भोपाल में सेना दिवस की राष्ट्रीय परेड, एयर शो से लेकर आधुनिक हथियारों का होगा प्रदर्शन

खबर सार :-

भोपाल में 15 जनवरी 2027 को सेना दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय समारोह का आयोजन किया जा रहा है। यहां पर सैन्य विमान हेलीकॉप्टरों, भारी भरकम टैंक और युद्ध क्षमता का प्रदर्शन किए जाने की तैयारी चल रही है।
भोपाल में सड़कों पर दौड़ेंगे 60 टन के टैंक, आकाश में दिखेंगे लड़ाकू विमान

खबर विस्तार : -

भोपाल, 15 जनवरी 2027 को सेना दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय समारोह मनाया जाएगा। इसके लिए सैन्य विमान हेलीकॉप्टरों, भारी भरकम टैंक और युद्ध क्षमता का प्रदर्शन करने की तैयारी चल रही है। इस पूरे आयोजन में करीब 40 करोड रुपए खर्च किए जाएंगे। 11 और 12 जनवरी की तारीख को भोपाल में इसका रिहर्सल भी कराया जाएगा।भोपाल में ऐसा आयोजन पहली बार हो रहा है। 

दरअसल, इसी दिन वर्ष 1949 में जनरल केएम करियप्पा ने भारतीय सेना के पहले भारतीय कमांडर-इन-चीफ के रूप में जिम्मेदारी संभाली थी। लेकिन, राष्ट्रीय सेना दिवस की परेड को अलग-अलग शहरों में आयोजित करने की शुरुआत वर्ष 2023 में हुई थी। पहली परेड बेंगलुरु में हुई।  2024 में लखनऊ, 2025 में पुणे और 2026 में जयपुर में आयोजन किया गया। अब 2027 में भोपाल को इसकी मेजबानी मिली है। इसी के तहत आयोजन की भव्यता के लिए तैयारी चल रही है।

यह भी पढ़ें :  देश में 2027 से प्रभावी होंगे 'भारतीय वायुयान नियम', केंद्र सरकार लागू करेगी नागर विमानन क्षेत्र के लिए नए नियम

भोपाल में पहली बार ऐसा आयोजन होने जा रहा

सेना दिवस के इस आयोजन के लिए जिन स्थानों पर टैंकों को गुजरना है, वहां की सड़कें दुरुस्त कराई जा रही हैं। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में पहली बार ऐसा आयोजन होने जा रहा है, इसलिए लोगों में जबरदस्त उत्साह भी है। खास बात यह है की सेना का शौर्य नागरिकों को भी देखने को मिलेगा। इसमें आधुनिकता के साथ तकनीकी और युद्ध कौशल की क्षमताओं का प्रदर्शन भी किया जाएगा। विश्व के सभी देशों में ऐेसे प्रदर्शन कराए जाते हैं। भारत में मध्य प्रदेश के चार प्रमुख स्थानों को सैन्य गतिविधियों के केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है।

नमें सभी स्थानों पर एक जैसी गतिविधि नहीं कराई जाएगी। हर स्थान पर अलग-अलग स्वरूपों को सामने लाया जाएगा। जंबूरी मैदान में आधुनिक सैन्य उपकरणों, सैन्य हथियारों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी। भोपाल में बड़े तालाब पर भी गतिविधियां देखने को मिलेंगी। यहां एयर शो के साथ जल आधारित प्रदर्शनी का आनंद उठाने का अवसर मिलेगा। बीएचईएल के कालीबाड़ी मार्ग पर 15 जनवरी को मुख्य परेड होगी। इस संबंध में सुदर्शन चक्र कोर के जीओसी लेफ्टिनेंट जनरल अरविंद चौहान का कहना है कि मध्य प्रदेश सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और सामरिक दृष्टि से देश का हिस्सा है। 

 डिवाइडर हटाने और सड़क पर खर्च किए जाएंगे 32 करोड़ 

सड़कों पर भारी भरकम टैंक गुजरते हैं। जहां कहीं भी सड़कों पर खामियां हैं, उनको दुरुस्त कराया जा रहा है। इनकी चौड़ाई करीब 15 मीटर करने की योजना है। हर टैंक का वजन 60 टन के करीब है। जिन स्थानों पर सड़कों का चौड़ीकरण होना है, वहां पर डिवाइडर हटाने और सड़क चौड़ीकरण करने में 32 करोड रुपए खर्च होने का अनुमान है। इसी तरह बिजली व्यवस्था के लिए भी बड़ा परिवर्तन किया जाना है। इसमें सड़कों पर आने वाले पुल हटाए जा रहे हैं। तारों की ऊंचाई बढ़ाई जा रही है। इस कार्य में करीब 6 करोड रुपए खर्च करने का प्रस्ताव है।

आयोजन में करीब 45000 दर्शक यहां पहुंच सकते

पूरे आयोजन में 40 करोड रुपए खर्च होने का अनुमान लगाया जा रहा है। 11 और 12 जनवरी को बड़े तालाब पर सैन्य अभ्यास और हवाई प्रदर्शन किया जाएगा। 15 जनवरी को होने वाले मुख्य परेड की रिहर्सल कराई जाएगी। 12 जनवरी तक जंबूरी मैदान में सैन्य उपकरण रखे जाएंगे। इस आयोजन में करीब 45000 दर्शक यहां पहुंच सकते हैं। तालाब में एकीकृत युद्ध प्रदर्शन के माध्यम से सेना की सामरिक क्षमता और विभिन्न परिस्थितियों में कार्रवाई का प्रदर्शन प्रस्तावित है।

भोपाल कलेक्टर प्रियंक मिश्रा के अनुसार, सेना दिवस परेड राष्ट्रीय स्तर का महत्वपूर्ण आयोजन है। गरिमा के अनुरूप कार्यक्रमों को लेकर तैयारियां की जा रही हैं। इनमें टीटी नगर स्टेडियम में शौर्य सांस्कृतिक कार्यक्रम और बड़े तालाब पर हवाई प्रदर्शन प्रस्तावित है। मुख्य परेड के लिए करीब 3.5 किलोमीटर लंबे मार्ग को सैन्य वाहनों के अनुरूप तैयार किया जा रहा है। 

यह भी पढ़ें : Chamoli Helicopter Crash: बद्रीनाथ धाम से छह लोगों को लेकर लौट रहा हेलीकॉप्टर क्रैश, रेस्क्यू जारी

अन्य प्रमुख खबरें