कीव : यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने नए साल की पूर्व संध्या पर अपने देश को संबोधित करते हुए कहा कि यूक्रेन युद्ध को खत्म करना चाहता है, लेकिन किसी भी हाल में कमजोर शांति समझौता स्वीकार नहीं करेगा। उनका कहना था कि ऐसा कोई समझौता नहीं होना चाहिए जिससे देश का भविष्य खतरे में पड़ जाए। जेलेंस्की का यह बयान ऐसे समय आया, जब रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने दोहराया कि उन्हें भरोसा है कि रूस इस युद्ध में जीत हासिल करेगा।
करीब 21 मिनट के अपने टीवी संबोधन में जेलेंस्की ने माना कि लगभग चार साल से चल रहे युद्ध के कारण यूक्रेन के लोग बहुत थक चुके हैं। उन्होंने कहा कि यह समय अवधि दूसरे विश्व युद्ध के दौरान कई यूक्रेनी शहरों पर जर्मनी के कब्जे से भी ज्यादा लंबी रही है। हालांकि, उन्होंने साफ किया कि थकान का मतलब हार मान लेना नहीं है। उन्होंने कहा, "यूक्रेन शांति चाहता है, लेकिन किसी भी कीमत पर नहीं। हम युद्ध का अंत चाहते हैं, यूक्रेन का अंत नहीं। अगर कोई सोचता है कि यूक्रेन थककर आत्मसमर्पण कर देगा, तो वह पूरी तरह गलत है।
यूक्रेनी राष्ट्रपति ने चेतावनी दी कि अगर किसी समझौते में मजबूत और भरोसेमंद सुरक्षा गारंटी नहीं होगी, तो वह शांति नहीं बल्कि युद्ध को और लंबा करेगा। उन्होंने कहा, "कमजोर समझौतों पर किया गया कोई भी साइन युद्ध को बढ़ावा देगा, जबकि मैं केवल मजबूत समझौते पर ही हस्ताक्षर करूंगा। जेलेंस्की ने बताया कि इस समय कूटनीतिक कोशिशें एक स्थायी और मजबूत शांति समझौते पर केंद्रित हैं। उन्होंने कहा कि हर बैठक, हर फोन कॉल और हर फैसला इसी मकसद से किया जा रहा है, ताकि लंबे समय तक टिकने वाली शांति मिल सके।
उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिका की अगुवाई में हुई बातचीत अब अपने अंतिम चरण में है। उन्होंने कहा, "शांति समझौता 90 प्रतिशत तैयार है। बचे हुए 10 प्रतिशत में सब कुछ है। यह शांति का भाग्य, यूक्रेन और यूरोप का भाग्य तय करेगा। हालांकि, उन्होंने स्वीकार किया कि अनसुलझे क्षेत्रीय मुद्दे अंतिम समझौते में मुख्य बाधा बने हुए हैं।
यूक्रेनी मीडिया के अनुसार, रूस इस समय यूक्रेन के करीब 19 प्रतिशत इलाके पर कब्जा किए हुए है, जो ज्यादातर दक्षिण और पूर्वी हिस्सों में है। रूस चाहता है कि यूक्रेन पूर्वी डोनबास क्षेत्र से पूरी तरह पीछे हट जाए, लेकिन जेलेंस्की ने इस मांग को खारिज कर दिया और इसे धोखा बताया। दूसरी ओर, रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने नए साल के मौके पर अपने सैनिकों को संबोधित करते हुए कहा कि रूस को जीत का पूरा भरोसा है। उन्होंने मोर्चे पर लड़ रहे सैनिकों को हीरो बताया और कहा कि रूस अपने लड़ाकों और कमांडरों पर विश्वास करता है और अंत में जीत हासिल करेगा।
अन्य प्रमुख खबरें
रूस ने ताइवान को फिर चीन का अटूट हिस्सा बताया, 'ताइवान की स्वतंत्रता' का विरोध
खालिदा जिया: भारत में जन्म, पाकिस्तान में बीता बचपन और बांग्लादेश की राजनीति में निर्णायक भूमिका
ताइवान में भूकंप से हिलीं गगनचुंबी इमारतें, राष्ट्रपति ने लोगों से की अलर्ट रहने की अपील
मॉब लिंचिंग से मचा अंतरराष्ट्रीय हंगामा: बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या पर कनाडा-अमेरिका भड़के
बांग्लादेश में 12 फरवरी को ही होंगे आम चुनाव : मुख्य सलाहकार प्रो. यूनुस
हमारा मिसाइल प्रोग्राम देश की सुरक्षा के लिए, ये चर्चा का विषय नहीं : ईरान
पाकिस्तान में सरकार के खिलाफ विपक्ष ने फूंका बिगुल: 8 फरवरी 2026 को देशव्यापी “ब्लैक डे”
मॉस्को में कार बम धमाका: रूसी सेना के शीर्ष अधिकारी की मौत, यूक्रेन पर संदेह
बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या का मामलाः 10 आरोपी गिरफ्तार, जगह-जगह चल रहे ऑपरेशन
वेनेजुएला पर सैन्य कार्रवाई पूरे लैटिन अमेरिका के लिए घातक होगी: लूला दा सिल्वा
Toshakhana Case: पूर्व PM इमरान खान और बुशरा बीबी को 17-17 साल की सजा, 1.64 करोड़ का जुर्माना भी लगा