोगों का बहुत कुछ छीन लिया है। अब, बाढ़ से प्रभावित हर परिवार का पुनर्वास हमारी ज़िम्मेदारी है।"
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असम में बाढ़ ने मचाई भारी तबाही
CM ने यह भी बताया कि बाढ़ ने ऊपरी असम में भारी तबाही मचाई है। ऊपरी इलाकों में सामान्य से 400 प्रतिशत ज़्यादा बारिश के कारण उन ज़िलों में भी अचानक बाढ़ (flash floods) आ गई जहां आमतौर पर ऐसी बाढ़ नहीं आती। सीएम ने कहा- मैं लगातार स्थिति पर नज़र रख रहा हूं, जबकि मेरे तीन सहयोगी आपदा की शुरुआत से ही जमीनी स्तर पर काम कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने नेपाली खुटी गांव का भी दौरा किया, जो हाल की बाढ़ से सबसे ज़्यादा प्रभावित इलाकों में से एक था।
उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में असम की एकजुटता की भावना साफ दिख रही है, यहां तक कि छोटे बच्चे भी राहत कार्यों के लिए अपनी गुल्लक की बचत दान कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "ये सिर्फ़ गुल्लक नहीं हैं; ये असम के ज़बरदस्त बाढ़ राहत अभियान में हमारे बच्चों के योगदान को दर्शाते हैं। तबाही का पैमाना बहुत बड़ा है, फिर भी प्रशासन राहत और पुनर्वास कार्यों के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है, और जल्द से जल्द हालात सामान्य कर दिए जाएंगे।"
Assam Floods: सीएम ने इन इलाकों का किया दौरा
मुख्यमंत्री ने चराइदेव जिले में बाढ़ प्रभावित इलाकों का नाव से दौरा किया। उन्होंने देखा कि पानी का स्तर घटने के बावजूद, कई जगहों पर पानी अभी भी जमा हुआ है। दौरे के दौरान, वह अपने घरों को लौट चुके लोगों से मिले और उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। शिवसागर में, स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री को बार-बार आने वाली बाढ़ और दिखो नदी से पैदा होने वाले ख़तरे के बारे में बताया। इसके जवाब में, सरकार ने भविष्य में इलाके को बाढ़ से बेहतर सुरक्षा देने के लिए सुंदरपुखुरी में एक नया तटबंध बनाने की घोषणा की है।
मुख्यमंत्री ने बाढ़ प्रभावित लोगों को दिलाया भरोसा
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने प्रभावित लोगों को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार लगातार हालात पर नज़र रख रही है। उन्होंने कहा कि सरकार हर प्रभावित परिवार तक मदद पहुंचाने और उनके पुनर्वास को सुनिश्चित करने के लिए सभी ज़रूरी कदम उठाएगी। उन्होंने वादा किया कि बाढ़ प्रभावित इलाकों को फिर से बसाने और लोगों को सामान्य जीवन में लौटने में मदद करने के लिए हर संभव कोशिश की जाएगी।
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