रामपुर: उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले में जिलाधिकारी (DM) अजय द्विवेदी की कार्यशैली इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। हाल ही में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम में जिलाधिकारी ने न केवल जनता की समस्याओं को सुना, बल्कि एक दिव्यांग बच्चे की मदद कर मानवीय संवेदनाओं की एक नई मिसाल पेश की है।
रामपुर में प्रशासन और जनता के बीच की दूरी को कम करने के उद्देश्य से आयोजित इस जनसुनवाई में शहर और ग्रामीण इलाकों से बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे। जिलाधिकारी अजय द्विवेदी ने हर एक फरियादी की बात को बेहद गंभीरता और धैर्य के साथ सुना। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की कोताही न बरती जाए और समस्याओं का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
इस कार्यक्रम के दौरान सबसे भावुक कर देने वाला पल तब आया, जब एक छोटा दिव्यांग बालक अपने परिजनों के साथ वहां पहुंचा। बच्चे की स्थिति और उसकी जरूरतों को देखते हुए जिलाधिकारी ने संवेदनशीलता दिखाई और तुरंत उसे ट्राई साइकिल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। जैसे ही बालक को नई ट्राई साइकिल मिली, उसके मासूम चेहरे पर मुस्कान खिल उठी। बच्चे के परिजनों ने जिलाधिकारी की इस त्वरित सहायता के लिए प्रशासन का हृदय से आभार व्यक्त किया।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि डीएम अजय द्विवेदी का काम करने का तरीका अन्य अधिकारियों से अलग है। वे न केवल फाइलों पर काम करते हैं, बल्कि धरातल पर जाकर लोगों की पीड़ा समझते हैं। जनसुनवाई में जिस प्रकार वे समस्याओं का मौके पर समाधान करा रहे हैं, उससे आम जनता का सरकारी तंत्र पर भरोसा और अधिक मजबूत हुआ है।
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