Tech Layoffs 2026: अब तक 1 लाख से ज्यादा नौकरियां गईं, मई में करीब 29,000 कर्मचारियों की छंटनी

खबर सार :-
हाल ही में आई एक नई रिपोर्ट के मुताबिक वर्ष 2026 के शुरुआती पांच महीनों में टेक सेक्टर में करीब 1 लाख से ज्यादा नौकरियां खत्म हो चुकी हैं। जिसमें से केवल मई के महीने में लगभग 28,900 कर्मचारियों की छंटनी की गई है।
Tech Layoffs 2026: अब तक 1 लाख से ज्यादा नौकरियां गईं, मई में करीब 29,000 कर्मचारियों की छंटनी
खबर विस्तार : -

Tech layoffs 2026: लेऑफ डॉट एफवाईआई की रिपोर्ट के अनुसार, इस साल अब तक कुल 1,16,739 टेक कर्मचारी अपनी नौकरी गवां चुके हैं। नए आंकड़ों के मुताबिक मई 2025 में 10,577 नौकरियों की कटौती हुई थी, लेकिन मई में इस संख्या में भारी बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। यह आंकड़ां पिछले साल के मुकाबले दोगुने से कहीं ज्यादा है। अगर इसे महीने के तौर पर देखा जाए तो इस साल मार्च का महीने में छंटनी सबसे ज्यादा दर्ज की गई, जिसमें 46 हजार से ज्यादा कर्मचारियों को नौकरी से हाथ धोना पड़ा। छंटनी करने वाले कंपनी में उबर, मेटा, क्लाउडफ्लेयर, इंट्यूट, पेपाल, सिस्को, क्कोरा और कॉइनबेस जैसे दिग्गज कंपनिया शामिल हैं। 

 पीपल एंड प्लेसेस डिवीजन में 23 प्रतिशत की छंटनी 

 इन कंपनियों में उबर ने पीपल एंड प्लेसेस डिवीजन में 23 प्रतिशत कर्मचारियों की कटौती की। यह मानव संसाधन,भर्ती, कार्यस्थल सुविधा और कंपनी संस्कृति से जुड़े कार्यों को व्यवस्थित करती है। इसके अलावा बात करें मेटा की तो इसने अपने कर्मचारियों में 10 प्रतिशत की कटौती की है। इसके साथ ही करीब 7 हजार कर्मचारियों को एआई-आधारित कार्यों के लिए स्थानांतरित किया जा रहा है। पेपल ने अगले दो वर्षों के दौरान कंपनी के 20 प्रतिशत कर्मचारियों को हटाने का फैसला किया है, इसमें करीब 4,760 पदों को समाप्त किया जाएगा। कंपनी का उद्देश्य लागत में कमी कर एआई को अपनाने का है। 

 सिस्को में 5 प्रतिशत की छंटनी

अमेरिकी प्रौद्योगिकी कंपनी सिस्को ने अपनी कंपनी के 5 प्रतिशत कर्मचारियों की छटनी की है, जिसमें 4000 लोगों को निकाला जाएगा। कंपनी यह निवेश साइबर सुरक्षा, एआई निवेश और अन्य तकनीकी क्षेत्र में करना चाहती है। इसके साथ ही अमेरिका की ही दिग्गज कंपनी में शुमार क्लिकअप ने अपने कर्मचारियों की संख्या में 22 प्रतिशत की कटौती की है। इसका लक्ष्य एआई-आधारित भूमिकाओं के माध्यम से प्रोटक्टिविटी को सौ प्रतिशत तक बढ़ाना है। 

काम के तरीकों में बदलाव 

हाल की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि जनरेटिव एआई भारत के सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में बड़े स्तर पर नौकरियां खत्म नहीं कर रही है, बल्कि काम करने के तरीके में बदलाव लाना चाहती है, जिससे उत्पादकता में इजाफा हो। जिनके पास टेक और व्यवसायिक दोनों कौशल हैं, इस तरह के स्किल रखने वाले कर्मचारियों की मांग बढ़ रही है। 

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