Bakrid in Uttar Pradesh : बकरीद की छुट्टी को लेकर आशंकाओं के बादल छट गए, 28 को बंद रहेंगे स्कूल और दफ्तर!

खबर सार :-
Bakrid in Uttar Pradesh :उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने बकरीद की छुट्टी की तारीख में बड़ा बदलाव किया है। पहले 27 मई को होने वाला सार्वजनिक अवकाश अब बदल गया है। जानिए अब किस तारीख को बंद रहेंगे यूपी के स्कूल, कॉलेज और सरकारी दफ्तर और क्या हैं मुस्लिम धर्मगुरुओं की गाइडलाइंस।
Bakrid in Uttar Pradesh : बकरीद की छुट्टी को लेकर आशंकाओं के बादल छट गए, 28 को बंद रहेंगे स्कूल और दफ्तर!
खबर विस्तार : -

 लखनऊ: उत्तर प्रदेश में त्योहारों की छुट्टियों को लेकर अक्सर संशय की स्थिति बन जाती है, लेकिन इस बार योगी सरकार ने वक्त रहते सभी उलझनों को दूर कर दिया है। राज्य में ईद-उल-अजहा यानी बकरीद के त्योहार पर दिए जाने वाले सार्वजनिक अवकाश को लेकर चल रही तमाम अटकलों पर अब पूरी तरह से विराम लग चुका है। उत्तर प्रदेश की शासन व्यवस्था ने पहले से तय छुट्टी की तारीख में एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है, जिसके तहत अब पूरे राज्य में Bakrid Holiday in UP की तारीख बदल दी गई है। सरकारी घोषणा के अनुसार, पूर्व में निर्धारित की गई तारीख को निरस्त करते हुए अब नई तिथि पर पूरे सूबे में सरकारी बंद का ऐलान किया गया है।

 Bakrid in Uttar Pradesh : क्यों बदला गया फैसला? जानिए असल वजह

उत्तर प्रदेश सरकार के प्रशासनिक अमले द्वारा जारी किए गए संशोधित आधिकारिक पत्र के मुताबिक, पहले प्रदेश में 27 मई को बकरीद का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया गया था। परंतु, इस्लामिक कैलेंडर के अनुसार चांद के दीदार (Moon Sighting) और त्योहार की वास्तविक तिथि को ध्यान में रखते हुए सरकार ने अपने इस निर्णय में संशोधन किया है। अब नई अधिसूचना के तहत पूरे उत्तर प्रदेश में 28 मई को आधिकारिक तौर पर Bakrid Holiday in UP रहेगा। इस बदलाव के बाद अब सूबे के सभी सरकारी कार्यालय, निजी व शासकीय स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय और अन्य वित्तीय संस्थान 28 मई को पूरी तरह से बंद रहेंगे। शासन ने साफ किया है कि यह निर्णय आम जनता और त्योहार मनाने वाले नागरिकों की सहूलियत को देखकर लिया गया है।

 Bakrid in Uttar Pradesh : धर्मगुरुओं ने तय किया नमाज का वक्त, की विशेष अपील

इस प्रशासनिक बदलाव के बीच देश और प्रदेश के प्रमुख मुस्लिम विद्वानों ने भी त्योहार को लेकर अपनी तैयारियां और दिशा-निर्देश साझा किए हैं। इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया के अध्यक्ष और मशहूर सुन्नी धर्मगुरु मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने इस विषय पर जानकारी देते हुए बताया कि लखनऊ के ऐशबाग स्थित ऐतिहासिक ईदगाह में बकरीद की मुख्य नमाज 28 मई को सुबह ठीक 10 बजे अदा की जाएगी। उन्होंने समुदाय के लोगों से बेहद खास अपील करते हुए कहा कि सभी लोग समय का विशेष ध्यान रखें और नमाज के लिए निर्धारित समय से पहले ईदगाह पहुंचने की कोशिश करें, ताकि किसी भी तरह की अफरा-तफरी से बचा जा सके।

इसके साथ ही सुरक्षा और यातायात व्यवस्था (Traffic System) को बनाए रखने के लिए शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जवाद और मरकजी शिया चांद कमेटी के सदर मौलाना सैफ अब्बास नकवी ने भी सुर में सुर मिलाया है। इन सभी धर्मगुरुओं ने स्पष्ट किया है कि मजहबी परंपराओं का निर्वहन करने के साथ-साथ हर नागरिक की यह नैतिक और सामाजिक जिम्मेदारी (Social Responsibility) है कि वह प्रशासनिक नियमों का पूरी कड़ाई से पालन करे।

Bakrid in Uttar Pradesh : सड़कों पर नमाज नहीं, खुले में कुर्बानी पर सख्त मनाही

त्योहार के दौरान अक्सर लगने वाले लंबे जाम और अव्यवस्था से निपटने के लिए इस बार कड़े कदम उठाए गए हैं। मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली सहित दरगाह शाहमीना शाह में आयोजित पीस कमेटी (Peace Committee) की बैठक में मौजूद प्रबुद्ध जनों ने स्पष्ट रूप से कहा है कि कोई भी व्यक्ति सड़कों पर बैठकर नमाज अदा नहीं करेगा। नमाज केवल मस्जिदों और ईदगाह परिसर के भीतर ही पढ़ी जाएगी ताकि आम राहगीरों को किसी तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े।

इसके अतिरिक्त, त्याग और समर्पण के इस पर्व पर दी जाने वाली कुर्बानी को लेकर भी विशेष गाइडलाइंस जारी की गई हैं। सभी धर्मगुरुओं ने सामूहिक रूप से मुस्लिम समाज से अपील की है कि जानवरों की कुर्बानी केवल प्रशासन द्वारा चिन्हित और निर्धारित स्थानों पर ही की जाए। किसी भी सार्वजनिक या खुले स्थान पर कुर्बानी देने की सख्त मनाही है। साथ ही, कुर्बानी के बाद बचने वाले अवशेषों को सड़कों या खुले नालों में फेंकने के बजाय नगर निगम (Municipal Corporation) द्वारा रखे गए विशेष कूड़ेदानों में ही डाला जाए, जिससे गंदगी और बीमारियां न फैलें।

Bakrid in Uttar Pradesh : प्रशासन पूरी तरह अलर्ट, चप्पे-चप्पे पर होगी नजर

आगामी त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस और स्थानीय प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। संवेदनशील इलाकों और सभी प्रमुख ईदगाहों के आसपास सुरक्षा घेरा बेहद मजबूत किया जा रहा है। दरगाह शाहमीना शाह की बैठक में पहुंचे एडीसीपी पश्चिम धनंजय सिंह कुशवाहा और एसीपी चौक राजकुमार सिंह ने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अधिकारियों ने आश्वस्त किया है कि पर्व के दौरान साफ-सफाई, निर्बाध बिजली आपूर्ति और पेयजल की अतिरिक्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए नगर निगम और संबंधित विभागों को कड़े निर्देश दे दिए गए हैं, ताकि Bakrid Holiday in UP के दौरान आम जनता को किसी भी तरह की परेशानी न हो।

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