बाबा विश्वनाथ की नगरी में शक्ति आराधना की तैयारी, आधी रात के बाद से शैलपुत्री के दरबार में शुरू हुआ दर्शन-पूजन
खबर सार :-
आज से शारदीय नवरात्र का शुभ आरंभ हो गया है। भक्तों की कतार देवी के दर्शन में लग गई। रात से ही पूजा‘अर्चन शुरू कर दी गई थी
खबर विस्तार : -
वाराणसी, उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी काशी में शारदीय नवरात्र को लेकर देवी मंदिरों में चल रहीं तैयारियों को पूरा कर लिया गया। मंदिरों में शनिवार देर रात से ही श्रद्धालु माता शैलपुत्री के अलईपुर स्थित दरबार में पहुंचने लगे थे। करीब तीन दिन से श्रद्धालु अपनी पूजा की तैयारी करने में लगे रहे। आज जैसे ही तीन बने भक्तों ने नहा धोकर मंदिरों में पहंुचने लगे।
शारदीय नवरात्र में पहले दिन देवी शैलपुत्री के दर्शन पूजन का विधान है। मंदरों में नवरात्र के अवसर पर काफी भीड़ होती है। दूर-दूर से लोग आते हैं। इसीलिए मंदिरों की तैयारियों को परखने के लिए देर शाम अपर पुलिस आयुक्त शिवहरी मीणा भी यहां की सुरक्षा व्यवस्था देखने के लिए पहुंचे। कई और अधिकारियों को जब पता चला तो वह भी शैलपुत्री के दरबार में पहुंचे। उन्होंने मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था को परखा। अपर पुलिस आयुक्त ने निर्देश दिया कि मंदिर परिसर, प्रवेश-निकास द्वारों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए। लोगों से बात करते हुए आने वाली दिक्कतें क्या हो सकती हैं? वहां पर मौजद लोगों ने बताया कि अलग-अलग प्रवेश-निकास मार्ग बनाए जाएं।
ये भी पढ़ें :मेक इन इंडिया के 12 साल में बदली तस्वीर, इलेक्ट्रॉनिक्स-मोबाइल से डिफेंस तक बढ़ा उत्पादन
निगरानी के लिए सीसीटीवी को व्यस्त माध्यम बताया
मंदिर के करीब कोई वाहन से से न आ पाए, इसलिए बैरिकेडिंग किया जाना चाहिए। निगरानी के लिए सीसीटीवी को व्यस्त माध्यम बताया गया। कंट्रोल रूम से ज्यादा जोर यहां की पार्किंग व डायवर्जन की व्यवस्था की जाए। अधिकारियों ने बताया कि संदिग्ध व्यक्तियों, लावारिस वस्तुओं पर विशेष नजर रखनी होगी। कंट्रोल रूप से किसी को जुड़ना पड़ेंगा। अधिकारियों ने बताया कि मंदिर के पास ही महिला पुलिस की तैनाती की जा रही है। एनाउंस करने के अलावा लोगों से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान देने की जरूरत नहीं है। इस दौरान पुलिस उपायुक्त काशी जोन गौरव बंसवाल, एडीएम सिटी राजेश कुमार व थाना प्रभारी मौजूद रहे।
दरअसल, शारदीय नवरात्र के पहले दिन मां दुर्गा के प्रथम स्वरूप शैलपुत्री की पूजा अर्चना की जाती है। ऐसी मान्यता है कि शैलपुत्री का जन्म पर्वतराज हिमालय के वहां पुत्री रूप में हुई। मां शैलपुत्री को अखंड सौभाग्य का प्रतीक भी कहते हैं। जब-जब धरती पर अत्याचार हुआ, मां दुर्गा ने अवतार लिया। देवासुर संग्राम में भी प्रथम दिन शैलपुत्री का रूप धारण किया और असुरों को नष्ट कर दिया। ऐसी मान्यता भी है कि वह पूर्व जन्म में प्रजापति दक्ष की कन्या के रूप में प्रकट हुईं थीं। तब लोग इनको सती के नाम से पुकारा करते थे। भोले नाथ से इनका विवाह हुआ। भगवती का रूप, उनका पहनावा और हाथों पर शस्त्र देख पाप करने वाला यह रूप ही देखकर डर जाता।
