झांसी: काली सरकार मंदिर में बाबा बनकर रह रहा हरदोई का हिस्ट्रीशीटर गिरफ्तार, नाम बदलकर छिपाई थी पहचान

खबर सार :-

झांसी के मऊरानीपुर स्थित कुरैंचा गांव के काली सरकार मंदिर से हरदोई के हिस्ट्रीशीटर प्रदीप शुक्ला को गिरफ्तार किया गया। पुराने मामलों में स्थायी वारंट जारी थे।
झांसी में बाबा बनकर रह रहा हरदोई का हिस्ट्रीशीटर गिरफ्तार

खबर विस्तार : -

झांसीः उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में पुलिस ने कई वर्षों से पहचान छिपाकर रह रहे हरदोई के एक हिस्ट्रीशीटर को गिरफ्तार किया है। आरोपी मऊरानीपुर थाना क्षेत्र के कुरैंचा गांव स्थित काली सरकार मंदिर में बाबा बनकर रह रहा था। पुलिस के मुताबिक, उसने अपनी असली पहचान छिपाकर सत्यानंद शुक्ला उर्फ काली सरकार के नाम से पहचान बना ली थी। हरदोई के पुराने मुकदमों में न्यायालय से स्थायी वारंट जारी होने के बाद भी वह लंबे समय से गिरफ्तारी से बच रहा था। मऊरानीपुर पुलिस और हरदोई की शहर कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने 10 अक्टूबर को कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया।

प्रदीप शुक्ला उर्फ नटरोज के रूप में हुई पहचान

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी की पहचान प्रदीप शुक्ला उर्फ नटरोज शुक्ला पुत्र मायाराम शुक्ला, निवासी चौहान थोक, थाना शहर कोतवाली, जिला हरदोई के रूप में हुई है। वह हरदोई शहर कोतवाली का हिस्ट्रीशीटर नंबर 36ए बताया गया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी के खिलाफ दर्ज पुराने आपराधिक मामलों में न्यायालय से स्थायी वारंट जारी थे। इन्हीं वारंट के आधार पर उसकी तलाश की जा रही थी। जांच के दौरान पुलिस को उसके झांसी जिले के मऊरानीपुर क्षेत्र में छिपे होने की जानकारी मिली, जिसके बाद गिरफ्तारी की योजना बनाई गई।

लूट और मारपीट के पुराने मामलों में थी तलाश

पुलिस के मुताबिक, आरोपी हरदोई की शहर कोतवाली में दर्ज दो पुराने मामलों में वांछित था। इन मामलों में न्यायालय की ओर से स्थायी वारंट जारी किए गए थे।पहला मामला मुकदमा संख्या 165/14 और अपराध संख्या 465/93 से संबंधित है। इसमें भारतीय दंड संहिता की धारा 394, 397 और 411 के तहत मामला दर्ज था। ये धाराएं लूट के दौरान चोट पहुंचाने, गंभीर लूट और चोरी की संपत्ति से संबंधित अपराधों से जुड़ी हैं। वहीं, दूसरा मामला मुकदमा संख्या 4071/2018 और अपराध संख्या 304/98 से संबंधित बताया गया है। इसमें भारतीय दंड संहिता की धारा 324 के तहत कार्रवाई लंबित थी। यह धारा खतरनाक हथियारों या साधनों से जानबूझकर चोट पहुंचाने से संबंधित है। पुलिस इन मामलों में जारी न्यायालयी वारंट के आधार पर आरोपी की तलाश कर रही थी। गिरफ्तारी के बाद उसे आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए हरदोई पुलिस को सौंप दिया गया।

कुरैंचा गांव के मंदिर में बाबा बनकर रह रहा था आरोपी

जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि प्रदीप शुक्ला ने झांसी जिले के मऊरानीपुर थाना क्षेत्र के कुरैंचा गांव स्थित काली सरकार मंदिर में अपना ठिकाना बना रखा है। यहां वह सत्यानंद शुक्ला उर्फ काली सरकार के नाम से संत के रूप में रह रहा था। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने अपनी असली पहचान छिपाकर कई वर्षों तक मंदिर में निवास किया। इस दौरान वह पुराने मामलों में जारी स्थायी वारंट के बावजूद गिरफ्तारी से बचता रहा। सूचना की पुष्टि और आवश्यक समन्वय के बाद पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई की तैयारी की।

मऊरानीपुर और हरदोई पुलिस की संयुक्त कार्रवाई

झांसी के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विकास कुमार के निर्देशन में वांछित और वारंटी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत मऊरानीपुर पुलिस ने हरदोई की शहर कोतवाली पुलिस के साथ समन्वय स्थापित किया। संयुक्त टीम ने 10 अक्टूबर को कुरैंचा गांव स्थित काली सरकार मंदिर में कार्रवाई कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी की गईं और उसे हरदोई से आई पुलिस टीम के सुपुर्द कर दिया गया। इसके बाद हरदोई पुलिस उसे न्यायालय में पेश करने के लिए रवाना हुई।

वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में हुई कार्रवाई

पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई कानपुर जोन के अपर पुलिस महानिदेशक अनुपम कुलश्रेष्ठ, झांसी परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक आकाश कुलहरि और झांसी के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विकास कुमार के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। क्षेत्राधिकारी मऊरानीपुर रत्नेश सिंह ने बताया कि संयुक्त पुलिस टीम ने न्यायालय से जारी स्थायी वारंट के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया है। नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए उसे हरदोई पुलिस को सौंप दिया गया है। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद अब आरोपी को पुराने मामलों में न्यायालय के समक्ष पेश किए जाने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। 

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