स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहीं पद्म विभूषण तीजन बाई, रायपुर AIIMS में चल रहा इलाज
खबर सार :-
पद्म पुरस्कारों से सम्मानित और मशहूर लोक गायिका तीजन बाई की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें रायपुर के एम्स में भर्ती कराया गया है। उन्हें फेफड़ों में इंफेक्शन है और सांस लेने में कठिनाई हो रही है। डाॅक्टरों की एक विशेष टीम उनके स्वास्थ्य पर नजर रख रही है।
खबर विस्तार : -
रायपुर: पद्म विभूषण से सम्मानित और मशहूर पंडवानी गायिका तीजन बाई को अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद रायपुर के AIIMS अस्पताल में भर्ती कराया गया है; उनकी हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। डॉक्टर लगातार उनकी निगरानी कर रहे हैं और उन्हें मेडिकल इंटेंसिव केयर यूनिट (MICU) में रखा गया है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, 69 साल की तीजन बाई को बुधवार देर रात अस्पताल लाया गया था। उनकी तबीयत अचानक बहुत ज्यादा बिगड़ गई थी, जिसके बाद उनके परिवार और करीबी लोग उन्हें तुरंत AIIMS रायपुर ले गए। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उनकी जांच की और उनकी हालत की गंभीरता को देखते हुए उन्हें सीधे MICU में भर्ती कर लिया।
सांस लेने में हो रही दिक्कत
डॉक्टरों के अनुसार, मेडिकल रिपोर्ट्स से पता चलता है कि तीजन बाई कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रही हैं। उन्हें फेफड़ों का इन्फेक्शन है, जिससे उन्हें सांस लेने में दिक्कत हो रही है। इसके अलावा, इन्फेक्शन उनके खून में भी फैल गया है, जिसे मेडिकल भाषा में सेप्सिस कहा जाता है। डॉक्टरों का कहना है कि यह स्थिति बेहद गंभीर मानी जाती है, क्योंकि इससे शरीर के कई जरूरी अंगों पर बुरा असर पड़ सकता है। साथ ही, उनकी किडनी में भी कुछ दिक्कतें पाई गई हैं और उनका ब्लड प्रेशर लगातार कम बना हुआ है।
डाॅक्टरों की टीम रख रही नजर
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, उनकी हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है। उनकी देखभाल के लिए डॉक्टरों की एक खास टीम बनाई गई है। इस टीम में क्रिटिकल केयर एक्सपर्ट, पल्मोनोलॉजिस्ट (फेफड़ों के विशेषज्ञ), और हेमेटोलॉजिस्ट (खून से जुड़ी बीमारियों के विशेषज्ञ) शामिल हैं। सभी डॉक्टर चौबीसों घंटे उनकी हालत पर नजर रखे हुए हैं।
लोक कला 'पंडवानी' को दिलाई नई पहचान
तीजन बाई का जन्म 1956 में छत्तीसगढ़ के भिलाई के पास स्थित गनियारी गांव में हुआ था। उन्होंने छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोक कला 'पंडवानी' को एक नई पहचान दिलाई। पंडवानी एक अनोखी लोक कला है, जिसमें महाभारत की कहानियों को गाने और अभिनय के मेल से मंच पर प्रस्तुत किया जाता है।
पद्म पुरस्कारों से सम्मानित
देश के लिए उनके बहुत बड़े योगदान को देखते हुए भारत सरकार ने उन्हें 1988 में पद्म श्री से सम्मानित किया। इसके बाद, उन्हें 2003 में पद्म भूषण और 2019 में देश के दूसरे सबसे बड़े नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया। इसके अलावा, उन्हें संगीत नाटक अकादमी अवॉर्ड समेत कई दूसरे बड़े सम्मान भी मिले।
अन्य प्रमुख खबरें
-
jhansi-interstate-gang-police-cbi-gst-officer-arrested
2026-08-23
-
उज्जैन में सात समंदर पार से आए 3 विदेशी जोड़ों ने हिंदू रीति-रिवाज से की शादी
2026-08-23
-
चाकसू में किराना स्टोर पर मारपीट, बाजार बंद कर व्यापारियों का प्रदर्शन
2026-08-23
-
भीलवाड़ा में रक्षाबंधन से पहले मिठाई दुकानों पर छापा, 5 सैंपल लिए
2026-08-23
-
शाहपुरा जिला बहाली आंदोलन ने लिया चुनावी मोड़, चुनाव की तैयारी
2026-08-23
-
रसोइयों के लिए सीएम योगी ने की बड़ी घोषणा, किया सम्मानित
2026-08-23
-
कोलकाता अग्निकांड मामलाः पुलिस के हत्थे चढ़ा होटल का मालिक
2026-08-22
-
चार धाम यात्राः 6.68 लाख से अधिक तीर्थयात्री पहुंचे यमुनोत्री
2026-08-22
-
लेखपालों ने थाना समाधान दिवस का किया बहिष्कार, सौंपा ज्ञापन
2026-08-22
-
कचरा प्रबंधन से समृद्धि की मिसाल बनी पश्चिम चंपारण की डुमरी पंचायत
2026-08-22
-
IGKV पेपर लीक: एंटोमोलाॅजी की परीक्षा रद्द, प्रोफेसर समेत 6 गिरफ्तार
2026-08-22
-
राजनाथ सिंह ने अत्याधुनिक डायग्नोस्टिक सेंटर का किया उद्घाटन
2026-08-22
-
हिमाचल प्रदेश में बारिश से गिरा तापमान, कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट
2026-08-22
-
मिनी नंदिनी योजना: ई-लॉटरी पर उठे सवाल, अधर में चयन
2026-08-22
-
त्योहारों पर सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर पुलिस अलर्ट
2026-08-22