दाहिने हाथ में त्रिशूल और बायें हाथ में कमल सुशोभित
जब वह अपना रूप दिखाती हैं, उस समय लोेग कांप जाते हैं। उनके दाहिने हाथ में त्रिशूल और बायें हाथ में कमल सुशोभित है। नवरात्र पर कुछ खास मंदिरों में पूजा-अर्चना की जाती है। इन मंदिरों में मां विंध्यवासिनी मंदिर मीरजापुर क काफी प्रसिद्ध स्थान है। यह उत्तर प्रदेश के प्रमुख शक्तिपीठों में से एक है। इस मंदिर में पूजा अर्चना के साथ नवरात्रि पर भव्य मेला और विशेष धार्मिक आयोजन होते हैं। बलरामपुर का देवीपाटन मंदिर तुलसीपुर में स्थित है। विशालाक्षी देवी मंदिर वाराणसी के मणिकर्णिका घाट के पास स्थित है।
यह मंदिर भी प्रमुख शक्तिपीठों में से एक है।यह मंदिर शक्तिपीठों में शामिल है। हर धार्मिक अवसर पर यहां नवरात्रि पर विशेष अनुष्ठान और लंबा मेला लगता है। मां ललिता देवी मंदिर सीतापुर (नैमिषारण्य) में स्थित है। इसे 52 शक्तिपीठों में से एक माना गया है। मान्यता है कि यहां माता सती का हृदय गिरा था। शाकंभरी देवी मंदिर सहारनपुर में है। इस प्रसिद्ध मंदिर में नवरात्रि के दौरान दूर-दूर से भक्त माता के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। इसी तरह से शैलपुत्री मंदिर वाराणसी के काशी के अलईपुर में स्थित है। इस मंदिर में नवरात्रि के पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा होती है।
ये भी पढ़ें : Gold-Silver Price : इस हफ्ते सोने के दाम में भारी बढ़ोतरी, चांदी भी 2.21 लाख के पार
अन्य प्रमुख खबरें
-
Panchang 11 October 2026: रविवार 11 अक्टूबर 2026 का पंचांग
2026-10-10
-
Aaj Ka Rashifal 11 October 2026 : इन राशियों को आज होगा आर्थिक लाभ
2026-10-10
-
Shardiya Navratri का रविवार से शुभारंभ, जानें मां दुर्गा के आगमन का वाहन
2026-10-10
-
Panchang 10 October 2026: शनिवार 10 अक्टूबर 2026 का पंचांग
2026-10-09
-
Aaj Ka Rashifal 10 October 2026 : इन राशियों को आज होगा आर्थिक लाभ
2026-10-09
-
Panchang 9 October 2026: शुक्रवार 9 अक्टूबर 2026 का पंचांग
2026-10-08
-
Aaj Ka Rashifal 9 October 2026 : इन राशियों को आज होगा आर्थिक लाभ
2026-10-08
-
सर्वपितृ अमावस्या पर सिर्फ ये काम करने से पितरों का मिलेगा आशीर्वाद
2026-10-08
-
पश्चिम बंगाल में सबसे अधिक हैं शक्तिपीठ, नवरात्रि में करें दर्शन
2026-10-08
-
Shardiya Navratri 2026: 11 अक्टूबर से शुरु हो रही शारदीय नवरात्रि
2026-10-08
-
Panchang 8 October 2026: गुरुवार 8 अक्टूबर 2026 का पंचांग
2026-10-07
-
Aaj Ka Rashifal 8 October 2026 : इन राशियों को आज होगा आर्थिक लाभ
2026-10-07
-
Panchang 7 October 2026: बुधवार 7 अक्टूबर 2026 का पंचांग
2026-10-06
-
Aaj Ka Rashifal 7 October 2026 : इन राशियों को आज होगा आर्थिक लाभ
2026-10-06
-
Panchang 6 October 2026: मंगलवार 6 अक्टूबर 2026 का पंचांग
2026-10-05